
सुशील जायसवाल
लोकतंत्र की मज़बूती में युवाओं की निर्णायक भूमिका – सतीश प्रकाश सिंह
कोरबा/भैसमा, 18 फरवरी 2026।
भारत निर्वाचन आयोग, नई दिल्ली एवं मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी, छत्तीसगढ़ के निर्देशानुसार जिले में मतदाता जागरूकता को सशक्त बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल करते हुए भैसमा स्थित स्व. प्यारे लाल कंवर शासकीय महाविद्यालय में इलेक्टोरल लिटरेसी क्लब (ELC) का विधिवत गठन किया गया। कार्यक्रम में सहायक जिला स्वीप नोडल अधिकारी सतीश प्रकाश सिंह मुख्य रूप से उपस्थित रहे।
कार्यक्रम का शुभारंभ महाविद्यालय की प्राचार्य डॉ. साधना खरे एवं सतीश प्रकाश सिंह द्वारा दीप प्रज्ज्वलन कर किया गया। इसके पश्चात छात्राओं ने स्वागत गीत एवं मतदाता जागरूकता पर आधारित सांस्कृतिक प्रस्तुति देकर लोकतांत्रिक चेतना का संदेश दिया।
रंगोली के रंगों में लोकतंत्र का संदेश
इलेक्टोरल लिटरेसी क्लब के गठन के अवसर पर आयोजित रंगोली प्रतियोगिता ने कार्यक्रम को विशेष आयाम दिया। छात्राओं ने आकर्षक रंगोलियों के माध्यम से विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR), मतदाता पंजीकरण एवं मतदान के महत्व को रचनात्मक ढंग से प्रदर्शित किया। प्रतियोगिता में छात्राओं की उत्साही भागीदारी ने यह स्पष्ट किया कि युवा वर्ग लोकतांत्रिक प्रक्रियाओं के प्रति सजग और प्रतिबद्ध है।
“हर युवा बने जागरूक मतदाता”
अपने संबोधन में सतीश प्रकाश सिंह ने कहा कि लोकतंत्र की मजबूती युवाओं की सक्रिय भागीदारी पर निर्भर करती है। उन्होंने 18 वर्ष पूर्ण कर चुके प्रत्येक युवा से अपने-अपने मतदान केंद्र में नाम पंजीकृत कराने की अपील की। साथ ही एसआईआर की प्रक्रिया को समझाते हुए बताया कि यह मतदाता सूची को शुद्ध, अद्यतन और पारदर्शी बनाने का महत्वपूर्ण माध्यम है।
उन्होंने इलेक्टोरल लिटरेसी क्लब के उद्देश्यों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि यह मंच युवाओं को निर्वाचन प्रक्रिया की बारीकियों से अवगत कर लोकतांत्रिक मूल्यों के प्रति जागरूक नागरिक बनाने का कार्य करेगा।
महाविद्यालय का सतत सहयोग
प्राचार्य डॉ. साधना खरे ने आश्वस्त किया कि महाविद्यालय स्वीप कार्यक्रम की सभी गतिविधियों में सक्रिय भूमिका निभाता रहेगा। कार्यक्रम के संचालन का दायित्व सहायक प्राध्यापक दीपेश कुमार ने निभाया।
इस अवसर पर वरिष्ठ प्राध्यापक डॉ. जे. एल. चौहान, सहायक प्राध्यापक जितेंद्र कंवर, डॉ. अनुराधा तिर्की (महाविद्यालय स्वीप नोडल अधिकारी) सहित समस्त प्राध्यापकगण और बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के अंत में सभी ने शत-प्रतिशत मतदान एवं मतदाता पंजीकरण के लिए जनजागरूकता फैलाने की शपथ ली, जिससे यह आयोजन केवल औपचारिकता नहीं बल्कि लोकतांत्रिक प्रतिबद्धता का सशक्त संदेश बनकर उभरा।






