
बिलासपुर। जिले के बहतराई स्थित बी.आर. यादव स्टेडियम में खेलो इंडिया नेशनल ट्राइबल गेम्स के लिए आयोजित चयन ट्रायल जनजातीय खिलाड़ियों के जोश, जुनून और प्रतिभा का जीवंत मंच बन गया। छत्तीसगढ़ सरकार के खेल एवं युवा कल्याण विभाग द्वारा कराए जा रहे इस ट्रायल में प्रदेश के अलग-अलग जिलों से पहुंचे जनजातीय खिलाड़ियों ने पूरे उत्साह के साथ भाग लिया।
ऑनलाइन-ऑफलाइन पंजीयन की सुगम व्यवस्था
सुबह से ही स्टेडियम में खिलाड़ियों की चहल-पहल रही। ट्रायल में भाग लेने वाले खिलाड़ियों के लिए ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों तरह की पंजीयन व्यवस्था की गई थी। क्यूआर कोड और रजिस्ट्रेशन लिंक से जहां डिजिटल पंजीयन कराया गया, वहीं ट्रायल स्थल पर ऑफलाइन रजिस्ट्रेशन की सुविधा भी उपलब्ध रही। सभी खिलाड़ियों ने अपने प्रमाण पत्र और आधार कार्ड की मूल प्रति प्रस्तुत की।
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बिलासपुर में पहली बार ट्राइबल गेम्स ट्रायल
यह बिलासपुर में पहली बार है जब खेलो इंडिया नेशनल ट्राइबल गेम्स का चयन ट्रायल आयोजित किया गया। राज्य स्तर पर टीम चयन के लिए 6 से 8 जनवरी तक रायपुर और बिलासपुर में ट्रायल चल रहे हैं, जिनमें कुल सात खेलों को शामिल किया गया है।
खेलवार चयन इस प्रकार है—
रायपुर: वेटलिफ्टिंग, कुश्ती, फुटबॉल, हॉकी
बिलासपुर: तीरंदाजी, एथलेटिक्स, तैराकी
बिलासपुर में तीरंदाजी, एथलेटिक्स और तैराकी के ट्रायल सुबह से ही शुरू हो गए। खास बात यह रही कि महिला और पुरुष दोनों वर्गों के लिए कोई आयु सीमा तय नहीं की गई, जिससे अधिक से अधिक प्रतिभाओं को अवसर मिल सका।
“यह खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स का पहला संस्करण है। छत्तीसगढ़ के जनजातीय खिलाड़ियों को स्टेट और नेशनल स्तर पर खेलने का शानदार मौका मिल रहा है।”
खिलाड़ियों में दिखा जबरदस्त उत्साह
अलग-अलग संभागों से आए खिलाड़ियों में ट्रायल को लेकर खासा उत्साह नजर आया। सभी ने इसे अपने खेल करियर की दिशा बदलने वाला अवसर बताया और पूरे आत्मविश्वास के साथ प्रदर्शन किया।
खेलो इंडिया नेशनल ट्राइबल गेम्स चयन ट्रायल न केवल जनजातीय खिलाड़ियों की छिपी प्रतिभा को सामने ला रहा है, बल्कि छत्तीसगढ़ को राष्ट्रीय खेल मानचित्र पर एक नई पहचान दिलाने की दिशा में भी मजबूत कदम साबित हो रहा है।








