
✍️ भागीरथी यादव
एमसीबी | नाबालिग बच्ची से दुष्कर्म के आरोपी के घर पर बुलडोजर चलाए जाने को लेकर कांग्रेस प्रवक्ता पूनम सिंह ने प्रदेश की भाजपा सरकार पर जोरदार हमला बोला है। उन्होंने इस कार्रवाई को सरकार की कानून-व्यवस्था में विफलता छिपाने की कोशिश करार देते हुए कहा कि भाजपा शासन अब “न्याय” नहीं बल्कि “विध्वंस का तमाशा” दिखाकर जनता को गुमराह कर रहा है।
पूनम सिंह ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि छत्तीसगढ़ में अपराध बेलगाम हो चुके हैं, महिलाएं और बच्चियां सुरक्षित नहीं हैं, और प्रशासन अपराध रोकने में पूरी तरह नाकाम साबित हुआ है। ऐसे में बुलडोजर चलाकर सरकार अपनी असफलता पर पर्दा डालना चाहती है।
प्रदेश में बढ़ते अपराध, प्रशासन बेबस
कांग्रेस प्रवक्ता ने प्रदेश के हालात पर चिंता जताते हुए कहा कि भाजपा सरकार के सत्ता में आने के बाद अपराधों का ग्राफ तेजी से बढ़ा है।
उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य में प्रतिदिन औसतन 8 बलात्कार की घटनाएं सामने आ रही हैं। लूट, हत्या, चाकूबाजी और संगठित अपराध आम हो चुके हैं, लेकिन गृह विभाग और पुलिस व्यवस्था पूरी तरह फेल नजर आ रही है।
उन्होंने कहा कि सरकार कभी कमिश्नरी सिस्टम जैसे प्रयोगों की बात करती है, तो कभी बुलडोजर कार्रवाई कर असली मुद्दों से जनता का ध्यान भटकाती है।
अपराधी को फांसी मिले, लेकिन फैसला अदालत करे
पूनम सिंह ने यह भी साफ किया कि नाबालिग से दुष्कर्म जैसे जघन्य अपराधों में किसी भी प्रकार की नरमी नहीं होनी चाहिए।
उन्होंने कहा –
“दुष्कर्म करने वाले अपराधी को फास्ट ट्रैक कोर्ट में सुनवाई कर तत्काल फांसी की सजा दी जानी चाहिए, ताकि समाज में कानून का डर बने।
लेकिन सजा देने का अधिकार अदालत का है, प्रशासन का नहीं।”
सरकार से सीधे सवाल
कांग्रेस प्रवक्ता ने बुलडोजर कार्रवाई की मंशा पर गंभीर सवाल खड़े करते हुए कहा—
यदि मकान अवैध था, तो प्रशासन अब तक क्यों सोया रहा?
क्या आरोपी को पहले राजनीतिक संरक्षण प्राप्त था?
सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के बावजूद क्या 15 दिन का नोटिस और पक्ष रखने का अवसर दिया गया?
एक व्यक्ति के अपराध की सजा पूरे परिवार को क्यों?
क्या निर्दोष परिजनों को बेघर करना ही भाजपा का “सुशासन” है?
‘विध्वंस न्याय नहीं’
पूनम सिंह ने कहा कि अवैध निर्माण पर कार्रवाई और दुष्कर्म की सजा—दोनों अलग विषय हैं। इन्हें जोड़कर “मैसेज” देने की कोशिश करना केवल सरकारी अक्षमता और असंवेदनशीलता को दर्शाता है।
उन्होंने सरकार को सलाह देते हुए कहा—
“भाजपा सरकार बुलडोजर की राजनीति छोड़कर बेटियों की वास्तविक सुरक्षा, मजबूत पुलिस व्यवस्था और त्वरित न्याय प्रणाली पर ध्यान दे।
विध्वंस न्याय नहीं है, न्याय केवल कानून से होता है।”






