
✍️ भागीरथी यादव
मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर (MCB): जिले के भरतपुर विकासखंड में अवैध रेत उत्खनन और भंडारण को लेकर राजनीति गरमा गई है। नियमों को ताक पर रखकर नदियों का सीना चीर रहे रेत माफियाओं के खिलाफ अब आम आदमी पार्टी (आप) ने मोर्चा खोल दिया है। सोमवार को पार्टी कार्यकर्ताओं ने अनुविभागीय अधिकारी (एसडीएम) भरतपुर को ज्ञापन सौंपकर तत्काल कार्रवाई की मांग की है।
मशीनों से हो रहा अवैध खनन, नियमों की उड़ रही धज्जियां
आम आदमी पार्टी का आरोप है कि ग्राम पंचायत घटई, मलकडोल, हरचोका समेत कई पंचायतों में रेत खनन के लिए केवल मैनुअल (हाथ से) उत्खनन की स्वीकृति दी गई है। इसके बावजूद, नियमों के विरुद्ध जाकर नदियों के भीतर जेसीबी और पोकलेन जैसी भारी मशीनों का उपयोग धड़ल्ले से किया जा रहा है। आप नेताओं का कहना है कि यह एनजीटी (NGT) के दिशा-निर्देशों का सीधा उल्लंघन है।
राजस्व को चपत और पर्यावरण को भारी नुकसान
ज्ञापन में उल्लेख किया गया है कि बड़े ट्रकों, डंपरों और हाईवा के माध्यम से क्षमता से अधिक रेत भरकर मध्यप्रदेश और उत्तरप्रदेश तक परिवहन किया जा रहा है। इससे न केवल शासन को करोड़ों रुपये के राजस्व की हानि हो रही है, बल्कि भारी उत्खनन के कारण जलस्तर गिर रहा है और जलीय जीव-जंतुओं के अस्तित्व पर संकट मंडरा रहा है।
आंदोलन की चेतावनी: “प्रशासन की होगी जिम्मेदारी”
कोरबा लोकसभा अध्यक्ष रमाशंकर मिश्रा और जिला पंचायत सदस्य व आप नेत्री सुखमंती सिंह ने कड़े शब्दों में चेतावनी देते हुए कहा:
“यदि अवैध रेत उत्खनन पर शीघ्र रोक नहीं लगाई गई और दोषियों पर कार्रवाई नहीं हुई, तो आम आदमी पार्टी उग्र आंदोलन के लिए बाध्य होगी। इस दौरान होने वाली किसी भी अप्रिय घटना या दुर्घटना की संपूर्ण जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी।”
इनकी रही उपस्थिति
ज्ञापन सौंपते समय प्रमुख रूप से मनमोहन सांधे, शारदा यादव, रानी तिवारी, राम सुजान मिश्रा, रज्जू सिंह, नारायण बैगा, गजरूप सिंह वालंद, लखन सिंह मराबी, राजपाल अगरिया, जीतराम, रामा यादव, संत कुमार सिंह सहित बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ता और ग्रामीण उपस्थित रहे। फिलहाल क्षेत्रवासियों की नजरें प्रशासन की अगली कार्रवाई पर टिकी हुई हैं।







