
✍️ भागीरथी यादव
डोंगरगढ़। कलेक्टर श्री जितेन्द्र यादव के मार्गदर्शन में जिला पंचायत सभाकक्ष में स्वास्थ्य विभाग की जिला स्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. नेतराम नवरतन ने की। इस दौरान स्वास्थ्य विभाग द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं की विस्तृत समीक्षा की गई तथा अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
डॉ. नवरतन ने निर्देश दिए कि एक सप्ताह के भीतर पात्र हितग्राहियों के आयुष्मान कार्ड एवं वयवंदन कार्ड शिविर लगाकर शत-प्रतिशत बनाए जाएं। मातृत्व स्वास्थ्य कार्यक्रम के अंतर्गत हाईरिस्क गर्भवती महिलाओं की सूची तैयार कर प्रत्येक सप्ताह फोन के माध्यम से स्वास्थ्य स्थिति की जानकारी ली जाए। साथ ही प्रसव के 15 दिन पूर्व मितानिनों को प्रतिदिन भ्रमण कर सुरक्षित संस्थागत प्रसव सुनिश्चित करने कहा गया।
उन्होंने एएनसी-1 एवं एएनसी-4 पंजीयन में अंतर कम करने, सभी एएनसी शत-प्रतिशत करने, आयरन की गोली वितरण और संस्थागत प्रसव में वृद्धि के निर्देश दिए। संस्थागत प्रसव कम होने पर बागरेकसा, करमतरा एवं बुचाटोला के स्वास्थ्य केंद्र प्रभारियों को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया।
टीकाकरण कार्यक्रम की समीक्षा के दौरान सभी नवजात शिशुओं को बीसीजी से लेकर एमआर-1 तक सभी टीके समय पर लगाने, छूटे हुए बच्चों की ड्यू लिस्ट बनाकर समिति से साझा करने तथा युविन पोर्टल पर ऑनलाइन डाटा एंट्री और भौतिक सत्यापन के निर्देश दिए गए।
बैठक में यह भी कहा गया कि सभी स्वास्थ्य कर्मी आधार-आधारित ई-अटेंडेंस सुनिश्चित करें। इस प्रणाली में शत-प्रतिशत उपस्थिति नहीं होने पर नवंबर माह का वेतन रोके जाने की चेतावनी दी गई।
समीक्षा के दौरान क्षय नियंत्रण, कुष्ठ नियंत्रण और परिवार नियोजन कार्यक्रमों में प्रगति लाने पर जोर दिया गया। डोंगरगढ़ एनआरसी की बेड ऑक्यूपेंसी दर 100 प्रतिशत करने, मानसिक स्वास्थ्य ओपीडी में कम से कम 2–3 प्रतिशत जांच एवं काउंसलिंग सुनिश्चित करने, तथा एनसीडी कार्यक्रम के तहत 30 वर्ष से अधिक आयु वर्ग के लोगों का ब्लड प्रेशर और डायबिटीज जांच सभी आयुष्मान आरोग्य मंदिरों में करने निर्देशित किया गया।
एनीमिया मुक्त भारत कार्यक्रम के अंतर्गत विप्स की गोली का नियमित वितरण एवं निगरानी के निर्देश भी दिए गए। राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यक्रमों में प्रगति नहीं होने पर संबंधित अधिकारियों एवं कर्मचारियों के विरुद्ध अनुशासनात्मक कार्रवाई करने की चेतावनी दी गई।
बैठक में जिला परिवार कल्याण अधिकारी डॉ. अल्पना लुनिया, जिला टीकाकरण अधिकारी डॉ. बी.एल. तुलावी, जिला कार्यक्रम प्रबंधक (एनएचएम) श्री संदीप ताम्रकार, शहरी स्वास्थ्य कार्यक्रम प्रबंधक सुश्री पूजा मेश्राम सहित सभी स्वास्थ्य कार्यक्रमों के जिला सलाहकार, खंड चिकित्सा अधिकारी, विकासखंड कार्यक्रम प्रबंधक, डाटा मैनेजर, सेक्टर सुपरवाइजर एवं मितानिन समन्वयक बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।







