
✍️ भागीरथी यादव
एमसीबी/मनेन्द्रगढ़।
युवाओं को नशे की गिरफ्त से बाहर निकालने और अवैध मादक पदार्थों की तस्करी पर प्रभावी नियंत्रण के उद्देश्य से मनेन्द्रगढ़ पुलिस द्वारा लगातार सख्त अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में थाना प्रभारी दीपेश सैनी के नेतृत्व में पुलिस टीम ने नशीले इंजेक्शन की तस्करी करते हुए एक विधि से संघर्षरत नाबालिग को पकड़ने में बड़ी सफलता हासिल की है।
पुलिस अधीक्षक रत्ना सिंह के निर्देश तथा एसडीओपी अलेक्सियुस टोप्पो के मार्गदर्शन में सायबर सेल मनेन्द्रगढ़ और सिटी कोतवाली मनेन्द्रगढ़ की संयुक्त टीम गठित कर यह कार्रवाई की गई। 12 जनवरी 2026 को मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मौहारपारा रेलवे ब्रिज के पास घेराबंदी कर संदिग्ध नाबालिग को पकड़ा।
तलाशी के दौरान आरोपी के कब्जे से 19 नग एविल इंजेक्शन (10 एमएल) एवं 46 नग ब्यूप्रेनॉर्फीन इंजेक्शन (0.5 एमएल) बरामद किए गए, जिनकी अनुमानित कीमत लगभग 60 हजार रुपये बताई जा रही है। नशीले इंजेक्शन के संबंध में कोई वैध दस्तावेज प्रस्तुत नहीं किए जाने पर मौके पर ड्रग इंस्पेक्टर आलोक मिंज को बुलाया गया। जांच में एनडीपीएस एक्ट की धारा 22(सी) का उल्लंघन पाया गया।
इसके बाद विधि से संघर्षरत किशोर को विधिवत गिरफ्तार कर माननीय किशोर न्यायालय बोर्ड, बैकुण्ठपुर में न्यायिक रिमाण्ड पर प्रस्तुत किया गया। प्रारंभिक पूछताछ में नाबालिग ने स्वीकार किया कि वह पहले स्वयं नशे का आदी था और बाद में आर्थिक लालच में आकर नशीले इंजेक्शन की बिक्री करने लगा।
उल्लेखनीय है कि इससे पूर्व भी मनेन्द्रगढ़ और चिरमिरी पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए नशीले इंजेक्शन की बड़े पैमाने पर आपूर्ति करने वाले फरार आरोपी शुभम यादव को हैदराबाद से गिरफ्तार कर जेल भेजा था।
पुलिस ने अभिभावकों से अपील की है कि वे अपने बच्चों की गतिविधियों पर नजर रखें और उन्हें नशे से दूर रखने में सहयोग करें। एमसीबी पुलिस ने स्पष्ट किया है कि नशे के अवैध कारोबार में संलिप्त किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा और आगे भी ऐसी कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।
इस कार्रवाई में प्रभारी साइबर सेल निरीक्षक विवेक पाटले, थाना प्रभारी निरीक्षक दीपेश सैनी, प्रिंस राय एवं नवीन तिवारी की सराहनीय भूमिका रही।
इनका कहना है
थाना प्रभारी दीपेश सैनी ने कहा कि अवैध नशीले पदार्थों के खिलाफ पुलिस की मुहिम निरंतर जारी है। नशे के इस अवैध नेटवर्क को पूरी तरह तोड़ा जाएगा। उन्होंने नागरिकों से अपील की कि यदि कहीं भी नशीले पदार्थों की तस्करी या बिक्री की जानकारी मिले तो तुरंत पुलिस को सूचित करें। सूचना देने वाले की पहचान पूर्ण रूप से गोपनीय रखी जाएगी।





