
मुंगेली// जिले में स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता सुनिश्चित करने कलेक्टर कुन्दन कुमार ने शुक्रवार को सीएमएचओ कार्यालय का अचानक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान कलेक्टर को कई गंभीर अनियमितताएं मिलीं, जिसके बाद उन्होंने सीएमएचओ डॉ. शीला साहा समेत चार अधिकारियों-कर्मचारियों को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए।
फाइलों में अनावश्यक देरी पर नाराजगी
कलेक्टर ने पीसीपीएनडीटी से जुड़ी महत्वपूर्ण फाइलों में अनावश्यक विलंब, नर्सिंग होम एक्ट के तहत लंबित मामलों का समय पर निस्तारण न होना और निरीक्षण व्यवस्था में ढिलाई को गंभीर लापरवाही माना।
इन बिंदुओं पर नोटिस जारी करने के लिए जिन अधिकारियों के नाम चिन्हित किए गए हैं–
सीएमएचओ डॉ. शीला साहा
पीसीपीएनडीटी नोडल अधिकारी डॉ. कमलेश खैरवार
सहायक ग्रेड-02 सरस्वती बघेल
सहायक ग्रेड-03 दीपक प्रजापति
एनएचएम भर्ती में भी अनियमितता उजागर
राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) के तहत हाल ही में हुई भर्ती प्रक्रिया की जांच में कलेक्टर को नियम विरुद्ध नियुक्ति तथा जिला स्वास्थ्य समिति की स्वीकृति के बिना जारी नियुक्ति पत्रों की जानकारी मिली।
इसे गंभीर अनियमितता मानते हुए कलेक्टर ने सीएमएचओ के खिलाफ भी नोटिस जारी करने का निर्देश दिया।
जांच समिति का गठन
एनएचएम की भर्ती और पदस्थापना की विस्तृत जांच के लिए उन्होंने तीन सदस्यीय समिति गठित की है। इसमें—
एडीएम
जिला कोषालय अधिकारी
डीआईओ
को शामिल किया गया है।
समिति को जल्द रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं।
“जनता को बेहतर स्वास्थ्य सेवा देना सर्वोच्च प्राथमिकता” – कलेक्टर
कलेक्टर कुन्दन कुमार ने स्पष्ट कहा कि आम जनता, गांव और गरीबों को गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवा देना सरकार और प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
उन्होंने चेताया कि स्वास्थ्य सेवाओं में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
साथ ही सभी कर्मचारियों को समय पर उपस्थिति, जिम्मेदारी और संवेदनशीलता के साथ कार्य करने तथा जिले के सभी स्वास्थ्य केंद्रों को तय समय पर खोलने के निर्देश दिए।






