
✍️ भागीरथी यादव
दुर्ग। पुलिस विभाग में भ्रष्टाचार के खिलाफ सख्त रुख अपनाते हुए एसएसपी विजय अग्रवाल ने नंदिनी थाना में पदस्थ प्रधान आरक्षक बद्री सिंह भुवाल को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। आरोप है कि सड़क दुर्घटना में मृत व्यक्ति के परिजनों से एफआईआर दर्ज करने के बदले प्रधान आरक्षक ने 5 हजार रुपये की रिश्वत ली थी।
मृतक के परिजनों ने इस मामले की लिखित शिकायत सीधे एसएसपी से की थी। शिकायत की गंभीरता को देखते हुए एसएसपी ने तत्काल जांच टीम गठित की। जांच के दौरान आरोप सही पाए गए और रिश्वत लेने की पुष्टि हुई।
एसएसपी विजय अग्रवाल ने स्पष्ट संदेश देते हुए कहा कि पुलिस विभाग में भ्रष्टाचार किसी भी स्तर पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। जीरो टॉलरेंस नीति के तहत दोषी प्रधान आरक्षक को निलंबित कर विभागीय कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
इस कार्रवाई से पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है और आम जनता में यह संदेश गया है कि कानून के रक्षक अगर कानून तोड़ेंगे तो उनके खिलाफ भी सख्त कार्रवाई होगी।






