
अंबिकापुर। छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले से एक गंभीर और चौंकाने वाला मामला सामने आया है। अंबिकापुर में एक युवक पर नाम और पहचान छुपाकर आदिवासी युवती को प्रेमजाल में फंसाने, शादी का झांसा देने तथा आर्थिक व मानसिक शोषण करने के आरोप लगे हैं। पीड़िता की शिकायत पर गांधीनगर पुलिस ने आरोपी को हिरासत में लेकर जांच शुरू कर दी है।
पुलिस के अनुसार आरोपी का असली नाम मोहम्मद महफूज है, जो बिहार के पटना का निवासी बताया जा रहा है। उसने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म फेसबुक पर हिंदू नाम से फर्जी आईडी बनाकर खुद को रेलवे कर्मचारी बताया और इसी झूठी पहचान के जरिए युवती से संपर्क स्थापित किया। बातचीत के दौरान आरोपी ने शादी, नौकरी और सुरक्षित भविष्य का भरोसा दिलाकर युवती का विश्वास जीता।
जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी ने फर्जी आधार कार्ड तैयार कराया था, जिसमें उसने अपना नाम और धर्म बदलकर खुद को हिंदू दर्शाया। इसी दस्तावेज के आधार पर उसने युवती को अपने झांसे में लिया। पीड़िता का आरोप है कि आरोपी ने उससे शारीरिक संबंध बनाए और अलग-अलग बहानों से 54 हजार रुपये नकद भी लिए, जिसके स्क्रीनशॉट सबूत के तौर पर पुलिस को सौंपे गए हैं।
हिंदू संगठनों ने मामले को गंभीर बताते हुए कहा कि आरोपी अंबिकापुर के नए बस स्टैंड क्षेत्र स्थित एक लॉज में फर्जी नाम से ठहरा हुआ था। संगठन के नेताओं का दावा है कि आरोपी इसी तरह दो-तीन अन्य युवतियों को भी धोखे में रख चुका है। मामले के सामने आने के बाद संगठनों ने कड़ी कानूनी कार्रवाई की मांग की है।
इस पूरे प्रकरण पर सीएसपी राहुल बंसल ने बताया कि युवती की शिकायत के आधार पर अपराध दर्ज कर लिया गया है। विवेचना के दौरान आरोपी के मोबाइल की जांच में यह संकेत मिले हैं कि वह पहले भी अन्य लड़कियों के साथ इसी तरह की धोखाधड़ी कर चुका है। आरोपी द्वारा पहचान छुपाकर गलत मंशा से संबंध बनाने, आर्थिक ठगी और दैहिक शोषण के प्रयास के साक्ष्य मिले हैं।
फिलहाल आरोपी पुलिस हिरासत में है और मामले की अग्रिम विवेचना जारी है। पुलिस का कहना है कि यदि अन्य पीड़िताएं सामने आती हैं, तो मामले में धाराएं और बढ़ाई जा सकती हैं।




