हाथी हमले में मृत महिला के परिजन को प्रशासनिक सहायता
सुशील जायसवाल कोरबा। हाथी हमले में मृत हुई महिला मीना बाई के पति राम कुमार (36 वर्ष) को प्रशासन की ओर से तात्कालिक सहायता प्रदान की गई। यह सहायता राशि ₹25,000 की थी, जो डीएफओ कुमार निशांत एवं जिला पंचायत अध्यक्ष पवन कुमार के हाथों सौंपी गई। इस अवसर पर अधिकारियों ने शोक संतप्त परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए कहा कि वन विभाग एवं जिला प्रशासन पीड़ित परिवार के साथ खड़ा है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि शासन की ओर से नियमानुसार आगे की सहायता एवं मुआवजा प्रक्रिया भी शीघ्र पूरी की जाएगी। प्रशासन ने ग्रामीणों से अपील की कि हाथियों की आवाजाही वाले क्षेत्रों में सतर्कता बरतें तथा किसी भी आपात स्थिति में तुरंत वन विभाग को सूचना दें, ताकि इस प्रकार की घटनाओं से बचा जा सके।
कोरबा | कोरबी चोटिया ब्रेकिंग न्यूज़
✍️ सुशील जायसवाल 24 घंटे में हाथी के हमले से दो महिलाओं की मौत, गांवों में दहशत कोरबी चोटिया। कटघोरा वनमंडल से एक बार फिर दिल दहला देने वाली खबर सामने आई है। जड़गा वन परिक्षेत्र के ग्राम बिंझरा में जंगली हाथी के हमले में एक महिला की दर्दनाक मौत हो गई। मृतका की पहचान मीना बाई (36 वर्ष), पति रामकुमार के रूप में हुई है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, मीना बाई सुबह अपने घर से बाड़ी की ओर जा रही थीं, तभी रास्ते में अचानक जंगली हाथी से सामना हो गया। हाथी ने महिला पर हमला कर दिया, जिससे मौके पर ही उनकी मौत हो गई। घटना के बाद गांव में अफरा-तफरी मच गई और ग्रामीणों में भय का माहौल बन गया। गौरतलब है कि इससे पहले चैतमा क्षेत्र में भी हाथी के हमले में एक महिला की जान जा चुकी है। महज 24 घंटे के भीतर हुई दूसरी मौत ने वन एवं सीमावर्ती गांवों की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। घटना की सूचना मिलते ही वन विभाग और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंच गई। अधिकारियों द्वारा ग्रामीणों को सतर्क रहने की अपील की जा रही है, वहीं हाथी की गतिविधियों पर नजर रखने के लिए गश्त बढ़ा दी गई है। लगातार हो रही इन घटनाओं से ग्रामीणों में आक्रोश और भय दोनों है। ग्रामीणों ने वन विभाग से हाथियों के स्थायी समाधान और प्रभावित परिवार को तत्काल मुआवजा देने की मांग की है।
दर्री में एनटीपीसी गेट हादसा: मंगलवार रात सामने आया सीसीटीवी फुटेज, वीडियो में कैद हुई भयावह टक्कर
✍️ भागीरथी यादव कोरबा (दर्री)। दर्री क्षेत्र स्थित एनटीपीसी अगरखर एंट्री गेट पर हुए भीषण सड़क हादसे का सीसीटीवी फुटेज मंगलवार रात सामने आया है। फुटेज में साफ तौर पर देखा जा सकता है कि एक युवक तेज रफ्तार में बाइक चलाते हुए सीधे बंद एंट्री गेट से जा टकराता है। टक्कर इतनी भीषण थी कि बाइक बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई और युवक उछलकर सड़क पर गिर पड़ा। जानकारी के अनुसार यह हादसा देर रात हुआ था। सीसीटीवी फुटेज के सामने आने के बाद घटना की भयावहता और गंभीरता उजागर हो गई है। वीडियो के आधार पर पुलिस ने मामले की जांच तेज कर दी है और दुर्घटना के वास्तविक कारणों की पड़ताल की जा रही है। फिलहाल पुलिस सीसीटीवी फुटेज को अहम सबूत मानते हुए आगे की कार्रवाई कर रही है। हादसे का वीडियो सोशल मीडिया पर भी तेजी से वायरल हो रहा है।
नुनेरा प्रीमियर लीग का आगाज़, ग्रामीण प्रतिभाओं को मिला नया मंच
पाली से ज्ञान शंकर तिवारी पाली। ग्राम नुनेरा में क्रिकेट प्रेमियों के लिए उत्सव जैसा माहौल बन गया है। टीम AJ नुनेरा के तत्वावधान में नुनेरा प्रीमियर लीग (NPL) सत्र 2025–26 का भव्य शुभारंभ किया गया। इस आयोजन ने न केवल गांव बल्कि आसपास के क्षेत्रों में भी खेल प्रेमियों के बीच जबरदस्त उत्साह भर दिया है। टूर्नामेंट का उद्घाटन पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ पूजा-अर्चना और नारियल फोड़कर किया गया। इस अवसर पर ग्राम पंचायत नूनेरा के सरपंच प्रतिनिधि श्री मुकेश श्रोते, भाजपा मंडल पाली के महामंत्री श्री तारकेश्वर पटवा सहित आयोजन समिति के सदस्य, खिलाड़ी और बड़ी संख्या में ग्रामीण दर्शक मौजूद रहे। उद्घाटन मैच के साथ ही प्रतियोगिता ने रोमांचक शुरुआत की। नुनेरा प्रीमियर लीग में टेनिस बॉल से 8 ओवर के मुकाबले खेले जा रहे हैं, जबकि सेमीफाइनल और फाइनल मुकाबले 10 ओवर के होंगे। सीमित ओवरों के इस प्रारूप ने मैचों को और अधिक रोमांचक बना दिया है, जिससे दर्शकों को हर गेंद पर रोमांच देखने को मिल रहा है। आयोजन समिति के अनुसार प्रतियोगिता में विजेता टीम को ₹40,000 नकद, उपविजेता को ₹20,000 नकद, जबकि तृतीय पुरस्कार ₹5,000 एवं कप प्रदान किया जाएगा, जो श्री तारकेश्वर पटवा की ओर से दिया जाएगा। इसके अलावा मैन ऑफ द मैच और मैन ऑफ द सीरीज जैसे व्यक्तिगत पुरस्कार भी ₹2,000 की नकद राशि के साथ खिलाड़ियों को दिए जाएंगे। प्रतियोगिता में भाग लेने वाली टीमों के लिए ₹300 प्रवेश शुल्क निर्धारित किया गया है। यह टूर्नामेंट 17 दिसंबर 2025 से प्रारंभ हुआ है। आयोजन समिति ने बताया कि इस प्रतियोगिता का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण अंचल के युवाओं को खेल के प्रति प्रेरित करना, उनकी छिपी प्रतिभा को निखारना और उन्हें आगे बढ़ने का अवसर प्रदान करना है। नुनेरा प्रीमियर लीग को लेकर गांव और आसपास के क्षेत्रों में उत्साह चरम पर है। हर मैच में बड़ी संख्या में दर्शकों की मौजूदगी यह साबित कर रही है कि ग्रामीण खेल प्रतिभाओं के लिए ऐसे आयोजन न केवल मनोरंजन बल्कि भविष्य की नई संभावनाओं के द्वार भी खोल रहे हैं।
हाथी का कहर: गांव में दहशत, महिला की दर्दनाक मौत
पाली से ज्ञान शंकर तिवारी की रिपोर्ट पाली। क्षेत्र में पिछले चार दिनों से डेरा जमाए हुए लोनर हाथी ने मंगलवार की रात ऐसा तांडव मचाया कि पूरे इलाके में भय और मातम पसर गया। हाथी के हमले में एक महिला की दर्दनाक मौत हो गई, जिससे ग्रामीणों में आक्रोश और दहशत का माहौल है। मंगलवार की रात ग्राम पोटापानी–सोनाईपुर में हाथी की मौजूदगी से हड़कंप मच गया। जैसे ही हाथी गांव की ओर बढ़ा, ग्रामीणों ने मसाल जलाकर और पटाखे फोड़कर उसे भगाने की कोशिश की। शोर-शराबे के बीच स्थिति तब और भयावह हो गई, जब हाथी अचानक आक्रामक हो उठा और मौके पर मौजूद वन विभाग की टीम को भी दौड़ा लिया। कुछ समय के लिए पूरा गांव दहशत के साये में आ गया। काफी मशक्कत के बाद वन विभाग और ग्रामीणों के संयुक्त प्रयास से हाथी को गांव की सीमा से बाहर खदेड़ दिया गया। लोगों ने राहत की सांस ली, लेकिन यह राहत कुछ ही घंटों की साबित हुई। गांव से निकलते ही हाथी लीमपानी क्षेत्र की ओर पहुंच गया, जहां उसने एक महिला को कुचल दिया। हाथी के हमले में जान गंवाने वाली महिला की पहचान फुलसुंदरी पति टीकैत राम (उम्र लगभग 50 वर्ष) के रूप में हुई है। घटना की खबर फैलते ही पूरे क्षेत्र में सनसनी फैल गई। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है, वहीं ग्रामीणों में भय के साथ गहरा आक्रोश भी देखने को मिल रहा है। सूचना मिलते ही वन विभाग और पुलिस की टीम मौके पर पहुंची। शव को कब्जे में लेकर पंचनामा कार्रवाई की गई और आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू की गई। वन विभाग द्वारा हाथी की लगातार निगरानी की जा रही है तथा आसपास के गांवों के लोगों को सतर्क रहने की अपील की गई है। लगातार हो रही हाथी की आवाजाही से ग्रामीण रातें जागकर काटने को मजबूर हैं। लोगों का कहना है कि जब तक हाथी को सुरक्षित रूप से जंगल के भीतर नहीं भेजा जाता या कोई स्थायी समाधान नहीं निकाला जाता, तब तक जान का खतरा बना रहेगा। ग्रामीणों ने वन विभाग से तत्काल ठोस और स्थायी कार्रवाई की मांग की है।
गुरु घासीदास जयंती पर आस्था का महासंकल्प, पाली में तीन अरब तैंतीस करोड़ राम नाम लेखन का विराट महायज्ञ
✍️ पाली (कोरबा) से ज्ञान शंकर तिवारी की रिपोर्ट मनखे–मनखे एक समान का अमर संदेश देने वाले महान संत, समाज सुधारक एवं सतनाम पंथ के प्रवर्तक गुरु बाबा घासीदास जी की जयंती के पावन अवसर पर कोरबा जिले के पाली क्षेत्र में आस्था, श्रद्धा और समरसता का अनुपम दृश्य साकार होने जा रहा है। सनातन हिन्दू समाज के तत्वावधान में भव्य राम नाम लेखन महायज्ञ का शुभारंभ किया जा रहा है, जिसके अंतर्गत तीन अरब तैंतीस करोड़ राम नाम लेखन का विराट और ऐतिहासिक लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इस आध्यात्मिक महासंकल्प को जन–जन तक पहुंचाने के लिए पाली विकासखंड को 14 मंडलों में विभाजित किया गया है। प्रत्येक मंडल की जिम्मेदारी समाज के पदाधिकारियों और समर्पित सामाजिक कार्यकर्ताओं को सौंपी गई है, जो पूरे समन्वय और अनुशासन के साथ आयोजन को गति दे रहे हैं। महायज्ञ को लेकर गांव–गांव में जनसंपर्क अभियान तेज हो चुका है। घर-घर राम नाम लेखन की पुस्तिकाएं पहुंचाई जा रही हैं। महिलाएं, पुरुष, युवा और बुजुर्ग—सभी वर्गों में अद्भुत उत्साह देखने को मिल रहा है। जैसे-जैसे राम नाम लेखन प्रारंभ हो रहा है, वैसे-वैसे क्षेत्र में भक्ति, शांति और सकारात्मक ऊर्जा का संचार महसूस किया जा रहा है। यह राम नाम लेखन महायज्ञ गुरु घासीदास जी के जन्मदिवस से प्रारंभ होकर 24 दिसम्बर तक निरंतर चलेगा। इस अवधि में श्रद्धालु सामूहिक एवं व्यक्तिगत रूप से राम नाम लेखन कर आध्यात्मिक साधना करेंगे। 25 दिसम्बर को महायज्ञ का भव्य समापन राम नाम संकीर्तन, भजन-कीर्तन एवं राम खिचड़ी प्रसाद वितरण के साथ किया जाएगा। आयोजकों का कहना है कि यह आयोजन केवल धार्मिक अनुष्ठान नहीं, बल्कि सामाजिक समरसता, भाईचारे और नैतिक चेतना को मजबूत करने का अभियान है। राम नाम लेखन के माध्यम से समाज को एक सूत्र में बांधने, सद्भाव और मानवता के मूल्यों को सुदृढ़ करने का संदेश दिया जा रहा है। पूरे पाली अंचल में इस महायज्ञ को लेकर भक्तिमय वातावरण बन चुका है और हजारों श्रद्धालुओं की सहभागिता से यह आयोजन आस्था, एकता और संस्कारों का ऐतिहासिक अध्याय रचने की ओर अग्रसर है।
कोरबा में दो दिनों तक मांस विक्रय पर पूर्ण प्रतिबंध, नगर निगम का आदेश जारी
कोरबा। नगर पालिक निगम कोरबा ने धार्मिक आस्था और परंपराओं को ध्यान में रखते हुए शहर में दो दिनों तक मांस विक्रय पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने का आदेश जारी किया है। निगम के आदेश के अनुसार 18 दिसंबर 2025 (गुरु घासीदास जयंती) एवं 19 दिसंबर 2025 (संत गुरु घासीदास/संत तारण तारन जयंती) के अवसर पर नगर निगम सीमा क्षेत्र अंतर्गत संचालित समस्त पशुवध गृह एवं मांस विक्रय की दुकानें बंद रहेंगी। नगर निगम द्वारा जारी आदेश में स्पष्ट किया गया है कि उक्त तिथियों में किसी भी प्रकार का पशुवध पूर्णतः प्रतिबंधित रहेगा। साथ ही मांस विक्रय करने वाली सभी दुकानों को अनिवार्य रूप से बंद रखने के निर्देश दिए गए हैं। आदेश का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई है। नियमों का पालन न करने पर मांस जब्त कर संबंधित के विरुद्ध विधिसम्मत कानूनी कार्रवाई की जाएगी। नगर निगम प्रशासन ने इस आदेश के पालन हेतु संबंधित जोन प्रभारियों, पशु चिकित्सा विभाग, थाना प्रभारियों एवं निगम अमले को सतर्क रहने और आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। इसके साथ ही आम नागरिकों एवं व्यापारियों से सहयोग की अपील की गई है ताकि शांति, सौहार्द और धार्मिक भावनाओं का सम्मान सुनिश्चित किया जा सके। नगर निगम का यह आदेश शहर के सभी प्रमुख क्षेत्रों—कोरबा, परिवहन नगर, कोसाबाड़ी, बालको, दर्री, सर्वमंगला नगर सहित अन्य जोन क्षेत्रों में प्रभावशील रहेगा।
दर्री रोड पर सनसनीखेज आगजनी, खड़ी कार को पेट्रोल डालकर जलाया
व्यापारी की गाड़ी को बनाया निशाना, दो आरोपी हिरासत में, एक फरार कोरबा। कोतवाली थाना क्षेत्र के दर्री रोड पर बीती रात उस वक्त हड़कंप मच गया, जब तीन युवकों ने एक खड़ी कार में पेट्रोल डालकर आग लगा दी। चश्मदीदों के मुताबिक, तीनों युवक करीब 10 मिनट तक कार के आसपास मंडराते रहे। इसके बाद एक युवक ने कार पर पेट्रोल छिड़का, जबकि दूसरे ने माचिस जलाकर आग लगा दी। आगजनी की वारदात को अंजाम देने के बाद तीनों आरोपी मौके से फरार हो गए। कुछ ही देर में कार से लपटें उठने लगीं। आग लगने की सूचना मिलते ही आसपास के लोग और कार मालिक मौके पर पहुंचे और कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। गनीमत रही कि समय रहते आग बुझा ली गई, वरना बड़ा हादसा हो सकता था। मिली जानकारी के अनुसार, आगजनी का शिकार बनी कार एक स्थानीय व्यापारी की बताई जा रही है। इस घटना से इलाके में दहशत और आक्रोश का माहौल है। स्थानीय लोगों का कहना है कि इस तरह की घटनाएं क्षेत्र की कानून-व्यवस्था पर सवाल खड़े करती हैं। मामले की सूचना मिलते ही कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए दो युवकों को हिरासत में ले लिया है, जबकि तीसरा आरोपी फरार बताया जा रहा है, जिसकी तलाश जारी है। पुलिस आगजनी के पीछे के कारणों और आरोपियों के इरादों की गहन जांच कर रही है। घटना के बाद दर्री रोड क्षेत्र में तनाव का माहौल है और लोग आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।
कोरबा में कोयला माफिया पर बड़ा प्रहार: दीपका पुलिस ने अदानी पावर का 335 टन कोयला किया जब्त, 5 आरोपी गिरफ्तार
✍️ भागीरथी यादव कोरबा। दीपका पुलिस ने कोयला अफरा-तफरी करने वाले एक संगठित गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। अदानी पावर प्लांट के लिए गेवरा खदान से जयरामनगर रेलवे साइडिंग ले जाए जा रहे कोयले को बीच रास्ते में अवैध रूप से खपाने की साजिश रच रहे गिरोह के पांच सदस्यों को पुलिस ने धर दबोचा है। कार्रवाई के दौरान करीब 5 लाख 76 हजार रुपये मूल्य का 335 टन कोयला और 6 ट्रेलर जब्त किए गए हैं, जबकि कई आरोपी अब भी फरार बताए जा रहे हैं। पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थ तिवारी के अवैध कारोबार पर सख्त अंकुश लगाने के निर्देशों के तहत, एएसपी नीतिश ठाकुर एवं सीएसपी दर्री विमल कुमार पाठक के मार्गदर्शन में दीपका पुलिस लगातार निगरानी कर रही थी। इसी क्रम में थाना प्रभारी प्रेमचंद साहू को मुखबिर से सूचना मिली कि एसईसीएल गेवरा खदान से लोड ट्रेलर निर्धारित गंतव्य के बजाय कहीं और ले जाए जा रहे हैं। सूचना मिलते ही पुलिस हरकत में आई और घेराबंदी कर तीन कोयला लोड ट्रेलरों को पकड़ा गया। जांच में खुलासा हुआ कि यह कोयला अदानी पावर प्लांट के लिए जयरामनगर रेलवे साइडिंग पहुंचाया जाना था, लेकिन उसे अवैध रूप से दूसरे ठिकानों पर खपाने की तैयारी थी। पुलिस ने कड़ी से कड़ी जोड़ते हुए पूरे नेटवर्क का पर्दाफाश किया। मामले में पुलिस ने लक्ष्मण कुमार (25) निवासी मस्तुरी बिलासपुर, तुषार खांडे (24) निवासी परसदा सकरी, गोपी किशन सोनझरी (22) निवासी खमरिया बिलासपुर, दुर्गेश कुमार साहू (22) निवासी कोरबी हरदीबाजार और अतीक मेमन (26) निवासी हरदीबाजार को गिरफ्तार किया है। आरोपियों की निशानदेही पर भारी मात्रा में कोयला बरामद किया गया। इसके साथ ही अवैध परिवहन में प्रयुक्त ट्रेलर क्रमांक CG 12 BG 5024, CG 12 BQ 9913, CG 12 BJ 4253, CG 15 EH 2713, CG 10 BP 5301 एवं CG 10 BU 9401 को भी जब्त कर लिया गया है। सभी आरोपियों को वैधानिक कार्रवाई के बाद न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है। फिलहाल दीपका पुलिस कोयला तस्करी के इस नेटवर्क से जुड़े फरार आरोपियों की तलाश में जुटी हुई है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि कोयले के अवैध कारोबार पर आगे भी इसी तरह सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
**नाबालिग का अश्लील वीडियो वायरल, 15 दिन बाद भी आरोपी बेखौफ
पाली से ज्ञान शंकर तिवारी की रिपोर्ट पॉक्सो मामले में पुलिस की सुस्ती पर उठे सवाल, रजक समाज में उबाल** कोरबा जिले के पाली थाना अंतर्गत चैतमा चौकी क्षेत्र के ग्राम बनबांधा में नाबालिग बच्ची का अश्लील वीडियो इंस्टाग्राम पर वायरल होने का सनसनीखेज मामला अब गंभीर रूप ले चुका है। घटना को पंद्रह दिन से अधिक समय बीत चुका है, लेकिन नामजद आरोपी युवक रतिराम यादव अब तक पुलिस की गिरफ्त से बाहर है। न गिरफ्तारी हुई, न पूछताछ—जिससे पीड़ित परिवार और समाज में भारी आक्रोश फैलता जा रहा है। पीड़ित परिवार का आरोप है कि उन्होंने पुलिस को वीडियो के स्क्रीनशॉट, इंस्टाग्राम लिंक और आरोपी द्वारा भेजे गए धमकी भरे मोबाइल संदेश जैसे महत्वपूर्ण सबूत सौंप दिए हैं। इसके बावजूद जांच की रफ्तार बेहद सुस्त है। इस लापरवाही का सबसे बड़ा खामियाजा नाबालिग बच्ची भुगत रही है, जो मानसिक तनाव, भय और सामाजिक बदनामी के बीच जीने को मजबूर है। पुलिस की भूमिका पर सवाल स्थानीय लोगों और रजक समाज का कहना है कि पॉक्सो एक्ट जैसे गंभीर और संवेदनशील कानून से जुड़े मामले में पुलिस की यह ढिलाई न केवल चिंता का विषय है, बल्कि संदेह भी पैदा करती है। समाज के प्रतिनिधियों ने चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र आरोपी की गिरफ्तारी कर कड़ी कार्रवाई नहीं की गई, तो जिला स्तर पर बड़ा आंदोलन छेड़ा जाएगा। रजक समाज के अध्यक्ष धीरपाल निर्मलकर ने बताया कि पीड़िता को थाना पाली, व्यवहार न्यायालय पाली और कटघोरा थाना—तीनों जगह बुलाकर बयान दर्ज कराए गए। इसके बावजूद आरोपी से अब तक कोई पूछताछ नहीं की गई है। उन्होंने सवाल उठाया कि जब मामला चैतमा चौकी और पाली थाना क्षेत्र का है, तो जांच कटघोरा थाना प्रभारी को क्यों सौंपी गई? समाज का मानना है कि इससे जांच प्रभावित हो सकती है और आरोपी को अप्रत्यक्ष लाभ मिल रहा है। “जांच जारी है” तक सीमित जवाब सूत्रों के अनुसार, पुलिस हर सवाल के जवाब में केवल “जांच जारी है” कहकर जिम्मेदारी से बचती नजर आ रही है। जमीनी स्तर पर न तो ठोस कार्रवाई दिखाई दे रही है और न ही पीड़ित परिवार को न्याय का भरोसा मिल पा रहा है। इधर, पीड़ित परिवार ने उच्च पुलिस अधिकारियों, महिला आयोग और अन्य संवैधानिक संस्थाओं के पास जाने की तैयारी शुरू कर दी है। यह मामला अब सिर्फ एक नाबालिग के साथ हुए साइबर अपराध तक सीमित नहीं रहा, बल्कि पुलिस की कार्यप्रणाली, संवेदनशील मामलों में तत्परता और जवाबदेही पर बड़ा सवाल बन चुका है। अब सबसे बड़ा प्रश्न यही है—प्रशासन कब जागेगा और पीड़ित नाबालिग को न्याय कब मिलेगा?
स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट शासकीय अंग्रेजी माध्यम विद्यालय कोरबी में सरस्वती पूजन हर्षोल्लास से संपन्न
















