शराबी बेटे ने पिता पर तलवार से किया हमला, आरोपी गिरफ्तार
रिपोर्ट : सुशील जायसवाल कोरबी/चोटिया। पसान थाने के तहत कोरबी चौकी क्षेत्र के ग्राम झिनपुरी में 11 दिसंबर की दोपहर बड़ी घटना सामने आई। शराब के नशे में धुत बलजोर सिंह मरावी (26) घर में रखे धान को बेचने ले जा रहा था। पिता दुर्जन सिंह मरावी (55) ने इसका विरोध किया, तो बेटा आवेश में आकर तलवार से गर्दन पर जानलेवा वार कर बैठा। समय रहते पिता ने गर्दन झुका ली, जिससे उनकी जान बच गई, लेकिन एक कान कटकर झूल गया। घटना की सूचना मिलते ही चौकी प्रभारी सुरेश कुमार जोगी दल-बल के साथ पहुंचे और घायल को तुरंत पोड़ी उपरोड़ा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भेजा गया। पुलिस ने आरोपी पुत्र के खिलाफ धारा 109 BNS के तहत मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया। न्यायालय में पेशी के दौरान जमानत न मिलने पर आरोपी को जेल भेज दिया गया।
तांत्रिक ने पैसा नहीं बलि की चाह में तीन लोगों को उतारा मौत के घाट
✍️ भागीरथी यादव कोरबा – तीन लोगों की हत्या कांड में अब एक ऐसा खुलासा हुआ है जिसने पूरे प्रदेश को हिला दिया है। सूत्रों के अनुसार इस जघन्य वारदात के केंद्र में एक तांत्रिक की कथित ‘मानव बलि’ वाली काली सोच और तंत्र क्रिया के नाम पर रची गई खतरनाक योजना शामिल थी। सूत्रों के अनुसार तांत्रिक ने तीनों मृतकों को विशेष तंत्र-पूजा और कई गुना आर्थिक लाभ का झांसा देकर अपने जाल में फँसाया। उसने उन्हें फार्महाउस में बुलाने की पूरी योजना पहले से ही तैयार कर रखी थी। पूजा-अनुष्ठान का बहाना देकर ही तीनों को मौत के इस क्रूर जाल में धकेला गया। सूत्र बताते हैं कि पुलिस की प्रारंभिक जांच में कई हैरतअंगेज सुराग मिले हैं, जो इस पूरे मामले की दिशा बदल सकते हैं। संदेह गहराने पर पुलिस ने संदिग्ध तांत्रिक को हिरासत में लेकर उससे गहन पूछताछ शुरू कर दी है। पूछताछ में और भी चौंकाने वाले खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है। वारदात के बाद पूरे क्षेत्र में दहशत, आक्रोश और अविश्वास का माहौल है। स्थानीय लोग इस निर्मम हत्या के पीछे छिपी काली मंशाओं को देखते हुए कठोरतम कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। पुलिस अब हर उस कड़ी को खंगाल रही है, जो इस ट्रिपल मर्डर को एक संगठित और योजनाबद्ध साज़िश की ओर इशारा करती है। मामला जितना आगे बढ़ रहा है, उतना ही यह रहस्य और भयावह होता जा रहा है।
धान खरीदी केंद्र नुनेरा में अव्यवस्थाओं के खिलाफ कांग्रेस का जोरदार धरना प्रदर्शन
पाली से ज्ञान शंकर तिवारी की रिपोर्ट पाली/नुनेरा। धान खरीदी केंद्र नुनेरा में चल रही अव्यवस्थाओं और किसानों की लगातार उपेक्षा के खिलाफ कांग्रेस पार्टी के कार्यकर्ताओं और स्थानीय किसानों ने आज जोरदार धरना-प्रदर्शन किया। प्रदर्शन स्थल पर भारी संख्या में पार्टी पदाधिकारी, ग्रामीण और किसान एकत्रित हुए तथा प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। कांग्रेस नेताओं का आरोप है कि केंद्र में किसानों का धान समय पर नहीं खरीदा जा रहा है, जिससे किसानों को कई दिनों से भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। नेताओं ने कहा कि प्रशासनिक लापरवाही के कारण किसान बार-बार केंद्र का चक्कर काटने को मजबूर हैं, परंतु धान खरीदी की प्रक्रिया में तेजी नहीं लाई जा रही है। धरना सभा को संबोधित करते हुए पार्टी पदाधिकारियों ने चेतावनी दी कि यदि धान खरीदी व्यवस्था में जल्द सुधार नहीं किया गया तो आंदोलन को और उग्र रूप दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि किसान प्रदेश की रीढ़ हैं और उनकी परेशानी किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। धरना स्थल पर उपस्थित प्रमुख नेताओं में ग्रामीण जिला अध्यक्ष कोरबा मनोज चौहान, ब्लॉक अध्यक्ष पाली यशवंत लाल, वरिष्ठ कांग्रेस नेता राम, दुलेश्वरी सिदार, खिलावन तिवारी, राजेश पूरी गोस्वामी, सरदेशी राम देवांगन, सुकालू राम पटेल, कादिर हुसैन, शिवदास मानिकपुरी, ज्ञान शंकर तिवारी, अमरिका पटेल, कृष्णा अहीर, शंकर सिंह, रमेश अहीर, शुभम् शुक्ला, प्रकाश तिवारी, महेंद्र सिंह ठाकुर, नारायण सिंह राजपूत, पंचराम, डीके आदिले, कमल दास, दीपक जायसवाल, सुरभवन कंवर, अनूप कंवर, नरेंद्र सिंह, देवेंद्र यादव, ठंडाराम, कुशाल सिंह, राधे देवांगन सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता और स्थानीय किसान शामिल रहे। किसानों की आवाज को मजबूत करने के लिए हुए इस प्रदर्शन से क्षेत्र में धान खरीदी व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं और अब सभी की नजर प्रशासन की अगली कार्रवाई पर टिकी है।
कोरबा दर्री में बढ़ी बाइक चोरी की वारदातें: एक ही इलाके से 2 वाहन गायब, एफआईआर दर्ज — पुलिस ने जांच तेज की
✍️ भागीरथी यादव कोरबा। दर्री क्षेत्र में दिसंबर की शुरुआत चोरी की घटनाओं से दहशत भरी रही है। साडा कॉलोनी क्षेत्र में एक ही सप्ताह के भीतर दो मोटरसाइकिल चोरी होने से लोगों में असुरक्षा की भावना बढ़ गई है। मामलों में एफआईआर दर्ज कर ली गई है और दर्री पुलिस ने जांच तेज कर दी है। पहली घटना 1 दिसंबर को हुई, जब साडा कॉलोनी श्याम नगर के पास से हीरो सीडी डीलक्स बाइक चोरी हो गई। यह बाइक संजू यादव, निवासी केजीएन मार्ग, एनटीपीसी प्लांट रोड, की बताई जा रही है। दूसरी घटना 7 दिसंबर की रात घटी, जब साडा कॉलोनी स्थित अग्रवा भवन के पास से हीरो स्प्लेंडर बाइक को चोर उठा ले गए। यह बाइक देवेंद्र यादव, निवासी सिंचाई कॉलोनी, दर्जी, की थी। एक ही क्षेत्र से कम समय में दो बाइक चोरी होने से पुलिस भी अलर्ट मोड में आ गई है। दर्री पुलिस इन मामलों को गंभीरता से लेते हुए हर पहलू की जांच कर रही है और जल्द ही चोरों को पकड़ने का दावा कर रही है। इलाके में सीसीटीवी फुटेज की जांच जारी है, साथ ही गश्त भी बढ़ा दी गई है। पुलिस ने क्षेत्रवासियों से अपने वाहनों को सुरक्षित स्थान पर रखने और सतर्क रहने की अपील की है।
कोरबा में श्रीराम फाइनेंस ऑफिस में भीषण आग, चार दमकल वाहनों ने घंटों की मशक्कत के बाद पाया काबू
✍️ भागीरथी यादव कोरबा। कटघोरा रोड स्थित श्रीराम फाइनेंस कंपनी के ऑफिस में बुधवार की देर रात अचानक भीषण आग लग गई। घटना लगभग रात 12 बजे की है। पास के आईसीआईसीआई बैंक एटीएम में तैनात सुरक्षा गार्ड ने ऑफिस से धुआँ निकलते देखा और तुरंत अधिकारियों को सूचना दी। सूचना मिलते ही दमकल विभाग की टीम मौके पर पहुँची, लेकिन तब तक आग ने विकराल रूप ले लिया था। लगातार फैल रही लपटों को नियंत्रित करने के लिए चार दमकल वाहनों की मदद ली गई। करीब घंटेभर की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया जा सका। आग इतनी भीषण थी कि ऑफिस का अधिकांश फर्नीचर, दस्तावेज और इलेक्ट्रॉनिक सामान जलकर राख हो गया। प्रारंभिक जानकारी में शॉर्ट सर्किट की आशंका जताई जा रही है, हालांकि सटीक कारण का पता लगाने के लिए जांच जारी है। सौभाग्य से हादसे में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है, लेकिन भारी आर्थिक नुकसान की आशंका जताई जा रही है।
कोरबा में तिहरा हत्याकांड: स्क्रैप व्यवसायी अशरफ मेमन सहित तीन लोगों के शव मिलने से मचा हड़कंप
✍️ भागीरथी यादव छत्तीसगढ़ के कोरबा में बुधवार देर रात एक भयावह घटना सामने आई, जिसने पूरे शहर को दहशत में डाल दिया। शहर के बाहरी इलाके में स्थित एक फार्महाउस से स्क्रैप व्यवसायी अशरफ मेमन सहित तीन लोगों के शव बरामद हुए हैं। प्रारंभिक जांच में आशंका जताई जा रही है कि तीनों की गला घोंटकर हत्या की गई है। घटना का खुलासा तब हुआ जब देर रात पुलिस को फार्महाउस में संदिग्ध परिस्थितियों की सूचना मिली। मौके पर पहुँची पुलिस टीम ने भीतर अशरफ मेमन, कोरबा के एक युवक और बिलासपुर निवासी एक युवक के शव पाए। जिस क्रूरता के साथ हत्या की गई है, उसने पुलिस और स्थानीय लोगों को स्तब्ध कर दिया है। फार्महाउस को तुरंत सील कर दिया गया है। फॉरेंसिक टीम ने रातभर महत्वपूर्ण साक्ष्य एकत्र किए। पुलिस ने जांच तेज करते हुए तीन संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। शुरुआती इनपुट्स के आधार पर पुलिस का मानना है कि जल्द ही तिहरे हत्याकांड की वजह और योजना का खुलासा संभव होगा। मृतकों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। रिपोर्ट आने पर हत्या के तरीके और समय से जुड़े अहम तथ्य सामने आने की उम्मीद है। पुलिस इस घटना को आपसी विवाद, लेन-देन में टकराव या व्यावसायिक तनाव से जोड़कर भी जांच कर रही है, हालांकि अभी किसी भी निष्कर्ष पर नहीं पहुँचा गया है। इस वारदात से कोरबा में खौफ और तनाव का माहौल बन गया है। स्थानीय व्यापार जगत में भी नाराजगी और चिंता है, क्योंकि अशरफ मेमन लंबे समय से स्क्रैप व्यवसाय से जुड़े हुए थे और शहर में उनका व्यापक परिचय था। पुलिस प्रशासन ने लोगों से अफवाहों से बचने और आधिकारिक जानकारी पर भरोसा रखने की अपील की है।
चैतमा धान उपार्जन केंद्र का कांग्रेस जिलाध्यक्ष ने किया निरीक्षण, किसानों की समस्याओं पर जताई गंभीर चिंता
ज्ञान शंकर तिवारी की रिपोर्ट कोरबा। प्रदेश कांग्रेस कमेटी रायपुर के निर्देश पर जिला कांग्रेस कमेटी ग्रामीण कोरबा के अध्यक्ष मनोज चौहान ने धान उपार्जन केंद्रों के सघन निरीक्षण अभियान के तहत मंगलवार को चैतमा (गोपालपुर) धान उपार्जन केंद्र का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने किसानों, हमालों और समिति प्रबंधन से चर्चा कर वास्तविक समस्याओं का जायजा लिया। पाली से ज्ञान शंकर तिवारी की विशेष रिपोर्ट। निरीक्षण के दौरान किसानों ने बताया कि ऑनलाइन टोकन में लगातार तकनीकी गड़बड़ियां आ रही हैं, जिसके कारण उन्हें समय पर टोकन नहीं मिल पा रहा। वहीं ऑफलाइन प्रक्रिया में भी सर्वर समस्या के चलते किसान घंटों लाइन में खड़े रहने को मजबूर हैं। किसानों का कहना है कि सरकार द्वारा बार-बार नियम बदलने से असमंजस की स्थिति बन रही है और उनकी मेहनत की कमाई समय पर बेचने में परेशानी बढ़ रही है। जिलाध्यक्ष मनोज चौहान ने किसानों को आश्वासन दिया कि उनकी सभी समस्याओं को उच्च स्तर पर उठाया जाएगा। उन्होंने धान उपार्जन केंद्र प्रभारी, आदिम जाति सेवा सहकारी समिति चैतमा (पं. क्र. 3050) के प्रबंधक को निर्देशित किया कि किसानों की समस्याओं का त्वरित समाधान सुनिश्चित किया जाए। निरीक्षण के दौरान हमालों से भी मजदूरी और कार्य स्थितियों को लेकर चर्चा की गई। इस मौके पर डी.के. आदिले, अमूंदलाल भारीया, पराग मरावी सहित कांग्रेस कार्यकर्ता बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। कांग्रेस जिलाध्यक्ष ने कहा कि पार्टी किसानों के साथ खड़ी है और हर स्तर पर उनकी समस्याओं के समाधान के लिए संघर्ष करेगी।
डॉक्टरों के PG कोटा में कटौती के विरोध में उबाल—कोरबा में सौंपा गया ज्ञापन, 50% कोटा बहाली की मांग तेज
✍️ भागीरथी यादव कोरबा। छत्तीसगढ़ में डॉक्टरों के पोस्ट ग्रेजुएट (PG) कोटा को 50% से घटाकर 25% किए जाने के राज्य सरकार के निर्णय के खिलाफ चिकित्सक समाज में गहरा आक्रोश देखने को मिल रहा है। इसी कड़ी में मंगलवार को कोरबा में डॉक्टरों और जनप्रतिनिधियों ने जिलाधीश एवं कार्यपालक दंडाधिकारी के माध्यम से स्वास्थ्य सचिव को ज्ञापन सौंपकर कोटा बहाली की मांग उठाई। ज्ञापन में स्पष्ट कहा गया कि PG कोटा में कटौती प्रदेश में सेवा दे रहे डॉक्टरों के अधिकारों पर सीधा प्रहार है, विशेषकर वे डॉक्टर जो पहाड़ी, वनांचल और दुर्गम क्षेत्रों में सीमित संसाधनों के बीच निरंतर सेवाएं दे रहे हैं। महामारी के दौर में अपनी जान जोखिम में डालकर सेवा करने वाले इन चिकित्सकों के लिए यह फैसला अन्यायपूर्ण बताया गया। ज्ञापन में यह भी उल्लेख किया गया कि PG कोटा में कटौती से राज्य की स्वास्थ्य व्यवस्था पर दीर्घकालिक प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है, क्योंकि इससे युवा डॉक्टरों का मनोबल टूटेगा और दुर्गम क्षेत्रों में सेवाएं देने की प्रेरणा भी कम होगी। प्रदर्शनकारियों ने शासन से मांग की कि डॉक्टरों का PG कोटा तत्काल प्रभाव से पुनः 50% बहाल किया जाए, ताकि उनकी भविष्य सुरक्षा, कार्य संतुष्टि और अधिकार संरक्षित रह सकें। इस दौरान राकेश पंकज, युवा नेता पवन विश्वकर्मा, कमलेश गर्ग, महामंत्री विवेक श्रीवास, ब्लॉक अध्यक्ष रविश यादव और संगठन महामंत्री अमित सिंह विशेष रूप से मौजूद रहे। सभी ने इस निर्णय को प्रदेश के चिकित्सा तंत्र के लिए हानिकारक बताते हुए सरकार से तुरंत हस्तक्षेप की मांग की।
एनटीपीसी कॉलोनी के अंदर मुख्य द्वार के पास दो बाइक की हल्की भिड़ंत, एक व्यक्ति बेहोश, मौके पर जुटी भीड़
✍️ भागीरथी यादव कोरबा। दर्री एनटीपीसी कॉलोनी के अंदर मुख्य द्वार के पास आज दोपहर दो दोपहिया वाहनों की हल्की टक्कर हो गई। टक्कर के दौरान एक व्यक्ति बेहोश होकर कॉलोनी के अंदर ही सड़क पर गिर पड़ा। हादसा देखते ही आसपास मौजूद लोगों की भीड़ मौके पर जमा हो गई और लोगों ने मिलकर घायल को तुरंत एनटीपीसी हॉस्पिटल पहुँचाया, जहाँ उसका उपचार जारी है। जानकारी के मुताबिक दोनों वाहन तेज रफ़्तार में नहीं थे। कॉलोनी के अंदर मोड़ पर अचानक सामने आने से यह हल्की टक्कर हुई। घटना में किसी भी वाहन को नुकसान नहीं हुआ है। अस्पताल सूत्रों के अनुसार घायल की स्थिति स्थिर बताई जा रही है।
**दीपका में बिजली व्यवस्था संभालने वाले लोकप्रिय सहायक अभियंता का स्थानांतरण
✍️ भागीरथी यादव ग्राम पंचायत से लेकर विधायक तक उठी ज़बरदस्त आपत्ति, विभाग पर बढ़ा दबाव** भिलाई बाजार/कटघोरा (कोरबा)। दीपका क्षेत्र की बिजली व्यवस्था को वर्षों से मजबूत और सुचारु बनाए रखने वाले सहायक अभियंता श्री सरेंद्र दिवाकर के स्थानांतरण ने क्षेत्र में गहरी नाराज़गी पैदा कर दी है। ग्रामीणों, जनप्रतिनिधियों और ग्राम पंचायत के बाद अब स्थानीय विधायक प्रेमचंद पटेल भी खुलकर उनके समर्थन में उतर आए हैं। इससे स्थानांतरण रोकने के लिए विभाग पर भारी दबाव बन गया है। — ग्राम पंचायत ने मोर्चा खोला, कहा— “यह जनता से छेड़छाड़ जैसा निर्णय” ग्राम पंचायत भिलाई बाजार की सरपंच श्रीमती रजनी मरकाम ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि दिवाकर का स्थानांतरण जनहित के प्रतिकूल है। अपने पत्र में उन्होंने लिखा— > “दिवाकर की कार्यकुशलता, तत्परता और संवेदनशीलता से दीपका क्षेत्र में बिजली व्यवस्था हमेशा बेहतर रही है। किसी भी समय समस्या बताने पर उनका समाधान तत्काल मिलता है। ऐसे अधिकारी का स्थानांतरण जनता के साथ अन्याय है।” पंचायत ने यह भी बताया कि दीपका क्षेत्र के अंतर्गत लगभग 100 से अधिक ग्राम पंचायतें और नगर पालिका क्षेत्र आते हैं। दिवाकर की सेवाओं के कारण बिजली संबंधी शिकायतें वर्षों से नियंत्रित रहीं, इसलिए अचानक स्थानांतरण को अव्यवस्था की आशंका के रूप में देखा जा रहा है। — विधायक का सख्त रुख— स्थानांतरण रोकने की अनुशंसा पंचायत से आवेदन मिलने के बाद विधायक प्रेमचंद पटेल ने छत्तीसगढ़ राज्य विद्युत वितरण कंपनी के प्रबंध निदेशक को पत्र लिखकर दिवाकर का स्थानांतरण रोकने की दृढ़ अनुशंसा की है। उन्होंने कहा— > “जनता का भरोसा जीतने वाले अधिकारी को बिना किसी विशेष कारण हटाना उचित नहीं है। क्षेत्र की मांग को देखते हुए स्थानांतरण तत्काल निरस्त किया जाए।” विधायक ने अपने पत्र की प्रतिलिपि बिलासपुर और कोरबा के वरिष्ठ अधिकारियों को भेजकर मामले की गंभीरता बढ़ा दी है। — ग्रामीणों की चेतावनी— ‘फैसला वापस नहीं हुआ तो उग्र आंदोलन होगा’ दीपका क्षेत्र के ग्रामीणों ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि स्थानांतरण आदेश में संशोधन नहीं किया गया तो वे सड़क से कार्यालय तक आंदोलन करने को मजबूर होंगे। उनका कहना है— > “दिवाकर के रहते बिजली कटौती, ट्रांसफॉर्मर खराबी और लाइन फॉल्ट जैसी समस्याएँ लगभग खत्म हो चुकी थीं। उनका तबादला पूरे क्षेत्र के लिए नुकसानदायक होगा।” — अब विभाग की परीक्षा— जनता की मांग मानेगा या औपचारिक नीति? जनप्रतिनिधियों और विधायक के विरोध के बाद अब गेंद ऊर्जा विभाग के पाले में है। यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि विभाग जनता की संतुष्टि को प्राथमिकता देता है या फिर औपचारिक स्थानांतरण नीति को आगे रखता है। फिलहाल दीपका क्षेत्र में सिर्फ एक ही आवाज गूंज रही है— > “दिवाकर को वापस रखो… यही जनता की मांग है।”
स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट शासकीय अंग्रेजी माध्यम विद्यालय कोरबी में सरस्वती पूजन हर्षोल्लास से संपन्न















