छत्तीसगढ़ प्रदेश युवा कांग्रेस में कार्य विभाजन, संगठन को मिले नए प्रभारी
✍️ भागीरथी यादव छत्तीसगढ़ प्रदेश युवा कांग्रेस ने संगठन को और अधिक सशक्त व सक्रिय बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए प्रदेश स्तरीय पदाधिकारियों को विभिन्न जिलों की महत्वपूर्ण जिम्मेदारियाँ सौंपी हैं। इस संबंध में प्रदेश युवा कांग्रेस द्वारा कार्य आवंटन आदेश जारी किया गया है। राजीव भवन, शंकर नगर स्थित प्रदेश कार्यालय से जारी आदेश के अनुसार, युवा कांग्रेस के उपाध्यक्ष एवं महासचिवों को अलग-अलग जिलों का जिला प्रभारी नियुक्त किया गया है, ताकि संगठनात्मक गतिविधियों को ज़मीनी स्तर पर मज़बूती मिल सके और युवाओं की भागीदारी को और बढ़ाया जा सके। कार्य आवंटन में उपाध्यक्ष आशीष मोनू अवस्थी को कोरबा शहर एवं मुंगेली, ज़ीशान कुरैशी को दंतेवाड़ा, सुकमा एवं बीजापुर तथा मोजस्सम नज़र को मनेन्द्रगढ़ व कोरिया जिले का प्रभारी बनाया गया है। वहीं मानस पांडेय को चुनाव प्रबंधन प्रभारी की अहम जिम्मेदारी सौंपी गई है। प्रदेश महासचिव आदित्य सिंह को ऑल सेल प्रभारी बनाया गया है। इसके अलावा योगेंद्रप्रताप सिंह (बिलासपुर ग्रामीण), भावेंद्र गंगोत्री (कोरबा ग्रामीण), कोमल अग्रवाल (सरगुजा), भावेश शुक्ला (दुर्ग शहर), राकेश पांडेय (रायपुर शहर), संदीप वोरा (राजनांदगांव ग्रामीण), अनिमेष सिंह (रायगढ़ ग्रामीण), चेतन भानुशाली (कवर्धा-कबीरधाम) एवं जस्मीत (सोनू) शर्मा (गरियाबंद) को जिला प्रभारी नियुक्त किया गया है। प्रदेश युवा कांग्रेस नेतृत्व का मानना है कि इस कार्य विभाजन से संगठन की पकड़ ज़मीनी स्तर पर मजबूत होगी और आने वाले समय में युवा कांग्रेस प्रदेशभर में जनआंदोलनों व संगठनात्मक अभियानों को और प्रभावी ढंग से संचालित कर सकेगी।
अवैध शिकार पर वन विभाग का बड़ा प्रहार एंटी-स्नेयर वॉक अभियान से शिकारियों में हड़कंप, 6 गिरफ्तार
✍️ भागीरथी यादव छत्तीसगढ़ में वन एवं वन्यजीवों की सुरक्षा को लेकर राज्य सरकार पूरी तरह सख्त नजर आ रही है। राज्य के वन मंत्री श्री केदार कश्यप के स्पष्ट निर्देशों के बाद वन विभाग द्वारा अवैध शिकार के विरुद्ध लगातार ठोस और प्रभावी कार्रवाई की जा रही है। वन मंत्री श्री कश्यप स्वयं उच्च अधिकारियों के साथ नियमित समीक्षा बैठकें कर वन सुरक्षा, संरक्षण और संवर्धन को लेकर रणनीति तय कर रहे हैं तथा किसी भी स्तर पर लापरवाही पाए जाने पर सख्त कार्रवाई के निर्देश दे चुके हैं। इन्हीं निर्देशों के तहत प्रधान मुख्य वन संरक्षक (वन्यजीव) के कुशल मार्गदर्शन में प्रदेशभर में एंटी स्नेयर वॉक अभियान को तेज कर दिया गया है। इस अभियान के सकारात्मक परिणाम अब सामने आने लगे हैं और शिकारियों पर लगातार शिकंजा कसता जा रहा है। गरियाबंद में बड़ी कार्रवाई गरियाबंद जिले के कुल्हाड़ीघाट वन परिक्षेत्र अंतर्गत ओड़ सर्कल में वन विभाग ने वन्यजीव अपराध के खिलाफ एक बड़ी सफलता हासिल की है। सघन गश्त और सतर्क निगरानी के दौरान 6 शिकारियों को गिरफ्तार किया गया है। इनमें ग्राम सुनाबेड़ा (ओडिशा) के 2 और ग्राम ओड़ के 4 आरोपी शामिल हैं। वन विभाग की टीम ने आरोपियों के कब्जे से खरगोश पकड़ने के फंदे, तीर-कमान और मछली पकड़ने के जाल जैसे अवैध शिकार में प्रयुक्त उपकरण बरामद किए हैं। यह सामग्री वन्यजीवों के लिए गंभीर खतरा बनी हुई थी। कड़ी कानूनी कार्रवाई पकड़े गए सभी आरोपियों के विरुद्ध दो अलग-अलग प्रकरणों में पी.ओ.आर. (प्रारंभिक अपराध रिपोर्ट) दर्ज की गई है तथा वन्यजीव संरक्षण अधिनियम के तहत वैधानिक कार्रवाई की गई है। सभी 6 अभियुक्तों को दिनांक 07 जनवरी को माननीय मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट, गरियाबंद के समक्ष प्रस्तुत किया गया। आधुनिक तकनीक से बढ़ी निगरानी वन विभाग द्वारा अवैध शिकार पर रोक लगाने के लिए अब ड्रोन, ट्रैप कैमरे, आधुनिक तकनीक, सघन गश्त, वनकर्मियों की अतिरिक्त तैनाती और स्थानीय समुदायों की भागीदारी जैसे उपायों को प्रभावी ढंग से लागू किया जा रहा है। खासकर पिकनिक या अन्य गतिविधियों की आड़ में होने वाले अवैध शिकार पर विशेष नजर रखी जा रही है। शिकारियों के हौसले पस्त वन विभाग की यह सख्त और सतत कार्रवाई न केवल वन्यजीवों की सुरक्षा की दिशा में अहम कदम है, बल्कि शिकारियों के हौसले तोड़ने का भी मजबूत संदेश है। विभाग ने स्पष्ट कर दिया है कि वनों और वन्यप्राणियों के साथ खिलवाड़ करने वालों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा। आने वाले समय में गश्त अभियान को और अधिक सशक्त करते हुए वन विभाग शिकार जैसी गतिविधियों पर पूरी तरह अंकुश लगाने के लिए प्रतिबद्ध है।
कांकेर में कॉलेज छात्रा से दुष्कर्म का सनसनीखेज मामला, दो आरोपी गिरफ्तार
कांकेर। जिले में महिला सुरक्षा को झकझोर देने वाला मामला सामने आया है। कॉलेज से घर लौट रही एक छात्रा का रास्ता रोककर अश्लील गाली-गलौज, जान से मारने की धमकी और दुष्कर्म करने के आरोप में कांकेर पुलिस ने दो युवकों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए दोनों आरोपियों को न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है। पीड़िता ने 8 जनवरी को थाना कांकेर में दर्ज कराई गई लिखित शिकायत में बताया कि वह उसी दिन शाम करीब 4:10 बजे कॉलेज से अपने घर लौट रही थी। इसी दौरान ग्राम पथरी जाने वाले मार्ग पर जंगलवार कॉलेज के दूसरे गेट के पास आरोपी यश साहू और उसका साथी जितेंद्र उर्फ जीतू साहू ने उसे जबरन रोक लिया। आरोप है कि दोनों ने पहले पीड़िता के साथ अश्लील गाली-गलौज की, फिर जान से मारने की धमकी दी। इसके बाद आरोपी यश साहू ने उसके साथ दुष्कर्म किया, जबकि उसका साथी जितेंद्र कुमार साहू इस अपराध में सहयोग करता रहा। घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तत्काल मामला दर्ज कर विवेचना शुरू की। जांच के दौरान पर्याप्त साक्ष्य मिलने पर दोनों आरोपियों को हिरासत में लेकर विधिवत गिरफ्तार किया गया। आज उन्हें न्यायालय में पेश किया गया, जहां से न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया। इस घटना ने एक बार फिर महिलाओं की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। वहीं, कांकेर पुलिस की त्वरित कार्रवाई को लेकर आमजन में संतोष भी देखा जा रहा है। पुलिस ने भरोसा दिलाया है कि मामले की विवेचना पूरी निष्पक्षता और सख्ती के साथ की जाएगी।
रायपुर में बौद्धिक प्रतिभा का महासंगम 12वीं छत्तीसगढ़ राज्य स्तरीय UCMAS एबेकस प्रतियोगिता संपन्न
✍️ भागीरथी यादव रायपुर। UCMAS Head Office के तत्वावधान में 12वीं छत्तीसगढ़ राज्य स्तरीय एबेकस प्रतियोगिता का भव्य एवं गरिमामय आयोजन 4 जनवरी 2026, रविवार को श्री राम मंदिर स्थित महर्षि वाल्मीकि उत्सव भवन, रायपुर में सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। इस अवसर पर आयोजित पुरस्कार वितरण समारोह में प्रदेशभर से आए होनहार विद्यार्थियों ने अपनी अद्भुत मानसिक गणना क्षमता से सभी को मंत्रमुग्ध कर दिया। राज्य के विभिन्न जिलों से आए लगभग 1000 प्रतिभाशाली बच्चों ने इस प्रतिष्ठित प्रतियोगिता में उत्साहपूर्वक सहभागिता की। प्रतियोगिता का मुख्य उद्देश्य बच्चों में मानसिक गणना, एकाग्रता, आत्मविश्वास और तार्किक सोच का विकास करना रहा, जिसमें प्रतिभागियों ने उल्लेखनीय प्रदर्शन किया। इसी क्रम में UCMAS NTPC साडा कॉलोनी, जमनीपाली के 6 होनहार विद्यार्थियों ने प्रतियोगिता में भाग लेकर संस्था का नाम रोशन किया। संचालक ज्योति अग्रवाल के कुशल निर्देशन और निरंतर मार्गदर्शन में बच्चों ने पिछले दो महीनों तक नियमित अभ्यास किया, जिसका शानदार परिणाम मंच पर देखने को मिला। बच्चों ने मात्र 8 मिनट में 200 प्रश्न हल कर अपनी असाधारण गणनात्मक प्रतिभा का परिचय दिया और निर्णायकों के साथ दर्शकों की भी जमकर सराहना बटोरी। प्रतियोगिता में भाग लेने वाले सभी बच्चों ने आत्मविश्वास, धैर्य और अनुशासन का उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए चैंपियनशिप का गौरव हासिल किया। यह उपलब्धि न केवल बच्चों की मेहनत का परिणाम है, बल्कि संचालक एवं अभिभावकों के सतत सहयोग का भी सशक्त प्रमाण है। रनर-अप ट्रॉफी आरव घरवार (Z ग्रुप) वाणी यादव (A1 ग्रुप) ने जीतकर संस्था का मान और बढ़ाया। समापन समारोह में विजेता बच्चों को ट्रॉफी एवं प्रमाण पत्र प्रदान किए गए। आयोजकों ने सभी प्रतिभागी विद्यार्थियों, उनके अभिभावकों तथा विशेष रूप से संचालक ज्योति अग्रवाल के प्रयासों की मुक्त कंठ से प्रशंसा करते हुए बच्चों के उज्ज्वल भविष्य की कामना की। यह आयोजन निश्चय ही छत्तीसगढ़ में बच्चों की बौद्धिक प्रतिभा को नई दिशा और पहचान देने वाला सिद्ध हुआ।
स्थानांतरण की फाइल में घूस की स्याही, ACB ने सहायक ग्रेड-2 को रंगे हाथ पकड़ा
जशपुरनगर, 9 जनवरी। महिला एवं बाल विकास विभाग में स्थानांतरण को लेकर चल रही कथित सौदेबाज़ी पर एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) ने कड़ा प्रहार किया है। सहायक ग्रेड-2 गिरीश कुमार वारे को रिश्वत लेते हुए विभागीय कार्यालय परिसर से गिरफ्तार किया गया। यह कार्रवाई गुरुवार को गोपनीय योजना के तहत की गई। ACB से मिली जानकारी के अनुसार, जशपुर जिले के दोकड़ा में पदस्थ भृत्य योगेश शांडिल्य का लोदाम स्थानांतरण कराने के बदले आरोपी द्वारा 80 हजार रुपये की मांग की गई थी। शिकायतकर्ता के अनुसार, पहले ही 30 हजार रुपये दे दिए गए थे, इसके बाद भी शेष रकम के लिए लगातार दबाव बनाया जा रहा था। मामले में गंभीर आरोप यह भी है कि बाकी राशि न देने पर सहायक ग्रेड-2 ने शिकायतकर्ता की मोटरसाइकिल अपने पास रख ली थी। इससे आहत होकर पीड़ित ने एंटी करप्शन ब्यूरो में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत के सत्यापन के बाद ACB ने जाल बिछाया। जैसे ही शिकायतकर्ता ने तय योजना के अनुसार 40 हजार रुपये आरोपी को सौंपे, टीम ने तत्काल दबिश देकर उसे रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। ACB अधिकारियों के मुताबिक, आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत अपराध दर्ज कर लिया गया है। मामले की जांच जारी है और अन्य तथ्यों की भी पड़ताल की जा रही है। इस कार्रवाई ने एक बार फिर यह स्पष्ट कर दिया है कि सरकारी कामकाज में रिश्वतखोरी पर अब सीधी और सख्त नजर रखी जा रही है।
स्कूल परिसर बना मौत का मैदान: निर्माणाधीन भवन का छज्जा गिरने से छठवीं के छात्र की दर्दनाक मौत, प्रधान पाठक निलंबित
वाड्रफनगर। शिक्षा व्यवस्था में लापरवाही की एक और दर्दनाक तस्वीर वाड्रफनगर थाना क्षेत्र के शारदापुर गांव से सामने आई है, जहां स्कूल परिसर में निर्माणाधीन भवन की चपेट में आकर छठवीं कक्षा के मासूम छात्र की जान चली गई। इस हादसे ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है। गुरुवार को खुटहन पारा स्थित माध्यमिक शाला परिसर में मध्याह्न भोजन अवकाश के दौरान छात्र खेल रहे थे। इसी दौरान छठवीं कक्षा का छात्र आलोक कुमार (पिता– रमेश देवांगन) खेलते-खेलते स्कूल के पीछे निर्माणाधीन आंगनबाड़ी भवन तक पहुंच गया। तभी अचानक भवन का कमजोर छज्जा भरभराकर गिर पड़ा और आलोक उसके नीचे दब गया। छात्रों की चीख-पुकार सुनकर शिक्षक मौके पर पहुंचे तो मलबे में खून से लथपथ आलोक दबा मिला। ग्रामीणों की मदद से आनन-फानन में उसे बाहर निकाला गया और अस्पताल ले जाया गया, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इस दर्दनाक घटना के बाद गांव में मातम छा गया। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। उन्होंने इसे स्कूल प्रबंधन और प्रशासन की गंभीर लापरवाही बताते हुए जिम्मेदारों पर कार्रवाई की मांग की। कार्रवाई नहीं होने तक परिजनों ने शव का अंतिम संस्कार करने से इनकार कर दिया, जिससे माहौल और भी तनावपूर्ण हो गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए शिक्षा विभाग ने सख्त रुख अपनाया। संयुक्त संचालक शिक्षा ने माध्यमिक शाला की प्रधान पाठक ममता गुप्ता को निलंबित कर दिया, वहीं अन्य शिक्षकों को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। इसके बाद परिजनों ने अंतिम संस्कार के लिए सहमति दी। फिलहाल प्रशासन द्वारा घटना की जांच जारी है। निर्माणाधीन भवन की गुणवत्ता, सुरक्षा इंतजाम और संबंधित एजेंसी की भूमिका की भी जांच की जा रही है। यह हादसा एक बार फिर सवाल खड़े करता है कि क्या स्कूल परिसरों में बच्चों की सुरक्षा को लेकर कोई ठोस व्यवस्था है या लापरवाही की कीमत मासूमों को अपनी जान देकर चुकानी पड़ेगी।
बेहतर पुलिसिंग की मिसाल: विभिन्न समाजों व संस्थाओं ने थाना प्रभारी चिरमिरी का किया सम्मान
✍️ भागीरथी यादव चिरमिरी। थाना चिरमिरी के थाना प्रभारी विजय सिंह द्वारा क्षेत्र में कानून-व्यवस्था को सुदृढ़ करने, अवैध गतिविधियों पर प्रभावी अंकुश लगाने और जन-जागरूकता के लिए किए जा रहे निरंतर प्रयासों की व्यापक सराहना हो रही है। इन्हीं प्रयासों के चलते विभिन्न समाजों एवं संस्थाओं ने अलग-अलग अवसरों पर थाना प्रभारी को सम्मानित किया। श्री गुरु गोविंद सिंह जी महाराज के 359वें प्रकाश पर्व के अवसर पर निकाले गए नगर संकीर्तन के दौरान चिरमिरी क्षेत्र में सट्टा, जुआ, कबाड़ जैसी अवैध आपराधिक गतिविधियों पर नियंत्रण, यातायात जागरूकता एवं साइबर अवेयरनेस के लिए किए गए कार्यों की प्रशंसा करते हुए गुरुद्वारा सभा द्वारा थाना प्रभारी विजय सिंह को शाल एवं स्मृति-चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया। इसी क्रम में ख्वाजा गरीब नवाज के उर्स के अवसर पर मुस्लिम समाज की कमेटी ने भी थाना क्षेत्र में मजबूत पुलिसिंग, सौहार्दपूर्ण वातावरण बनाए रखने और प्रभावी कार्यप्रणाली के लिए थाना प्रभारी चिरमिरी का सम्मान किया। वहीं स्वामी आत्मानंद स्कूल, गोदरीपारा में आयोजित साइबर एवं यातायात जागरूकता कार्यक्रम के दौरान विद्यालय के छात्र-छात्राओं और शिक्षकों ने भी थाना प्रभारी के प्रयासों की सराहना करते हुए सम्मानित किया। इस अवसर पर थाना प्रभारी ने विद्यार्थियों को प्रशस्ति पत्र प्रदान कर उनका उत्साहवर्धन भी किया। कार्यक्रमों में उपस्थित नागरिकों ने कहा कि थाना प्रभारी विजय सिंह के नेतृत्व में चिरमिरी क्षेत्र में पुलिस-जन सहयोग और अधिक मजबूत हुआ है। अपराध नियंत्रण के साथ-साथ सामाजिक जागरूकता को भी नई दिशा मिली है, जो बेहतर और सुरक्षित समाज की ओर एक सकारात्मक कदम है।
बाल काटने से मना करना पड़ा जानलेवा, नाबालिग ने दोस्तों संग रची सैलून संचालक की हत्या की साजिश
दुर्ग। दुर्ग जिले से एक चौंकाने वाला और समाज को झकझोर देने वाला मामला सामने आया है, जहां बाल काटने से मना करना एक सैलून संचालक के लिए जानलेवा साबित होते-होते रह गया। मामूली विवाद ने इस कदर हिंसक रूप ले लिया कि एक नाबालिग ने अपने साथियों के साथ मिलकर सैलून संचालक की हत्या की योजना बना डाली। यह सनसनीखेज वारदात छावनी थाना क्षेत्र की है। 4 जनवरी की सुबह एक नाबालिग युवक बाल कटवाने क्लासिक कट्स सैलून पहुंचा। उस वक्त सैलून संचालक पूनाराम सेन उर्फ विक्की पहले से ही एक ग्राहक के बाल काट रहा था। पूनाराम ने नाबालिग से थोड़ी देर इंतजार करने या बाद में आने को कहा। बस इसी बात पर नाबालिग आगबबूला हो गया। बाल काटने से इनकार बना हत्या की वजह बताया गया कि नाबालिग ने सैलून में ही विवाद शुरू कर दिया, गाली-गलौज हुई और गुस्से में वह वहां से चला गया। इसके बाद उसने अपने दोस्त शेख साहिल को पूरे घटनाक्रम की जानकारी दी, जिसने आगे निकेश सेन उर्फ लव को इस बारे में बताया। यहीं से सैलून संचालक की हत्या की साजिश रची गई। दोस्त ने दिया चाकू, स्कूटी पर बैठाकर ले गया पुलिस जांच में सामने आया कि शेख साहिल ने नाबालिग को चाकू उपलब्ध कराया। तीनों ने मिलकर पूनाराम सेन को जान से मारने की योजना बनाई। घटना वाले दिन शाम को शेख साहिल अपनी स्कूटी (CG 07 CZ 2805) से नाबालिग को पीछे बैठाकर निकला। शास्त्री नगर शिव मंदिर के पास गली में मौका पाकर उन्होंने पूनाराम सेन पर चाकू से ताबड़तोड़ हमला कर दिया। गंभीर रूप से घायल पूनाराम किसी तरह जान बचाने में सफल रहा और फिलहाल ICU में भर्ती है। उसकी हालत नाजुक बनी हुई है। तीन आरोपी गिरफ्तार, नाबालिग भी हिरासत में पुलिस ने संदेह के आधार पर नाबालिग को हिरासत में लेकर पूछताछ की, जहां उसने पूरी साजिश का खुलासा कर दिया। लगातार दबिश के बाद 7 जनवरी को तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया। इन धाराओं में दर्ज हुआ मामला थाना छावनी में आरोपियों के खिलाफ धारा 109, 61(2), 3(5) बीएनएस एवं 25-27 आर्म्स एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस ने तीनों को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है। गिरफ्तार आरोपी शेख साहिल (22 वर्ष) – निवासी खुर्सीपार, दुर्ग निकेश सेन उर्फ लव (27 वर्ष) – निवासी उड़िया मोहल्ला एक नाबालिग आरोपी
नशे ने तोड़ा परिवार, घर बना हत्या का गवाह: कांकेर में पिता की लाठी-डंडों से हत्या
✍️ भागीरथी यादव कांकेर। छत्तीसगढ़ के कांकेर जिले से एक ऐसा मामला सामने आया है, जिसने पारिवारिक रिश्तों और समाज में बढ़ती नशे की समस्या पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। यहाँ एक परिवार ने अपने ही मुखिया की पीट-पीटकर हत्या कर दी। वजह—रोज़ का शराबी उत्पात, गाली-गलौच और जानलेवा हिंसा। यह सनसनीखेज घटना नरहरपुर थाना क्षेत्र के ग्राम मर्रामपानी की है। मृतक भगवान सिंह लंबे समय से शराब का आदी था। बताया जा रहा है कि वह रोज नशे में धुत होकर घर लौटता और माँ, पत्नी व बच्चों के साथ मारपीट करता था। परिवार वर्षों से उसकी इस आदत और अत्याचार को सह रहा था, लेकिन हालात उस दिन बेकाबू हो गए। मंगलवार को भगवान सिंह शराब के नशे में और ज्यादा उग्र हो गया। उसने परिजनों के साथ मारपीट की और विरोध करने पर टंगिया दिखाकर जान से मारने की धमकी दे डाली। डर, गुस्से और रोज़-रोज की प्रताड़ना से टूट चुके परिवार ने अंततः लाठी-डंडों से उस पर हमला कर दिया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुँची और जांच शुरू की। पूछताछ में माँ, पत्नी, बहन और बच्चों ने हत्या की बात कबूल कर ली। पुलिस का कहना है कि हत्या के पीछे मुख्य कारण मृतक की शराब की लत और घरेलू हिंसा है। फिलहाल पुलिस ने सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर मामला दर्ज कर लिया है। यह घटना केवल एक हत्या नहीं, बल्कि नशे की उस भयावह तस्वीर को दिखाती है, जहाँ एक पूरा परिवार अपराध के दलदल में धकेल दिया गया। सवाल यह है—अगर समय रहते नशे और घरेलू हिंसा पर रोक लगती, तो क्या यह परिवार बिखरने से बच सकता था?
खेल मासूमियत में बदला मातम, कुएं में डूबने से 4 साल के बच्चे की दर्दनाक मौत
✍️ भागीरथी यादव जिले के मानिकपुर चौकी क्षेत्र में बुधवार को एक मासूम की मौत ने पूरे गांव को गहरे सदमे में डाल दिया। खेलते-खेलते कुएं में नहाने गए चार वर्षीय प्रशांत यादव की डूबने से मौत हो गई। यह हादसा कुछ ही पलों में खुशियों को मातम में बदल गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, प्रशांत अपने हमउम्र बच्चों के साथ खेल रहा था। इसी दौरान सभी बच्चे पास स्थित कुएं की ओर चले गए और नहाने लगे। मासूम प्रशांत को गहराई का अंदाजा नहीं था और वह अचानक गहरे पानी में चला गया। देखते ही देखते वह डूबने लगा, जिससे अन्य बच्चे घबरा गए और शोर मचाते हुए गांव की ओर दौड़े। सूचना मिलते ही ग्रामीण मौके पर पहुंचे और बच्चे को कुएं से बाहर निकाला गया, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। मासूम की जान नहीं बचाई जा सकी। बताया जा रहा है कि घटना के समय प्रशांत के माता-पिता रोज़गार के सिलसिले में बाहर गए हुए थे। बेटे की मौत की खबर मिलते ही परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा। मां-बाप का रो-रोकर बुरा हाल है और गांव में शोक का माहौल व्याप्त है। यह हादसा एक बार फिर बच्चों की सुरक्षा और खुले जलस्रोतों की घेराबंदी को लेकर गंभीर सवाल खड़े करता है।















