
✍️ भागीरथी यादव
पटना/बाढ़, 13 नवंबर 2025।
राजधानी पटना से सटे बाढ़ के अथमलगोला थाना क्षेत्र में मंगलवार की रात मद्य निषेध विभाग की टीम पर असामाजिक तत्वों ने हमला कर दिया। गंजपर गांव के पास हुई इस घटना में भीड़ ने न केवल पुलिस पर ईंट-पत्थर और डंडों से हमला किया, बल्कि दो गिरफ्तार शराबियों को छुड़ाकर फरार हो गई।
इस हमले में तीन महिला सिपाहियों सहित चार जवान घायल हो गए, जबकि चार सरकारी वाहन बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए। बताया जा रहा है कि मद्य निषेध विभाग की टीम सहायक अवर निरीक्षक पिंकी कुमारी के नेतृत्व में छह वाहनों के काफिले के साथ रात्रि गश्त पर निकली थी। इसी दौरान गंजपर गांव के पास सड़क किनारे कुछ युवक शराब के नशे में हंगामा कर रहे थे।
जैसे ही पुलिस ने दो लोगों को पकड़ा और ब्रेथ एनालाइजर मशीन से जांच शुरू की, वहां मौजूद भीड़ ने अचानक हमला कर दिया। भीड़ ने पुलिसकर्मियों की पिटाई कर पकड़े गए दोनों शराबियों को छुड़ा लिया और ब्रेथ एनालाइजर मशीन छीन ली।
घटना की सूचना मिलते ही अथमलगोला थाना प्रभारी नवीन कुमार सिंह अतिरिक्त बल के साथ मौके पर पहुंचे और स्थिति को नियंत्रण में लिया। घायल जवानों निधि प्रिया, निगम कुमारी, कविता कुमारी और सतेंद्र पासवान को उपचार के लिए अथमलगोला पीएचसी ले जाया गया, जहां प्राथमिक इलाज के बाद सभी को छुट्टी दे दी गई।
मद्य निषेध विभाग के इंस्पेक्टर राजेंद्र प्रसाद ने बताया कि घटना के संबंध में 14 नामजद और 10-15 अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। पुलिस ने एक आरोपी सुखदेव राय को गिरफ्तार कर बुधवार को जेल भेज दिया है, जबकि बाकी आरोपियों की तलाश में छापेमारी जारी है।
उन्होंने कहा कि यह हमला कानून के खिलाफ साजिश है और अवैध शराब के कारोबार पर सख्त कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।








