
✍️ भागीरथी यादव
सीएसईबी इरेक्टर हॉस्टल में हुई बैठक, 6 फीट सड़क खोलने का निर्णय
कोरबा (दर्री)।
कोरबा जिले के दर्री क्षेत्र अंतर्गत स्याहीमुड़ी–रामनगर से सीएसईबी कॉलोनी जाने वाला महत्वपूर्ण मार्ग सीएसईबी प्रबंधन द्वारा मलबा डालकर बंद कर दिया गया था। इस मनमाने निर्णय से सैकड़ों स्थानीय नागरिकों का जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया था। स्कूली बच्चों, बुजुर्गों, महिलाओं और आपातकालीन सेवाओं को भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा था।
सीएसईबी प्रबंधन की उदासीनता से निराश स्थानीय निवासियों ने पूर्व राजस्व मंत्री एवं वरिष्ठ जननेता श्री जयसिंह अग्रवाल पर भरोसा जताते हुए अपनी पीड़ा उनके समक्ष रखी। सूचना मिलते ही जयसिंह अग्रवाल ने बिना किसी देरी के मोर्चा संभाला और सीएसईबी के उच्च अधिकारियों से सीधे बातचीत कर जनहित का पक्ष मजबूती से रखा।
पूर्व मंत्री जयसिंह अग्रवाल के हस्तक्षेप के बाद सीएसईबी इरेक्टर हॉस्टल में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई, जिसमें मुख्य अभियंता, अतिरिक्त मुख्य अभियंता, आरसीएफ सहित सीएसईबी के अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक में जनहित से जुड़े सभी पहलुओं पर विस्तार से चर्चा की गई।
बैठक के उपरांत आपसी सहमति से यह निर्णय लिया गया कि स्याहीमुड़ी–रामनगर से सीएसईबी कॉलोनी की ओर न्यूनतम 6 फीट चौड़ी सड़क तत्काल खोली जाएगी, ताकि स्थानीय लोगों की आवाजाही पुनः सुचारू रूप से बहाल हो सके।
महज औपचारिकता तक सीमित न रहकर पूर्व मंत्री जयसिंह अग्रवाल स्वयं मौके पर पहुंचे, स्थानीय नागरिकों के साथ खड़े होकर स्थिति का जायजा लिया निर्णय को जमीन पर उतरवाया। उनके इस जमीनी, संवेदनशील और निर्भीक नेतृत्व से क्षेत्रवासियों में नया विश्वास जगा है।
स्थानीय लोगों ने एक स्वर में कहा कि जयसिंह अग्रवाल सत्ता में न होते हुए भी जनता के लिए ढाल बनकर खड़े रहते हैं। उन्होंने यह साबित कर दिया कि सच्चा जननेता वही होता है, जो हर परिस्थिति में आम आदमी के साथ खड़ा हो।
क्षेत्रवासियों ने पूर्व मंत्री जयसिंह अग्रवाल का आभार व्यक्त करते हुए सीएसईबी प्रबंधन से भविष्य में बिना वैकल्पिक व्यवस्था दिए किसी भी जनमार्ग को अवरुद्ध न करने की मांग भी की है।






