
चेन्नई। बंगाल की खाड़ी के दक्षिण-पश्चिम में बने गहरे दबाव के निम्न दबाव क्षेत्र में तब्दील होने की आशंका के बीच तमिलनाडु के कई हिस्सों में बुधवार सुबह से ही भारी बारिश हो रही है। चेन्नई स्थित क्षेत्रीय मौसम विज्ञान केंद्र (आरएमसी) ने राज्यभर में मौसम अलर्ट जारी किए हैं, जिनमें कई जिलों में भारी से लेकर अत्यधिक भारी वर्षा की चेतावनी दी गई है।
आरएमसी के अनुसार, यह मौसम प्रणाली वर्तमान में बंगाल की खाड़ी के दक्षिण-पश्चिम में स्थित है और अगले 24 घंटों में पश्चिम-उत्तर-पश्चिम दिशा में बढ़ते हुए उत्तरी तमिलनाडु, पुडुचेरी और दक्षिणी आंध्र प्रदेश के तटों की ओर बढ़ने की संभावना है। अधिकारियों ने कहा कि प्रणाली और अधिक शक्तिशाली हो सकती है, तथा आज रात तक यह स्पष्ट हो जाएगा कि यह चक्रवाती तूफान में तब्दील होगी या नहीं।
मौसम विभाग की दक्षिणी क्षेत्र प्रमुख अमुधा ने बताया कि यह दबाव क्षेत्र आज दोपहर तक बंगाल की खाड़ी के पश्चिम-मध्य भाग में कम दबाव क्षेत्र में विकसित हो सकता है। उन्होंने कहा, “हम इसकी तीव्रता और दिशा पर लगातार नजर रखे हुए हैं। अगले 12 घंटे यह तय करने में अहम होंगे कि यह प्रणाली चक्रवात का रूप लेगी या नहीं।”
विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, विल्लुपुरम, चेंगलपट्टू, कुड्डालोर और मयिलादुथुराई जिलों के लिए रेड अलर्ट जारी किया गया है, जहां अत्यधिक भारी वर्षा की संभावना जताई गई है। वहीं चेन्नई, तिरुवल्लूर, कांचीपुरम, रानीपेट, तिरुवन्नामलाई, कल्लाकुरिची, अरियालुर, पेरम्बलुर, तंजावुर, तिरुवरूर, नागपट्टिनम और कराईकल जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है।
आरएमसी ने चेतावनी दी है कि सलेम, तिरुचिरापल्ली, वेल्लोर, तिरुपत्तूर, धर्मपुरी और पुदुकोट्टई जिलों में भी तेज बारिश की संभावना है। बुधवार को चेन्नई, चेंगलपट्टू, कांचीपुरम, तिरुवल्लूर और रानीपेट में भारी बारिश की भविष्यवाणी की गई है, जबकि आसपास के जिले जैसे वेल्लोर, तिरुपत्तूर, तिरुवन्नामलाई, विल्लुपुरम, कल्लाकुरिची, कुड्डालोर और पुडुचेरी में भी प्रभाव पड़ सकता है।
अधिकारियों ने निचले और तटीय इलाकों में रहने वाले लोगों से सतर्क रहने और अनावश्यक यात्रा से बचने की अपील की है। मौसम विभाग ने कहा है कि उत्तर-पूर्वी मानसून फिलहाल तेज है, जिसके चलते अगले कुछ दिनों तक भारी बारिश जारी रह सकती है








