कोरबी चोटिया :-देश के आजादी की78वीं स्वतंत्रता दिवस पर कोरबी चोटिया, लाद, पाली, जल्के, सहित सिरमिना,व विभिन्न गांवों में स्वतंत्रता दिवस समारोह की धूम रही, पुलिस चौकी, ग्राम पंचायत भवन कोरबी, आदिवासी सेवा सहकारी समिति, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, एवं स्वामी आत्मानंद स्कूल। व विभिन्न शिक्षण संस्थाओं एवं गैर शैक्षणिक संस्थाओं पर शान से तिरंगा फहरा कर शहीदों को नमन किया गया इस मौके पर राष्ट्रगान गाकर देश की आजादी को सुरक्षा के साथ सामाजिक एकता और भाईचारे का संकल्प लिया गया,
पुलिस चौकी में सुरेश कुमार जोगी प्रभारी के द्वारा ध्वजारोहण कर सलामी दी गई, व राष्ट्रगान के बाद अमर शहीदों को स्मरण कर उन्हें याद कर अमर रहे के नारे लगाएं, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में डॉ एच के नायक, ने अपने समस्त स्टाफ की उपस्थिति में तिरंगा फहराह कर राष्ट्रीय तिरंगे को सलामी दी, ग्राम पंचायत भवन में सरपंच राजू राम मरावी, ने ध्वजारोहण किया पंचायत कार्यालय 78वीं स्वतंत्रता दिवस के उपलक्ष्य में स्वतंत्रता दिवस पर ग्राम पंचायत कोरबी के सरपंच राजूराम मरावी ने महात्मा गांधी के चित्र पर माल्यार्पण कर राष्ट्रीय ध्वज को फहराया व तिरंगे को सलामी दी पंचायत के सचिव मोती सिंह कोराम, उपसरपंच मुरारी लाल जायसवाल, व समस्त पंच गणों ने राष्ट्रगान गाकर तिरंगे को सलामी दी, ग्राम पंचायत रोदे, में सरपंच सुशीला कंवर ने पंचायत भवन में ध्वजारोहण किया एवं आश्रित ग्राम फुलसर, प्राथमिक शाला में उपसरपंच इतवार साय, ने विद्यालय में शान से तिरंगा फहरा कर शहीदों को नमन किया इस मौके पर सबने मिलकर राष्ट्रगान गाया और देश की आजादी की सुरक्षा के साथ सामाजिक एकता भाईचारे का संकल्प लिया, जिसमें मुख्य रूप से अनीता वाजपेई प्रधान पाठक, सरपंच प्रतिनिधि हार सिंह कंवर, सचिव पवन सिंह कंवर, एवं पालक गण मुख्य रूप से उपस्थित थे,
ग्राम लाद हाई स्कूल में प्राचार्य जे एल जगत, ने ध्वजारोहण किया एवं स्कूली छात्र-छात्राओं के द्वारा विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए गए, तथा ग्राम पंचायत पाली के हाई स्कूल में प्राचार्य गंगाराम कुर्रे ने ध्वजारोहण किया इस दौरान सरपंच सुमार सिंह, एवं जनप्रतिनिधि गढ़ व पालक उपस्थित थे, इस अवसर पर विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए गए!
ग्राम पंचायत सिरमिना के स्वामी आत्मानंद हायर सेकेंडरी स्कूल में प्राचार्य शशि किरण एक्का, ने शान से तिरंगा फहरा कर शहीदों को नमन किया, इस अवसर पर उपस्थित पालक शिक्षण स्टाफ एवं स्कूली छात्र-छात्राओं ने गांव की गलियों से प्रभात फेरी निकाल कर विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए गए, व ग्राम के ही आदिवासी सेवा सहकारी समिति में ध्वजारोहण रवि मरकाम के द्वारा किया गया , एवं जनपद सदस्य कमला पेंद्रो सरपंच पति कैलाश श्याम, के द्वारा विधिवत भारत माता एवं महापुरुषों के तैल चित्र पर माल्यार्पण कर विधिवत रुप से राष्ट्रीय गान के साथ समिति केसदस्यों ने कार्यक्रम को संपन्न कराया, इस अवसर पर जन प्रतिनिधि देवतुल्य किसान गणमान्य वरिष्ठ नागरिक एवं समिति के प्रबंधक आनंद कौशिक, एवं स्टॉप गणों की गरिमा मयी उपस्थित रही तत्पश्चात मिष्ठान वितरण किया गया,
सिमगा – हायर सेकेंडरी स्कूल में प्राचार्य बद्री प्रसाद टंडन, ने किया ध्वजारोहण विद्यालय में स्कूली बच्चों के द्वारा विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए गए थे जिसमें साला प्रबंधन समिति के अध्यक्ष जयकुमार सिदार एवं जनपद सदस्य भारत सिंह,व गणमान्य नागरिक पालक गंण मुख्य रूप से उपस्थित रहे, ग्राम पंचायत जलके, के पंचायत कार्यालय में 78वीं स्वतंत्रता दिवस पर ग्राम के सरपंच श्रीमती फुलेश्वरी राज, ने महात्मा गांधी के चित्र पर माल्यार्पण कर राष्ट्रीय ध्वज को फहराया व तिरंगे को सलामी दी पंचायत के सचिव जितेंद्र सिंग, उपसरपंच राजेंद्र सिंह, सरपंच प्रतिनिधि नरेंद्र राज, सहित गणमान्य नागरिक उपस्थित थे,
चोटिया, मोरगा, वनांचल ग्रामीण क्षेत्रों में धूमधाम से फहराया गया तिरंगा,
आजादी के 78वीं स्वतंत्रता दिवस पर ग्राम पंचायत चोटिया में सरपंच श्रीमती प्यारो बाई, ने पंचायत भवन में ध्वजारोहण किया एवं प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में डॉ अमित जायसवाल ने झंडा फहराया इस मौके पर राष्ट्रगान गाकर देश की आजादी की सुरक्षा के साथ सामाजिक एकता और भाईचारे का संकल्प लिया गया इस अवसर पर सरपंच प्रतिनिधि राय सिंह बिंझवार, उपसरपंच राजदीप साहू, सचिव जगतपाल सिंह, एवं ग्राम के गणमान्य नागरिक उपस्थित थे, तथा जिले के सरहदी ग्राम पंचायत मोरगा, मदनपुर,अरसियां उछलेंगा,खिरटी,केंदई,साखो, में स्वतंत्रता दिवस बड़ी धूमधाम के साथ मनाया गया!
डोंगरगढ़: मड़ई मेले में खूनी संघर्ष, आयोजन समिति के सदस्य पर जानलेवा हमला; ‘आदिवासी नेता’ समेत 7 गिरफ्तार
बोरतलाव | 25 जनवरी, 2026 डोंगरगढ़ के बोरतलाव थाना क्षेत्र में पारंपरिक ‘मड़ई मेले‘ का उल्लास उस वक्त मातम और दहशत में बदल गया, जब एक सांस्कृतिक कार्यक्रम के दौरान आयोजन समिति के सदस्य पर धारदार हथियार से प्राणघातक हमला कर दिया गया। पुलिस ने इस मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी और कथित आदिवासी नेता उदय नेताम समेत 7 आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। विवाद की जड़: मंच पर हुल्लड़बाजी और समझाइश घटना रविवार रात की है। ग्राम बोरतलाव में वार्षिक मड़ई के उपलक्ष्य में सांस्कृतिक प्रस्तुतियां चल रही थीं। चश्मदीदों के मुताबिक, ग्राम बुढ़ानछापर निवासी उदय नेताम अपने पुत्र के साथ मंच पर चढ़कर शोर-शराबा करने लगा। जब आयोजन समिति के सदस्य बशीर मोहम्मद और अन्य साथियों ने उसे अनुशासन बनाए रखने और मंच से उतरने की समझाइश दी, तो विवाद बढ़ गया। स्थानीय लोगों के हस्तक्षेप के बाद उदय वहां से चला तो गया, लेकिन यह शांति महज एक बड़े तूफान से पहले की खामोशी थी। योजनाबद्ध हमला और अफरा-तफरी कुछ ही देर बाद उदय नेताम अपने बेटे मनीष और अन्य साथियों (पंकज साहू, योगेश कोर्राम, बंटी साहू, जाफर खान, विकास गोंडाने और हर्षित निषाद) के साथ वैगनआर कार में सवार होकर वापस लौटा। आरोप है कि इन सभी ने एकजुट होकर बशीर मोहम्मद को घेर लिया और जान से मारने की नीयत से उनके पेट पर धारदार हथियार से हमला कर दिया। हमले के बाद लहूलुहान बशीर को गिरते देख मेले में भगदड़ मच गई। लोग अपनी जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे और उत्सव का माहौल चीख-पुकार में बदल गया। पुलिस की त्वरित कार्रवाई: सभी आरोपी सलाखों के पीछे मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर बोरतलाव पुलिस ने तत्काल घेराबंदी की। पुलिस ने दबिश देकर सभी सातों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। जब्ती: पुलिस ने वारदात में इस्तेमाल की गई वैगनआर कार, धारदार हथियार और 6 मोबाइल फोन बरामद किए हैं। धाराएं: आरोपियों के खिलाफ हत्या के प्रयास (Attempt to Murder) सहित अन्य गंभीर धाराओं के तहत मामला दर्ज कर उन्हें न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया है। चिंता का विषय: मुख्य आरोपी उदय नेताम की पहचान क्षेत्र में एक सक्रिय आदिवासी नेता के रूप में है। एक सार्वजनिक मंच और सांस्कृतिक आयोजन में एक ‘नेता’ की इस तरह की हिंसक संलिप्तता ने सामाजिक और राजनीतिक हलकों में गहरी चिंता पैदा कर दी है। सुरक्षा पर सवाल मड़ई जैसे बड़े आयोजनों में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर अब सवाल उठने लगे हैं। हालांकि, पुलिस की मुस्तैदी ने स्थिति को और बिगड़ने से रोक लिया, लेकिन इस घटना ने पारंपरिक उत्सवों में बढ़ती गुंडागर्दी और हथियारों के बढ़ते चलन की ओर इशारा किया है।






