कोरबा | दुर्गानाला नहर पुल पर बदमाशों का आतंक, नागरिकों के साहस से नाकाम हुई लूट
कोरबा शहर के दुर्गानाला 200 मेगावाट प्लांट नहर पुल के पास गुरुवार रात उस वक्त हड़कंप मच गया, जब कुछ बदमाशों ने राहगीरों को रोककर मारपीट और लूटपाट शुरू कर दी। बेल्ट, डंडे और धारदार हथियारों से लैस ये युवक आने-जाने वालों को डरा-धमकाकर पैसे और सामान छीन रहे थे। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार रात करीब 8:30 बजे पुल के पास अचानक अफरा-तफरी मच गई। कुछ बदमाशों के हाथों में चाकू और छुरा था, जिनके बल पर वे लोगों को भयभीत कर रहे थे। इसी दौरान पथरापारा निवासी अखिलेश सिंह अपने साथी विकास अग्रवाल के साथ वहां पहुंचे। हालात को समझते हुए दोनों ने साहस का परिचय दिया और बदमाशों का विरोध किया। बदमाशों ने अखिलेश सिंह की कार को रोककर तोड़फोड़ की और उनकी जेब से करीब छह हजार रुपये नकद लूट लिए, लेकिन इसके बावजूद उन्होंने हार नहीं मानी। उन्होंने तत्काल परिजनों और आसपास के लोगों को सूचना दी। कुछ ही देर में बड़ी संख्या में लोग मौके पर पहुंच गए, जिससे बदमाशों में भगदड़ मच गई। लोगों की सतर्कता से कुछ आरोपियों को मौके पर ही पकड़ लिया गया, जबकि कुछ फरार होने में सफल रहे। सूचना मिलने पर पुलिस ने घेराबंदी कर कार्रवाई की और बाद में फरार आरोपियों को भी धर दबोचा। पुलिस ने तीन नाबालिगों सहित कुल छह आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पकड़े गए आरोपियों में सोमनाथ बजारे, एकलव्य राव और गौतम साहू के नाम सामने आए हैं। पुलिस ने संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। इस घटना के बाद क्षेत्रवासियों में रोष है और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल उठ रहे हैं। वहीं, अखिलेश सिंह और विकास अग्रवाल की बहादुरी की हर ओर सराहना की जा रही है, जिनकी हिम्मत से बड़ी घटना टल गई और बदमाश कानून के शिकंजे में आ सके।
कोरबी–सिरमिना उपार्जन केंद्र में धान खरीदी व्यवस्था मजबूत, किसानों को मिला भरोसा
सुशील जायसवाल कोरबा (कोरबी–सिरमिना): छत्तीसगढ़ शासन की केंद्रीकृत और तकनीक आधारित नीतियों के चलते इस वर्ष धान खरीदी व्यवस्था अधिक सुव्यवस्थित, पारदर्शी और किसान हितैषी साबित हो रही है। कोरबी–सिरमिना उपार्जन केंद्र में ‘टोकन तुंहर हाथ’ मोबाइल एप एवं ऑनलाइन प्रणाली के प्रभावी क्रियान्वयन से किसानों को बड़ी राहत मिली है। अब किसानों को घर बैठे टोकन प्राप्त हो रहा है, जिससे खरीदी केंद्रों में भीड़ कम हुई है और तौल, भंडारण तथा भुगतान की प्रक्रिया समयबद्ध व सरल हो गई है। किसानों का कहना है कि इलेक्ट्रॉनिक तौल मशीनों से तौल तेज और सटीक हो रही है। वहीं समिति द्वारा छाया, पेयजल, बैठने की व्यवस्था, हमालों की उपलब्धता, बोरा, पलटाई, सिलाई एवं मंडी में छल्ली लगाने जैसी सुविधाएं सुव्यवस्थित रूप से प्रदान की जा रही हैं। पर्याप्त भंडारण व्यवस्था के कारण किसानों को किसी प्रकार की असुविधा का सामना नहीं करना पड़ रहा है। जगह की कमी को देखते हुए सिरमिना उपार्जन केंद्र के अंतर्गत कई किसानों के खेतों में ही धान खरीदी की जा रही है। किसानों की सुविधा और मांग को ध्यान में रखते हुए आगामी वर्षों में ग्राम पंचायत सि. नवापारा में उप-धान खरीदी केंद्र तथा कोरबी सेवा सहकारी समिति के अंतर्गत ग्राम पंचायत चोटिया (परला) में उपार्जन केंद्र खोलने का प्रस्ताव भी सामने आया है, जिससे क्षेत्र के किसानों को और अधिक राहत मिलने की संभावना है। प्रशासन द्वारा अवैध धान बिक्री पर रोक लगाने के लिए भी विशेष सतर्कता बरती जा रही है। किसानों ने शासन और जिला प्रशासन के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि स्पष्ट नीतियों और बेहतर प्रबंधन के कारण खरीदी प्रक्रिया अब अधिक विश्वसनीय बन गई है, जिससे उनका आत्मविश्वास बढ़ा है। उल्लेखनीय है कि शासन द्वारा इस वर्ष धान की खरीदी 3100 रुपये प्रति क्विंटल की दर से की जा रही है तथा 21 क्विंटल प्रति एकड़ की सीमा निर्धारित की गई है। धान खरीदी का कार्य 31 जनवरी 2026 तक जारी रहेगा। समय पर खरीदी और उचित मूल्य मिलने से पोड़ी उपरोड़ा विकासखंड के सुदूर वनांचल क्षेत्रों में पंजीकृत किसानों के बीच सकारात्मक माहौल बना हुआ है। एग्रीस्टेक पोर्टल और सीमित टोकन से छोटे किसान परेशान हालांकि, तकनीकी व्यवस्था के बावजूद छोटे किसानों की समस्याएं पूरी तरह समाप्त नहीं हुई हैं। एग्रीस्टेक पोर्टल में तकनीकी दिक्कतों और सीमित टोकन जारी होने के कारण कई छोटे किसान खरीदी केंद्रों तक नहीं पहुंच पा रहे हैं। किसानों का कहना है कि टोकन खुलते ही कुछ ही समय में सीमा समाप्त हो जाती है, जिससे तकनीकी रूप से सक्षम किसान तो टोकन ले लेते हैं, लेकिन छोटे और साधनविहीन किसान वंचित रह जाते हैं। धान मिंजाई के बाद भी बिक्री न हो पाने के कारण कई किसानों को अपनी उपज घरों और कोठारों में रखना पड़ रहा है। चोरी के डर से कुछ किसान ठंड भरी रातों में खुले में फसल की रखवाली करने को मजबूर हैं। अधिया पर खेती करने वाले किसानों की स्थिति और भी कठिन है, जिन्होंने ब्याज पर ऋण लेकर फसल बोई थी और समय पर भुगतान न होने से उन पर आर्थिक दबाव बढ़ रहा है। किसानों की बढ़ती परेशानी और मांगों को देखते हुए शासन द्वारा धान खरीदी की सीमा बढ़ाए जाने का निर्णय लिया गया है, जिससे आने वाले दिनों में छोटे किसानों को भी राहत मिलने की उम्मीद है।
चोटिया में अटल स्मृति दिवस पर विधानसभा स्तरीय संगोष्ठी
✍️ सुशील जायसवाल अटल जी के विचार आज भी राष्ट्र निर्माण की प्रेरणा — विजय सिंह तोमर कोरबी/चोटिया। पाली-तानाखार विधानसभा क्षेत्र के ग्राम पंचायत चोटिया में शुक्रवार, 2 जनवरी 2026 को भारत रत्न एवं छत्तीसगढ़ के निर्माता, श्रद्धेय स्वर्गीय अटल बिहारी वाजपेई की जन्म शताब्दी वर्ष के अवसर पर विधानसभा स्तरीय संगोष्ठी का भव्य आयोजन किया गया। यह आयोजन अटल जी के राजनीतिक, पत्रकारिता एवं कवि जीवन के प्रेरणादायी पक्षों को स्मरण करने हेतु किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में भारतीय जनता पार्टी युवा आयोग के अध्यक्ष एवं विधानसभा प्रभारी श्री विश्व विजय सिंह तोमर उपस्थित रहे। उनके साथ जिला संगठन सह प्रभारी वृजेंद्र शुक्ला, जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. पवन कुमार सिंह, जिला महामंत्री संजय शर्मा, अजय जायसवाल, लक्की नंदा सहित अनेक वरिष्ठ पदाधिकारी मंचासीन रहे। अतिथियों का स्वागत पुष्पमालाओं से किया गया। मुख्य वक्ता श्री विजय सिंह तोमर ने अपने उद्बोधन में कहा कि “अटल बिहारी वाजपेई केवल एक राजनेता नहीं, बल्कि विचार, संवेदना और राष्ट्रबोध के प्रतीक थे। उनका जीवन संघर्ष, सिद्धांत और समर्पण की मिसाल है। भाजपा आज उनकी जयंती को जन्म शताब्दी वर्ष के रूप में मना रही है, ताकि युवा पीढ़ी उनके विचारों से प्रेरणा ले सके।” उन्होंने अटल जी के राजनीतिक संघर्ष, लोकतांत्रिक मूल्यों के प्रति प्रतिबद्धता और देश को वैश्विक मंच पर मजबूत नेतृत्व देने वाले कार्यों पर विस्तार से प्रकाश डाला। कार्यक्रम को जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. पवन कुमार सिंह, जिला महामंत्री संजय शर्मा एवं जिला संगठन सह प्रभारी बृजेश शुक्ला ने भी संबोधित करते हुए अटल जी के विचारों को आज के समय में प्रासंगिक बताया। संगोष्ठी में प्रमुख रूप से जनपद अध्यक्ष माधुरी देवी तंवर, जनपद उपाध्यक्ष प्रकाश चंद्र जाखड़, अजय चंद्रा (आईटी सेल कोरबा), कमला किंडो, कमला बरेट (जिला मंत्री), वीरेंद्र मरकाम, किरण मरकाम (पूर्व प्रदेश मंत्री महिला मोर्चा), ऋषि प्रजापति, सोहन सिंह राज, बृजेश यादव, चतुरभुवन नायक, मनोज डिक्सेना, राजेश चतुर्वेदी, रवि मरकाम, प्रहलाद बिंझवार, विशाल सिदार, जगदीश मरकाम, राकेश जायसवाल, कमला पेंद्रो सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता एवं ग्रामीणजन उपस्थित रहे। कार्यक्रम का उद्देश्य अटल बिहारी वाजपेई के विचारों को जन-जन तक पहुँचाना और उनके राष्ट्र निर्माण के संकल्प को आगे बढ़ाने का संदेश देना रहा।
लोकसदन की खबर का बड़ा असर, एसपी की सख्त कार्रवाई
कोरबा। लोकसदन में समाचार प्रकाशित होते ही पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। मामले की गंभीरता को समझते हुए ईमानदार और सख्त छवि वाले पुलिस अधीक्षक, कोरबा ने त्वरित कार्रवाई करते हुए बड़ा फैसला लिया। सिविल लाइन जैसे अत्यंत संवेदनशील थाना में पदस्थ थाना प्रभारी प्रमोद दंसेना को तत्काल प्रभाव से हटाकर हार्दीबाजार थाना भेज दिया गया है। यह कार्रवाई पुलिस विभाग में अनुशासन और पारदर्शिता बनाए रखने की दिशा में एक मजबूत संदेश मानी जा रही है। एसपी कोरबा ने स्पष्ट शब्दों में चेतावनी दी है कि कोयला दलाली, अवैध गतिविधियों या किसी भी प्रकार की अनैतिक संलिप्तता को किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। यदि कोई भी पुलिसकर्मी वर्दी की गरिमा को ठेस पहुंचाता पाया गया, तो उसके विरुद्ध कड़ी विभागीय एवं कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। इस सख्त कदम से साफ है कि कोरबा पुलिस अब “जीरो टॉलरेंस” नीति पर काम कर रही है और लोकसदन में उठाई गई आवाज़ ने एक बार फिर यह साबित कर दिया कि सशक्त पत्रकारिता का असर जमीन पर दिखाई देता है।
आजीविका डबरी बनी ग्रामीण समृद्धि की रीढ़
नरेगा से सिंचाई, मत्स्य पालन और आय—बीजापुर के किसानों को मिला संबल बीजापुर। ग्रामीण आजीविका को मजबूती देने की दिशा में महात्मा गांधी नरेगा योजना के अंतर्गत निर्मित आजीविका डबरियां बीजापुर जिले में किसानों के लिए वरदान साबित हो रही हैं। जिला प्रशासन की पहल पर जिले में लगभग 1000 आजीविका डबरियों के निर्माण का लक्ष्य तय किया गया है, जिनमें से वर्ष 2025–26 में अब तक 9 करोड़ 75 लाख रुपये की लागत से 431 डबरियां स्वीकृत की जा चुकी हैं। इन डबरियों से जहाँ एक ओर सिंचाई सुविधाओं का विस्तार हुआ है, वहीं दूसरी ओर जल संरक्षण और भू-जल पुनर्भरण को भी नई गति मिली है। किसान अब पारंपरिक खेती के साथ-साथ मत्स्य पालन, बागवानी और बहु-आजीविका गतिविधियों से अतिरिक्त आमदनी अर्जित कर रहे हैं। मेहनत की मिसाल बने रैनधर राणा ग्राम पंचायत गंगालूर के किसान श्री रैनधर राणा ने आजीविका डबरी का सफल उपयोग कर आत्मनिर्भरता की प्रेरक कहानी लिखी है। उन्होंने डबरी में मत्स्य पालन कर लगभग 50 हजार रुपये की अतिरिक्त आय अर्जित की। साथ ही एक एकड़ भूमि में आम और अमरूद सहित 25 मिश्रित फलदार पौधों का रोपण कर दीर्घकालिक आमदनी की दिशा भी तय की है। तकनीकी मार्गदर्शन से बदली किस्मत तकनीकी सहायक श्री तोरण लाल उर्वशा ने बताया कि श्री रैनधर राणा की आजीविका डबरी का निर्माण वर्ष 2021–22 में 1 लाख 60 हजार रुपये की लागत से कराया गया था। डबरी का आकार 20×20 मीटर और गहराई 2.5 मीटर रखी गई थी, जो वर्तमान में उनकी आय वृद्धि का प्रमुख आधार बन चुकी है। वर्तमान में आजीविका और मत्स्य पालन की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए 3 मीटर गहराई की डबरियों का निर्माण किया जा रहा है। रोजगार भी, जल भी—दोहरा लाभ रोजगार सहायक श्री प्रताप सेमल ने जानकारी दी कि इस एक डबरी निर्माण से ही लगभग 800 मानव दिवस का रोजगार सृजित हुआ। नरेगा के तहत निर्मित ये डबरियां न केवल किसानों को आर्थिक रूप से सशक्त बना रही हैं, बल्कि स्थायी कृषि, जल संरक्षण और ग्रामीण रोजगार को भी मजबूती प्रदान कर रही हैं। ग्रामीण विकास की मजबूत नींव आजीविका डबरी आज बीजापुर जिले में ग्रामीण विकास, आत्मनिर्भरता और पर्यावरण संरक्षण का मजबूत आधार बन चुकी है। यह योजना छोटे किसानों के लिए केवल पानी का स्रोत नहीं, बल्कि समृद्ध भविष्य की नई राह बनकर उभर रही है।
नववर्ष पर पत्रकारों की एकजुटता का संदेश
पाली से ज्ञान शंकर तिवारी सर्व पत्रकार एकता महासंघ छत्तीसगढ़ ने दी देश–प्रदेशवासियों को नववर्ष की शुभकामनाएं कोरबा (सुघर गांव)। नववर्ष के पावन अवसर पर सर्व पत्रकार एकता महासंघ छत्तीसगढ़ की ओर से देश एवं प्रदेशवासियों को हार्दिक शुभकामनाएं एवं बधाई दी गई। महासंघ के प्रदेशाध्यक्ष प्रमोद कुमार बंजारे एवं प्रदेश सचिव श्रवण घृतलहरे ने कहा कि नया वर्ष पत्रकारिता जगत के लिए सुरक्षा, सम्मान और सशक्तिकरण का संदेश लेकर आए—यही महासंघ की कामना है। प्रदेशाध्यक्ष प्रमोद बंजारे ने कहा कि भारतीय लोकतंत्र में मीडिया को ‘चतुर्थ स्तंभ’ का दर्जा प्राप्त है और इस स्तंभ की मजबूती तभी संभव है, जब पत्रकार निर्भीक, सुरक्षित और संगठित हों। छत्तीसगढ़ जैसे राज्य में, जहाँ ग्रामीण एवं दूरस्थ क्षेत्रों में कार्यरत पत्रकार अनेक चुनौतियों से जूझते हैं, वहाँ सर्व पत्रकार एकता महासंघ उनकी आवाज़ बनकर सामने आया है। पत्रकारों के अधिकारों की लड़ाई में सक्रिय महासंघ महासंघ का उद्देश्य केवल संगठन विस्तार नहीं, बल्कि पत्रकारों के अधिकारों, सुरक्षा और सम्मान की रक्षा करना है। संगठन लंबे समय से पत्रकार सुरक्षा कानून को प्रभावी ढंग से लागू करने की मांग करता आ रहा है, ताकि जमीनी स्तर पर काम करने वाले संवाददाता बिना भय के सच सामने ला सकें। यदि किसी पत्रकार के साथ अन्याय, उत्पीड़न या द्वेषपूर्ण कार्रवाई होती है, तो महासंघ प्रशासनिक और शासन स्तर पर मजबूती से पक्ष रखता है। यही नहीं, पत्रकारों एवं उनके परिवारों के लिए स्वास्थ्य, शिक्षा और आकस्मिक सहायता से जुड़ी कल्याणकारी मांगों को भी निरंतर उठाया जाता रहा है। डिजिटल युग में प्रशिक्षण पर विशेष ध्यान बदलते दौर में पत्रकारिता के स्वरूप को देखते हुए महासंघ द्वारा प्रशिक्षण शिविर एवं कार्यशालाओं का आयोजन किया जाता है, जिससे पत्रकार नई तकनीकों, डिजिटल मीडिया और पत्रकारिता के मूल्यों से अपडेट रह सकें। इसका उद्देश्य गुणवत्ता पूर्ण और जिम्मेदार पत्रकारिता को बढ़ावा देना है। प्रदेशभर में मजबूत संगठनात्मक ढांचा रायपुर, कोरबा, जांजगीर-चांपा, बिलासपुर, कोरिया, मुंगेली, बेमेतरा, सक्ती, महासमुंद, बलौदा बाजार एवं दुर्ग सहित प्रदेश के कई जिलों में महासंघ की सक्रिय इकाइयाँ कार्यरत हैं। यह संगठन विशेष रूप से फ्रीलांस पत्रकारों और छोटे समाचार माध्यमों के लिए संबल बनकर उभरा है। भविष्य की दिशा महासंघ आने वाले समय में डिजिटल पत्रकारों, वेब पोर्टल एवं यूट्यूब न्यूज़ प्लेटफॉर्म से जुड़े पत्रकारों को भी मुख्यधारा के अधिकार दिलाने के लिए प्रयासरत है। अंत में, महासंघ ने नववर्ष के अवसर पर यह संकल्प दोहराया कि पत्रकारों की एकता, सुरक्षा और सम्मान के लिए संघर्ष लगातार जारी रहेगा।
कोरबी में नववर्ष पर सेवा और संस्कार का संगम
सुशील जायसवाल उप सरपंच मुरारी लाल जायसवाल के सौजन्य से सैकड़ों ग्रामीणों को कंबल वितरण कोरबी चोटिया। नववर्ष 2026 के पावन अवसर पर जिले के सुदूर वनांचल क्षेत्र पोड़ी उपरोड़ा विकासखंड अंतर्गत ग्राम पंचायत कोरबी में मानवता, सेवा और सामाजिक सरोकार का अनुपम उदाहरण देखने को मिला। ग्राम पंचायत के उप सरपंच मुरारी लाल जायसवाल के सौजन्य से उनके निवास स्थान पर संस्कृतिक छत्तीसगढ़ी कार्यक्रम के साथ विशाल कंबल वितरण समारोह का आयोजन किया गया, जिसमें सैकड़ों जरूरतमंद ग्रामीणों को ठंड से राहत हेतु कंबल वितरित किए गए। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. पवन सिंह एवं विशिष्ट अतिथि जनपद पंचायत पोड़ी उपरोड़ा के उपाध्यक्ष प्रकाश चंद्र जाखड़, जनपद अध्यक्ष माधुरी देवी तंवर, जनपद सदस्य कुंती केराम, स्थानीय सरपंच राजू राम मरावी मंचासीन रहे। मुख्य अतिथि डॉ. पवन सिंह का उप सरपंच मुरारी लाल जायसवाल द्वारा फूल-मालाओं से आत्मीय स्वागत किया गया, वहीं जनपद उपाध्यक्ष प्रकाश चंद्र जाखड़ का फुलेश्वर जायसवाल ने भव्य अभिनंदन किया। अपने उद्बोधन में प्रकाश चंद्र जाखड़ ने कहा कि “नववर्ष के अवसर पर गरीब और जरूरतमंद तबके को कंबल वितरण करना एक पुण्य कार्य है। ऐसे सेवा कार्य समाज में सकारात्मक संदेश देते हैं और अन्य लोगों को भी प्रेरित करते हैं।” मुख्य अतिथि डॉ. पवन सिंह ने सभी ग्रामीणों को नववर्ष की शुभकामनाएं देते हुए कहा— “इस शीतलहर के समय मुरारी लाल जायसवाल परिवार द्वारा किया गया निःशुल्क कंबल वितरण सराहनीय है। यह सच्चे जनसेवा भाव का परिचायक है। मैं इस सेवा कार्य के लिए उन्हें धन्यवाद देता हूं और आशा करता हूं कि आगे भी वे इसी प्रकार समाज सेवा करते रहेंगे।” वहीं जनपद अध्यक्ष माधुरी देवी तंवर ने कहा कि “ठंड के इस मौसम में कंबल जरूरतमंदों के लिए संजीवनी का काम करता है। आज ग्रामीणों के चेहरे पर जो खुशी दिखाई दी, वही इस आयोजन की सबसे बड़ी सफलता है।” कंबल पाकर ग्रामीणों में विशेष उत्साह और खुशी देखने को मिली। कार्यक्रम के दौरान सामाजिक सौहार्द और छत्तीसगढ़ी संस्कृति की झलक भी दिखाई दी। इस अवसर पर पुलिस चौकी प्रभारी सुरेश कुमार जोगी, पत्रकार सुशील जायसवाल, प्रहलाद सिंह बिझवार, मोनू जायसवाल, सरपंच विष्णु आयम, आर.के. बाजपेई, सहित ग्राम के गणमान्य नागरिक एवं आसपास के बड़ी संख्या में ग्रामीणजन उपस्थित रहे। नववर्ष पर किया गया यह सेवा कार्य कोरबी क्षेत्र में सामाजिक एकता और मानवीय संवेदना का प्रेरणादायी उदाहरण बन गया।
नववर्ष पर आबकारी विभाग का बड़ा प्रहार, सक्ती में अवैध महुआ शराब फैक्ट्री ध्वस्त
✍️ भागीरथी यादव सक्ती। नववर्ष के मौके पर अवैध शराब के खिलाफ आबकारी विभाग ने सख्त रुख अपनाते हुए बड़ी कार्रवाई की है। 31 दिसंबर को आबकारी वृत्त सक्ती की संयुक्त टीम ने ग्राम जुड़गा में संचालित एक अवैध महुआ शराब फैक्ट्री का भंडाफोड़ कर दिया। यह कार्रवाई सहायक जिला आबकारी अधिकारी आशीष उप्पल को मिली पुख्ता मुखबिर सूचना के आधार पर की गई। सूचना के अनुसार, नववर्ष के अवसर पर ग्राम जुड़गा के नाले किनारे चोरी-छिपे महुआ शराब का बड़े पैमाने पर निर्माण किया जा रहा था। सूचना मिलते ही आबकारी विभाग ने तत्काल टीम गठित कर मौके पर दबिश दी। दबिश के दौरान मचा हड़कंप, आरोपी फरार आबकारी टीम को देखते ही मौके पर मौजूद कुछ संदिग्ध अंधेरे और झाड़ियों का फायदा उठाकर फरार हो गए। हालांकि टीम ने मौके से शराब निर्माण में लगी पांच चालू भट्टियों को नष्ट किया। 115 लीटर तैयार शराब जब्त, सैकड़ों लीटर बनने से रोकी गई कार्रवाई के दौरान झाड़ियों में छुपाकर रखी गई लगभग 115 लीटर अवैध महुआ शराब जब्त की गई। इसके साथ ही 20 बोरियों में भरा करीब 500 किलोग्राम महुआ लाहन मौके पर सैंपल लेकर नष्ट किया गया। अधिकारियों के अनुसार, इस लाहन से सैकड़ों लीटर अवैध शराब तैयार की जा सकती थी, जिसे समय रहते रोक दिया गया। जंगल और नालों में छिप रहे शराब माफिया आबकारी विभाग ने बताया कि लगातार सख्त कार्रवाई के चलते अब शराब माफिया घरों के बजाय दूर-दराज के नालों और जंगलों में फैक्ट्रियां संचालित कर रहे हैं। विभाग ने साफ किया है कि अवैध शराब के खिलाफ अभियान आगे भी इसी तरह जारी रहेगा और माफियाओं को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा। नववर्ष पर की गई यह कार्रवाई आबकारी विभाग की सख्ती और सतत निगरानी का स्पष्ट संदेश है।
उदंती-सीतानदी टाइगर रिजर्व में तेंदुआ जाल में फंसा, दो आरोपी गिरफ्तार, न्यायिक हिरासत में भेजे गए
🙏 भागीरथी यादव मैनपुर। उदंती–सीतानदी टाइगर रिजर्व अंतर्गत वन्य प्राणियों की सुरक्षा को लेकर वन विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है। गरियाबंद वन परिक्षेत्र के तौरेंगा बफर क्षेत्र अंतर्गत परिसर कोकड़ी के राजस्व क्षेत्र में एक नर तेंदुआ अवैध जाल-फंदे में फंसा हुआ घायल अवस्था में पाया गया, जिससे क्षेत्र में हड़कंप मच गया। घटना 25 दिसंबर 2025 की है, जब वन अमले को सूचना मिली कि टाइगर रिजर्व के बफर क्षेत्र में एक वन्य प्राणी गंभीर रूप से घायल है। मौके पर पहुंची वन विभाग की टीम ने देखा कि एक नर तेंदुआ अवैध रूप से लगाए गए जाल-फंदे में फंसा हुआ है। तत्काल रेस्क्यू कर तेंदुए को सुरक्षित बाहर निकालते हुए उपचार हेतु भेजा गया। इस गंभीर वन्य अपराध के संबंध में वन अपराध प्रकरण (POR) क्रमांक 170/24, दिनांक 25/12/2025 दर्ज कर आरोपियों की पहचान व तलाश शुरू की गई। जांच के दौरान अवैध शिकार में संलिप्त दो आरोपियों को चिन्हित कर 31 दिसंबर 2025 को गिरफ्तार किया गया। गिरफ्तार आरोपियों में (1) सोना सिंह मंडावी, पिता अयतु राम मंडावी, जाति गोड, उम्र 34 वर्ष (2) अयतु राम मंडावी, पिता बुधराम मंडावी, जाति गोड, उम्र 65 वर्ष निवासी ग्राम नगबेल (टांगरापानी), थाना शोभा, तहसील मैनपुर, जिला गरियाबंद (छत्तीसगढ़) शामिल हैं। दोनों आरोपियों को माननीय मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी न्यायालय, गरियाबंद के समक्ष रिमांड पर प्रस्तुत किया गया, जहां से न्यायालय के आदेशानुसार उन्हें जिला जेल गरियाबंद में दाखिल कराया गया है। वन विभाग ने स्पष्ट किया है कि वन्य जीव संरक्षण अधिनियम के तहत इस तरह के अपराधों में कठोर कार्रवाई की जाएगी। साथ ही टाइगर रिजर्व एवं आसपास के क्षेत्रों में गश्त बढ़ा दी गई है, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकी जा सके। वन विभाग ने आम नागरिकों से अपील की है कि यदि कहीं भी अवैध शिकार, जाल-फंदा या संदिग्ध गतिविधि नजर आए तो तत्काल वन विभाग या प्रशासन को सूचित करें।
**नववर्ष 2026 की हार्दिक शुभकामनाएं
✍️ भागीरथी यादव लोग सदन दैनिक समाचार परिवार की ओर से** नया साल, नई उम्मीदें और नई शुरुआत। पुराने वर्ष की यादों को संजोए और नए वर्ष के सपनों को संवारते हुए हम सभी एक नए सफर की ओर बढ़ रहे हैं। नववर्ष 2026 आप सभी के जीवन में सुख, शांति, स्वास्थ्य, समृद्धि और सफलता लेकर आए—इसी मंगलकामना के साथ लोग सदन दैनिक समाचार परिवार आप सभी पाठकों, शुभचिंतकों और सहयोगियों को नववर्ष की हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं प्रेषित करता है। बीता वर्ष चुनौतियों के साथ-साथ अनुभवों से भरपूर रहा। इस दौरान आप सभी का स्नेह, विश्वास और सहयोग ही हमारी सबसे बड़ी ताकत रहा है। लोग सदन दैनिक समाचार सदैव आपकी आवाज़ बनकर, सच्ची, निष्पक्ष और जनहितकारी पत्रकारिता के अपने संकल्प पर अडिग रहा है और आगे भी रहेगा। नया साल नई ऊर्जा, नए विचार और नई संभावनाओं का प्रतीक है। आइए, हम सब मिलकर एक बेहतर समाज, सशक्त लोकतंत्र और सकारात्मक सोच के साथ आगे बढ़ें। आपका हर दिन खुशियों से भरा हो, हर सपना साकार हो और हर कदम सफलता की ओर बढ़े—यही हमारी कामना है। नववर्ष 2026 की एक बार फिर ढेरों शुभकामनाएं। — लोग सदन दैनिक समाचार परिवार
















