नववर्ष पर पत्रकारों की एकजुटता का संदेश
पाली से ज्ञान शंकर तिवारी सर्व पत्रकार एकता महासंघ छत्तीसगढ़ ने दी देश–प्रदेशवासियों को नववर्ष की शुभकामनाएं कोरबा (सुघर गांव)। नववर्ष के पावन अवसर पर सर्व पत्रकार एकता महासंघ छत्तीसगढ़ की ओर से देश एवं प्रदेशवासियों को हार्दिक शुभकामनाएं एवं बधाई दी गई। महासंघ के प्रदेशाध्यक्ष प्रमोद कुमार बंजारे एवं प्रदेश सचिव श्रवण घृतलहरे ने कहा कि नया वर्ष पत्रकारिता जगत के लिए सुरक्षा, सम्मान और सशक्तिकरण का संदेश लेकर आए—यही महासंघ की कामना है। प्रदेशाध्यक्ष प्रमोद बंजारे ने कहा कि भारतीय लोकतंत्र में मीडिया को ‘चतुर्थ स्तंभ’ का दर्जा प्राप्त है और इस स्तंभ की मजबूती तभी संभव है, जब पत्रकार निर्भीक, सुरक्षित और संगठित हों। छत्तीसगढ़ जैसे राज्य में, जहाँ ग्रामीण एवं दूरस्थ क्षेत्रों में कार्यरत पत्रकार अनेक चुनौतियों से जूझते हैं, वहाँ सर्व पत्रकार एकता महासंघ उनकी आवाज़ बनकर सामने आया है। पत्रकारों के अधिकारों की लड़ाई में सक्रिय महासंघ महासंघ का उद्देश्य केवल संगठन विस्तार नहीं, बल्कि पत्रकारों के अधिकारों, सुरक्षा और सम्मान की रक्षा करना है। संगठन लंबे समय से पत्रकार सुरक्षा कानून को प्रभावी ढंग से लागू करने की मांग करता आ रहा है, ताकि जमीनी स्तर पर काम करने वाले संवाददाता बिना भय के सच सामने ला सकें। यदि किसी पत्रकार के साथ अन्याय, उत्पीड़न या द्वेषपूर्ण कार्रवाई होती है, तो महासंघ प्रशासनिक और शासन स्तर पर मजबूती से पक्ष रखता है। यही नहीं, पत्रकारों एवं उनके परिवारों के लिए स्वास्थ्य, शिक्षा और आकस्मिक सहायता से जुड़ी कल्याणकारी मांगों को भी निरंतर उठाया जाता रहा है। डिजिटल युग में प्रशिक्षण पर विशेष ध्यान बदलते दौर में पत्रकारिता के स्वरूप को देखते हुए महासंघ द्वारा प्रशिक्षण शिविर एवं कार्यशालाओं का आयोजन किया जाता है, जिससे पत्रकार नई तकनीकों, डिजिटल मीडिया और पत्रकारिता के मूल्यों से अपडेट रह सकें। इसका उद्देश्य गुणवत्ता पूर्ण और जिम्मेदार पत्रकारिता को बढ़ावा देना है। प्रदेशभर में मजबूत संगठनात्मक ढांचा रायपुर, कोरबा, जांजगीर-चांपा, बिलासपुर, कोरिया, मुंगेली, बेमेतरा, सक्ती, महासमुंद, बलौदा बाजार एवं दुर्ग सहित प्रदेश के कई जिलों में महासंघ की सक्रिय इकाइयाँ कार्यरत हैं। यह संगठन विशेष रूप से फ्रीलांस पत्रकारों और छोटे समाचार माध्यमों के लिए संबल बनकर उभरा है। भविष्य की दिशा महासंघ आने वाले समय में डिजिटल पत्रकारों, वेब पोर्टल एवं यूट्यूब न्यूज़ प्लेटफॉर्म से जुड़े पत्रकारों को भी मुख्यधारा के अधिकार दिलाने के लिए प्रयासरत है। अंत में, महासंघ ने नववर्ष के अवसर पर यह संकल्प दोहराया कि पत्रकारों की एकता, सुरक्षा और सम्मान के लिए संघर्ष लगातार जारी रहेगा।
कोरबी में नववर्ष पर सेवा और संस्कार का संगम
सुशील जायसवाल उप सरपंच मुरारी लाल जायसवाल के सौजन्य से सैकड़ों ग्रामीणों को कंबल वितरण कोरबी चोटिया। नववर्ष 2026 के पावन अवसर पर जिले के सुदूर वनांचल क्षेत्र पोड़ी उपरोड़ा विकासखंड अंतर्गत ग्राम पंचायत कोरबी में मानवता, सेवा और सामाजिक सरोकार का अनुपम उदाहरण देखने को मिला। ग्राम पंचायत के उप सरपंच मुरारी लाल जायसवाल के सौजन्य से उनके निवास स्थान पर संस्कृतिक छत्तीसगढ़ी कार्यक्रम के साथ विशाल कंबल वितरण समारोह का आयोजन किया गया, जिसमें सैकड़ों जरूरतमंद ग्रामीणों को ठंड से राहत हेतु कंबल वितरित किए गए। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. पवन सिंह एवं विशिष्ट अतिथि जनपद पंचायत पोड़ी उपरोड़ा के उपाध्यक्ष प्रकाश चंद्र जाखड़, जनपद अध्यक्ष माधुरी देवी तंवर, जनपद सदस्य कुंती केराम, स्थानीय सरपंच राजू राम मरावी मंचासीन रहे। मुख्य अतिथि डॉ. पवन सिंह का उप सरपंच मुरारी लाल जायसवाल द्वारा फूल-मालाओं से आत्मीय स्वागत किया गया, वहीं जनपद उपाध्यक्ष प्रकाश चंद्र जाखड़ का फुलेश्वर जायसवाल ने भव्य अभिनंदन किया। अपने उद्बोधन में प्रकाश चंद्र जाखड़ ने कहा कि “नववर्ष के अवसर पर गरीब और जरूरतमंद तबके को कंबल वितरण करना एक पुण्य कार्य है। ऐसे सेवा कार्य समाज में सकारात्मक संदेश देते हैं और अन्य लोगों को भी प्रेरित करते हैं।” मुख्य अतिथि डॉ. पवन सिंह ने सभी ग्रामीणों को नववर्ष की शुभकामनाएं देते हुए कहा— “इस शीतलहर के समय मुरारी लाल जायसवाल परिवार द्वारा किया गया निःशुल्क कंबल वितरण सराहनीय है। यह सच्चे जनसेवा भाव का परिचायक है। मैं इस सेवा कार्य के लिए उन्हें धन्यवाद देता हूं और आशा करता हूं कि आगे भी वे इसी प्रकार समाज सेवा करते रहेंगे।” वहीं जनपद अध्यक्ष माधुरी देवी तंवर ने कहा कि “ठंड के इस मौसम में कंबल जरूरतमंदों के लिए संजीवनी का काम करता है। आज ग्रामीणों के चेहरे पर जो खुशी दिखाई दी, वही इस आयोजन की सबसे बड़ी सफलता है।” कंबल पाकर ग्रामीणों में विशेष उत्साह और खुशी देखने को मिली। कार्यक्रम के दौरान सामाजिक सौहार्द और छत्तीसगढ़ी संस्कृति की झलक भी दिखाई दी। इस अवसर पर पुलिस चौकी प्रभारी सुरेश कुमार जोगी, पत्रकार सुशील जायसवाल, प्रहलाद सिंह बिझवार, मोनू जायसवाल, सरपंच विष्णु आयम, आर.के. बाजपेई, सहित ग्राम के गणमान्य नागरिक एवं आसपास के बड़ी संख्या में ग्रामीणजन उपस्थित रहे। नववर्ष पर किया गया यह सेवा कार्य कोरबी क्षेत्र में सामाजिक एकता और मानवीय संवेदना का प्रेरणादायी उदाहरण बन गया।
**नववर्ष 2026 की हार्दिक शुभकामनाएं
✍️ भागीरथी यादव लोग सदन दैनिक समाचार परिवार की ओर से** नया साल, नई उम्मीदें और नई शुरुआत। पुराने वर्ष की यादों को संजोए और नए वर्ष के सपनों को संवारते हुए हम सभी एक नए सफर की ओर बढ़ रहे हैं। नववर्ष 2026 आप सभी के जीवन में सुख, शांति, स्वास्थ्य, समृद्धि और सफलता लेकर आए—इसी मंगलकामना के साथ लोग सदन दैनिक समाचार परिवार आप सभी पाठकों, शुभचिंतकों और सहयोगियों को नववर्ष की हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं प्रेषित करता है। बीता वर्ष चुनौतियों के साथ-साथ अनुभवों से भरपूर रहा। इस दौरान आप सभी का स्नेह, विश्वास और सहयोग ही हमारी सबसे बड़ी ताकत रहा है। लोग सदन दैनिक समाचार सदैव आपकी आवाज़ बनकर, सच्ची, निष्पक्ष और जनहितकारी पत्रकारिता के अपने संकल्प पर अडिग रहा है और आगे भी रहेगा। नया साल नई ऊर्जा, नए विचार और नई संभावनाओं का प्रतीक है। आइए, हम सब मिलकर एक बेहतर समाज, सशक्त लोकतंत्र और सकारात्मक सोच के साथ आगे बढ़ें। आपका हर दिन खुशियों से भरा हो, हर सपना साकार हो और हर कदम सफलता की ओर बढ़े—यही हमारी कामना है। नववर्ष 2026 की एक बार फिर ढेरों शुभकामनाएं। — लोग सदन दैनिक समाचार परिवार
कोरबा पूर्वांचल सर्वसमाज विकास समिति की बैठक में संगठन विस्तार पर बड़ा निर्णय
✍️ भागीरथी यादव विकास सिंह बने कार्यवाहक अध्यक्ष, प्राण नाथ मिश्रा को मिली पीआरओ की जिम्मेदारी कोरबा। कोरबा पूर्वांचल सर्वसमाज विकास समिति की एक महत्वपूर्ण बैठक आज समिति के केन्द्रीय कार्यालय राजेन्द्र प्रसाद भवन, रिकाण्डो रोड, कुआँभट्ठा, कोरबा में सफलतापूर्वक संपन्न हुई। बैठक में समिति के करीब 50 से अधिक सदस्यों ने सहभागिता की और संगठन की भविष्य की दिशा को लेकर गंभीर मंथन किया गया। बैठक के दौरान संगठनात्मक मजबूती एवं सामाजिक सरोकारों पर विस्तार से चर्चा के उपरांत सर्वसम्मति से श्री विकास सिंह को समिति का कार्यवाहक अध्यक्ष तथा श्री प्राण नाथ मिश्रा को जनसंपर्क अधिकारी (पीआरओ) नियुक्त किया गया। दोनों नियुक्तियों का उपस्थित सदस्यों ने तालियों के साथ स्वागत करते हुए विश्वास जताया कि इनके नेतृत्व में संगठन और अधिक सक्रिय व प्रभावशाली बनेगा। जिला स्तर पर संगठन विस्तार का रोडमैप तय बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि समिति को जमीनी स्तर पर और मजबूत करने के लिए जिला कार्यकारिणी, महिला प्रकोष्ठ एवं युवा प्रकोष्ठ का गठन शीघ्र किया जाएगा। इसके साथ ही आगामी माह में नववर्ष मिलन समारोह आयोजित कर समाज के सभी वर्गों को एक मंच पर लाने की योजना पर सहमति बनी। वरिष्ठ पदाधिकारियों और सदस्यों की रही गरिमामयी उपस्थिति बैठक में समिति अध्यक्ष अवधेश सिंह, संरक्षक राजकिशोर प्रसाद, सचिव अरविंद शर्मा सहित बृज भूषण प्रसाद, विजय यादव, पवन विश्वकर्मा, सुनील सिंह, अमित सिंह, धन्नू यादव, परवेज अंसारी, राजेश यादव, सोनू सिंह, अभय शर्मा, शम्भू सिंह, रमेश सिरका, कौशल साहू, बच्चू सिंह, रामायण साहू, सुनील अग्रवाल, जयंत कुमार, अभिनव कुमार, परशुराम, प्रमोद कुमार, काशीराम सहित अनेक गणमान्य सदस्य उपस्थित रहे। बैठक के अंत में संगठन को सामाजिक एकता, विकास और जनकल्याण के लिए निरंतर सक्रिय रखने का संकल्प लिया गया।
छत्तीसगढ़ में पत्रकारों की आवाज बना ‘सर्व पत्रकार एकता महासंघ’, अधिकार और सुरक्षा को लेकर जमीनी स्तर पर सक्रिय
कोरबा | पाली से ज्ञान शंकर तिवारी की रिपोर्ट छत्तीसगढ़ में पत्रकारिता के क्षेत्र में एक नई उम्मीद और मजबूत मंच के रूप में सर्व पत्रकार एकता महासंघ छत्तीसगढ़ तेजी से अपनी पहचान बना रहा है। यह संगठन न केवल पत्रकारों के अधिकारों की लड़ाई लड़ रहा है, बल्कि असहाय, पीड़ित और जरूरतमंद लोगों के लिए भी सहारा बनकर सामने आया है। कोरबा जिले में निवासरत महासंघ के प्रदेशाध्यक्ष प्रमोद कुमार बंजारे ने बताया कि सर्व पत्रकार एकता महासंघ छत्तीसगढ़ का उद्देश्य पत्रकारों को एकजुट करना, उनके अधिकारों की रक्षा करना और पत्रकार सुरक्षा कानूनों के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए लगातार प्रयास करना है। संगठन राज्यभर में सक्रिय होकर पत्रकारों से जुड़े शोषण, बेरोजगारी और अन्याय के खिलाफ आवाज बुलंद कर रहा है। पत्रकारों को जोड़ने और सशक्त करने का संकल्प प्रदेशाध्यक्ष बंजारे ने बताया कि महासंघ पत्रकारों और मीडियाकर्मियों को एक साझा मंच उपलब्ध कराता है, जहां वे अपनी समस्याओं को खुलकर रख सकें और समाधान की दिशा में सामूहिक प्रयास कर सकें। संगठन का फोकस केवल पत्रकारिता तक सीमित नहीं है, बल्कि समाज के उन वर्गों तक भी पहुंचना है जो असहाय और पीड़ित हैं। महासंघ के प्रमुख उद्देश्य पत्रकारों के बीच एकता और संगठनात्मक मजबूती पत्रकारों के शोषण और उत्पीड़न को रोकना बेरोजगारी, भ्रष्टाचार और अन्याय के खिलाफ आवाज उठाना असहाय और पीड़ित लोगों को न्याय दिलाने में सहयोग पत्रकारों को सरकारी योजनाओं और सुविधाओं से जोड़ना जमीनी स्तर पर सक्रिय कार्य सर्व पत्रकार एकता महासंघ द्वारा समय-समय पर सामूहिक बैठकें, पत्रकार सम्मान समारोह और सामाजिक सरोकार से जुड़े कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। कोरबा जिले में संगठन की सक्रियता लगातार बढ़ रही है और अब अन्य जिलों से भी पत्रकार इससे जुड़ रहे हैं, जिससे महासंघ को नई ऊर्जा और मजबूती मिल रही है। छत्तीसगढ़ में सकारात्मक बदलाव की दिशा में पहल महासंघ का मानना है कि सशक्त और सुरक्षित पत्रकारिता ही लोकतंत्र की मजबूत नींव है। इसी सोच के साथ संगठन छत्तीसगढ़ में पत्रकारों की आवाज को मजबूती देने और समाज में सकारात्मक बदलाव लाने के लिए निरंतर प्रयास कर रहा है। सर्व पत्रकार एकता महासंघ छत्तीसगढ़ आज न सिर्फ पत्रकारों का संगठन है, बल्कि न्याय, एकता और सामाजिक जिम्मेदारी का प्रतीक बनकर उभर रहा है।
घटिया सीसी रोड निर्माण ने उजागर की पंचायत से प्रशासन तक की कार्यप्रणाली
✍️ भागीरथी यादव विकास के नाम पर भ्रष्टाचार, लापरवाही और मिलीभगत का आरोप कोरबा/पाली। विकास कार्यों की गुणवत्ता और पारदर्शिता पर सवाल खड़े करते हुए विकासखंड पाली के अंतर्गत ग्राम पंचायत मादन से एक गंभीर मामला सामने आया है। यहां मुख्य मार्ग से बस्ती की ओर बन रही सीसी रोड ग्रामीणों के लिए सुविधा बनने से पहले ही भ्रष्टाचार और लापरवाही की तस्वीर बनती जा रही है। ग्रामीणों का आरोप है कि निर्माण कार्य के शुरुआती चरण में ही सड़क की हालत देखकर इसके टिकाऊ होने पर संदेह गहराने लगा है। जिस सड़क से बरसात में राहत, सुगम आवागमन और गांव के विकास की उम्मीद थी, वही सड़क अब घटिया निर्माण की मिसाल बनकर पंचायत से लेकर प्रशासन तक की कार्यप्रणाली को उजागर कर रही है। ग्रामीणों का कहना है कि सड़क निर्माण में निर्धारित तकनीकी मानकों की खुलेआम अनदेखी की जा रही है। न तो सड़क की मोटाई का ध्यान रखा गया, न ही बेस तैयार करने और क्योरिंग जैसे अनिवार्य नियमों का पालन किया जा रहा है। मिलर मशीन से जल्दबाजी में कंक्रीट डालकर काम निपटाया जा रहा है, जिससे सड़क की मजबूती पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। मानकों को दरकिनार कर हो रहा निर्माण स्थानीय लोगों के अनुसार सीमेंट, गिट्टी और रेत का अनुपात नियमों के अनुरूप नहीं रखा जा रहा। ढलाई से पहले न तो मजबूत बेस बनाया गया और न ही बाद में उचित क्योरिंग की व्यवस्था की गई। नतीजा यह है कि सड़क की ऊपरी परत निर्माण के दौरान ही कमजोर दिखाई देने लगी है। ग्रामीणों का आरोप है कि गुणवत्ता जांच के बिना ही काम को तेजी से आगे बढ़ाया जा रहा है, जिससे सरकारी धन के दुरुपयोग की आशंका और गहरी हो गई है। मशीनों से काम, ग्रामीणों का रोजगार छीना ग्रामीणों का यह भी कहना है कि जहां हाथ से काम कराकर स्थानीय मजदूरों को रोजगार मिल सकता था, वहां मशीनों का इस्तेमाल कर दिया गया। मनरेगा और रोजगारपरक योजनाओं की भावना के विपरीत यह कार्यवाही ग्रामीण मजदूरों की रोजी-रोटी पर सीधा हमला है। लोगों का कहना है कि ऐसा विकास, जो रोजगार छीन ले, वह विकास नहीं बल्कि शोषण है। बनी नहीं सड़क, तोड़ने की तैयारी सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि सड़क पूरी तरह बनने से पहले ही पाइपलाइन बिछाने के नाम पर कोर कटिंग की तैयारी शुरू कर दी गई है। यानी सड़क बनते ही उसे तोड़ने की योजना तैयार है। इससे यह साफ संकेत मिलता है कि योजना निर्माण और क्रियान्वयन में भारी लापरवाही बरती गई है या फिर यह सब पहले से तय रणनीति का हिस्सा है। ग्रामीणों को आशंका है कि कुछ ही महीनों में यह सड़क गड्ढों में तब्दील हो जाएगी और फिर मरम्मत के नाम पर दोबारा सरकारी राशि खर्च की जाएगी। शिकायतों के बावजूद प्रशासन मौन ग्रामीणों का आरोप है कि निर्माण में हो रही अनियमितताओं की शिकायतें कई बार संबंधित अधिकारियों से की गईं, लेकिन न तो काम रोका गया और न ही कोई जांच शुरू हुई। अधिकारियों की चुप्पी से ग्रामीणों में भारी आक्रोश है। लोगों का कहना है कि यदि समय रहते कार्रवाई नहीं हुई तो यह मामला बड़े भ्रष्टाचार का उदाहरण बन जाएगा। ठेकेदार की राजनीतिक पहुंच की चर्चा ग्रामीणों के मुताबिक संबंधित ठेकेदार खुलेआम विधायक और मंत्री तक पहुंच होने की धौंस देता है। शिकायत करने पर ठेकेदार बेखौफ नजर आता है, जिससे ग्रामीणों में भय का माहौल है। बताया जा रहा है कि इससे पहले तेंदूपारा क्षेत्र में इसी ठेकेदार द्वारा बनाई गई सीसी रोड के उखड़ने की शिकायतें सामने आई थीं, लेकिन तब भी कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। सरपंच-सचिव की भूमिका संदेह के घेरे में निर्माण की निगरानी की जिम्मेदारी जिन सरपंच और सचिव पर है, उनके कार्यस्थल पर न पहुंचने के आरोप भी लगे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि गुणवत्ता की बजाय कथित कमीशन को प्राथमिकता दी जा रही है, इसी कारण घटिया सामग्री और अधूरी क्योरिंग खुलेआम हो रही है। स्वतंत्र जांच और कार्रवाई की मांग ग्राम पंचायत मादन के ग्रामीणों ने पूरे मामले की स्वतंत्र और निष्पक्ष जांच की मांग की है। साथ ही दोषी ठेकेदार, संबंधित अधिकारियों और जिम्मेदार जनप्रतिनिधियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग उठाई है। ग्रामीणों का कहना है कि सड़क का निर्माण मानकों के अनुरूप दोबारा कराया जाए, ताकि आने वाले वर्षों तक गांव को इसका वास्तविक लाभ मिल सके। ग्रामीणों की यह आवाज अब केवल एक गांव की समस्या नहीं रह गई है, बल्कि यह उस व्यवस्था पर सीधा सवाल है, जो विकास के नाम पर भ्रष्टाचार को बढ़ावा दे रही है। अब देखना यह है कि जिम्मेदार अधिकारी कब जागते हैं और इस…
एनटीपीसी नहर के तीन नंबर गेट पर एक साल से कम उम्र के मासूम का शव मिलने से हड़कंप
✍️ भागीरथी यादव कोरबा दर्री – कोरबा जिले के दर्री क्षेत्र अंतर्गत एनटीपीसी नहर के तीन नंबर गेट के पास उस समय सनसनी फैल गई, जब नहर की सफाई के दौरान एक साल से कम उम्र के मासूम बच्चे का शव पानी में दिखाई दिया। सबसे पहले इस शव को सफाई कर्मी ने देखा, जिसके बाद आसपास के लोगों को इसकी जानकारी दी गई। घटना की सूचना फैलते ही मौके पर स्थानीय लोगों की भीड़ जमा हो गई।
एनटीपीसी नहर के तीन नंबर गेट पर एक साल से कम उम्र के मासूम का शव मिलने से हड़कंप
✍️ भागीरथी यादव कोरबा जिले के दर्री क्षेत्र अंतर्गत एनटीपीसी नहर के तीन नंबर गेट के पास उस समय सनसनी फैल गई, जब नहर की सफाई के दौरान एक साल से कम उम्र के मासूम बच्चे का शव पानी में दिखाई दिया। सबसे पहले इस शव को सफाई कर्मी ने देखा, जिसके बाद आसपास के लोगों को इसकी जानकारी दी गई। घटना की सूचना फैलते ही मौके पर स्थानीय लोगों की भीड़ जमा हो गई।
दर्री मेन रोड बना राखड़ का गलियारा, रोड में गिरे राखड़ से उड़ा ज़हर भरी धूल
✍️ भागीरथी यादव कोरबा। दर्री मेन रोड पर राखड़ से भरे हाईवा वाहनों की मनमानी खुलकर सामने आ रही है। बिना ढके राखड़ लेकर चल रहे भारी वाहन चलते-चलते रोड में राखड़ गिराते जा रहे हैं, जिससे पूरा मार्ग राखड़ से पट गया है। हालात यह हैं कि दोपहिया वाहन चालक और पैदल राहगीर सड़क पर गिरे राखड़ और उड़ती धूल के बीच चलने को मजबूर हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि रोड में गिरे राखड़ से चारों ओर धूल का गुबार बना हुआ है। इससे आंखों में जलन, सांस लेने में तकलीफ और गले की समस्याएं बढ़ रही हैं। सड़क किनारे बसे इलाकों में घर, दुकानें और खड़े वाहन राखड़ की परत से ढकते जा रहे हैं। बच्चों, बुजुर्गों और बीमार लोगों पर इसका सीधा असर पड़ रहा है। नियमों के अनुसार राखड़ जैसे प्रदूषणकारी पदार्थों का परिवहन पूरी तरह ढककर किया जाना अनिवार्य है, लेकिन दर्री मेन रोड पर ये नियम खुलेआम तोड़े जा रहे हैं। बताया जा रहा है कि यह समस्या लंबे समय से जारी है, इसके बावजूद परिवहन विभाग और प्रदूषण नियंत्रण अमले की ओर से कोई ठोस कार्रवाई नजर नहीं आ रही। स्थानीय नागरिकों ने मांग की है कि बिना ढके राखड़ ले जा रहे हाईवा वाहनों पर तत्काल सख्त कार्रवाई की जाए, संबंधित ठेकेदारों पर भारी जुर्माना लगाया जाए और रोड में गिरे राखड़ की तत्काल सफाई कराई जाए। साथ ही सड़क पर नियमित पानी का छिड़काव कर धूल पर नियंत्रण किया जाए। दर्री मेन रोड की यह स्थिति अब प्रशासनिक उदासीनता का बड़ा उदाहरण बनती जा रही है। अब देखना यह है कि शासन-प्रशासन समय रहते कार्रवाई करता है या फिर आमजन को यूं ही राखड़ और धूल के बीच जीवन बिताने को मजबूर होना पड़ेगा।
कोरबा पुलिस की अपील: नववर्ष का जश्न कानून के दायरे में मनाएं, नियम तोड़ने पर होगी सख्त कार्रवाई
✍️ भागीरथी यादव कोरबा। नववर्ष 2026 के आगमन को लेकर कोरबा पुलिस ने जिलेवासियों से शांति, सुरक्षा और अनुशासन बनाए रखने की अपील की है। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि नववर्ष का उत्सव कानून के दायरे में रहकर ही मनाया जाए, किसी भी प्रकार की अव्यवस्था, हुड़दंग या नियम उल्लंघन पर तत्काल सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। कोरबा पुलिस ने बताया कि नववर्ष के अवसर पर आपकी सुरक्षा, शांति और यातायात व्यवस्था उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसी को ध्यान में रखते हुए जिलेभर में पुलिस की विशेष निगरानी, चेकिंग अभियान और पेट्रोलिंग बढ़ा दी गई है। ये गतिविधियां पूरी तरह प्रतिबंधित पुलिस ने कुछ गतिविधियों को पूरी तरह प्रतिबंधित बताया है, जिनमें— सड़कों पर रुककर या सार्वजनिक स्थानों पर केक काटना व भीड़ लगाकर हुड़दंग करना चलती गाड़ी के दरवाजे, बोनट या छत पर खड़े होकर स्टंट करना शराब पीकर वाहन चलाना (ड्रिंक एंड ड्राइव) सड़क पर रेसिंग या खतरनाक स्टंट-बाइकिंग बिना अनुमति DJ या तेज आवाज में साउंड सिस्टम बजाना गाली-गलौज, अमर्यादित व्यवहार या सार्वजनिक शांति भंग करना इनमें से किसी भी नियम का उल्लंघन पाए जाने पर तत्काल कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस ने जारी किया हेल्पलाइन नंबर कोरबा पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की है कि किसी भी आपात स्थिति या कानून उल्लंघन की सूचना तुरंत दें। डायल 112 या पुलिस कंट्रोल रूम कोरबा – 9479193399 पर कॉल कर सूचना दी जा सकती है। पुलिस ने दो टूक कहा है कि नववर्ष का उत्सव खुशी और सौहार्द के साथ मनाएं, लेकिन कानून और नियमों की सीमा से बाहर कोई भी कृत्य स्वीकार नहीं किया जाएगा।















