आईएएस श्रीमती नम्रता चौबे ने जिला पंचायत सीईओ का पदभार ग्रहण किया

बीजापुर – जिला पंचायत बीजापुर में प्रशासनिक जिम्मेदारी श्रीमती नम्रता चौबे को दी गई है। भारतीय प्रशासनिक सेवा 2022 बैच की अधिकारी श्रीमती नम्रता चौबे ने आज जिला पंचायत मुख्य कार्यपालन अधिकारी (सीईओ) के पद का विधिवत कार्यभार ग्रहण कर लिया।

 

श्रीमती चौबे ने कार्यभार संभालने के बाद विभिन्न विभागीय अधिकारियों से परिचय प्राप्त किया और जिले की विकास योजनाओं की संक्षिप्त समीक्षा भी की। उनके आगमन से जिला प्रशासन में नई ऊर्जा और दक्षता की उम्मीद की जा रही है।

श्रीमती चौबे इससे पहले अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व), सरायपाली, जिला महासमुंद के पद पर पदस्थ थीं, जहाँ उन्होंने राजस्व, भूमि प्रबंधन और लोकसेवा वितरण में उल्लेखनीय कार्य किए। कार्य के प्रति उनकी सक्रियता, जनसंपर्क और प्रशासनिक पारदर्शिता के लिए वे पूर्ववर्ती कार्यक्षेत्रों में जानी जाती रही हैं।

मूलतः झारखंड राज्य के गढ़वा जिले की रहने वाली श्रीमती नम्रता चौबे, तेज- तर्रार प्रशासनिक क्षमता और सकारात्मक कार्यशैली के लिए पहचानी जाती हैं। उनके कार्यभार ग्रहण से जिले में विभिन्न विकास योजनाओं के क्रियान्वयन में गति आने की संभावना जताई जा रही है।

  • Related Posts

    स्वास्थ्य कर्मियों की टीम ने बदली रणनीति, गांव से खेतों तक पहुंचकर कर रहे ग्रामीणों की जांच

    बीजापुर – “मलेरिया मुक्त छत्तीसगढ़” अभियान के तहत भोपालपटनम ब्लॉक में भी मलेरिया जांच कार्य तेज़ी से जारी है। लेकिन इस आदिवासी बहुल अंचल में स्वास्थ्य टीम को खास किस्म की चुनौती का सामना करना पड़ रहा है। दरअसल, खेती- किसानी का मौसम होने के कारण सुबह होते ही ग्रामीण खेतों की ओर निकल जाते हैं, जिससे घरों में ग्रामीण नहीं मिल पा रहे हैं। इस स्थिति ने जांच अभियान की गति को प्रभावित किया, लेकिन स्वास्थ्य टीमों ने हार मानने की बजाय, सोच में लचीलापन और कार्य में नयापन अपनाया। अब टीम के सदस्य गांव के गलियारों से निकलकर सीधे खेतों की मेड़ों पर पहुंच रहे हैं। जहां किसान धान की रोपाई में जुटे हैं, वहां स्वास्थ्य कर्मी भी मेडिकल किट लेकर खड़े मिलते हैं। “अब जांच वहीं, जहां काम चल रहा है” स्वास्थ्य विभाग की नई नीति स्वास्थ्य विभाग ने इस क्षेत्र में ‘वर्कप्लेस सर्विलांस’ का तरीका अपनाया है, जिसमें व्यक्ति को उसके कार्यस्थल यानी खेत, जंगल या चरागाह पर ही जाकर जांच की जा रही है। टीमें अब गांव के नक्शों से ज़्यादा खेतों के रास्तों को पहचानने लगी हैं। कंधे पर दवा- बक्सा, हाथ में स्लाइड और पीठ पर भरोसा लिए ये स्वास्थ्य योद्धा अब सुबह- सवेरे खेतों में पहुंच रहे हैं। कभी कीचड़ भरी मेंड़ पर रुककर, कभी किसी पेड़ की छांव में बैठकर, तो कभी फावड़ा पकड़े ग्रामीण के पास खड़े होकर, टीम के लोग मलेरिया की जांच कर रहे हैं, दवा बांट रहे हैं और लोगों को जागरूक भी कर रहे हैं। शुरुआत में लोग झिझकते थे, लेकिन अब टीम की मेहनत देखकर खुद ग्रामीण जांच के लिए आगे आ रहे हैं। कई जगहों पर लोग खुद अपने साथियों को बुलाकर टेस्ट करा रहे हैं। डॉ चलपति राव, बीएमओ, भोपालपटनम “खेती का समय होने से ग्रामीण दिनभर खेतों में रहते हैं, जिससे गांव में मलेरिया जांच में कठिनाई आ रही है। ऐसे में हमारी टीम अब खेतों और कार्यस्थलों पर जाकर जांच कर रही है। हमारा प्रयास है कि कोई भी व्यक्ति जांच से वंचित न रहे। ग्रामीणों से सहयोग की अपील है ताकि हम मिलकर क्षेत्र को मलेरिया मुक्त बना सकें।”

    कोरबा: पोल्ट्री फार्म में घुसा विशाल अजगर, दो मुर्गियां खाकर बैठा मिला – रेस्क्यू टीम ने संभाला मोर्चा

    कोरबा : कोरबा जिले में लगातार ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में सांप निकलने की घटना सामने आ रही हैं, वहीं दो दिनों से लगातार बारिश होने के साथ साथ सांप निकलने की घटना भी लगातार जानकारी मिल रही हैं। वहीं आज प्रातः सुबह 9 बजे के आस पास जगरहा बस्ती के एक पोल्ट्री फार्म में दो मुर्गी खाकर बैठे अजगर की जानकारी वाइल्डलाइफ रेस्क्यु टीम (नोवा नेचर) के जितेंद्र सारथी को मिली गया जिसके बाद इसकी जानकारी डीएफओ कुमार निशांत को दिया गया फिर उनके निर्देशानुसार एसडीओ सूर्यकांत सोनी के मार्गदर्शन में जितेंद्र सारथी घटना स्थल के लिए रवाना हो गए फिर वहां पहुंच कर दीवाल में कुंडली मार कर बैठे अजगर को नीचे लाया गया फिर सारथी ने प्रोटोकॉल और सुरक्षा का विशेष ध्यान में रखते हुए, पर्याप्त दूरी बना कर बड़ी सावधानी से 8 फीट के अगजर को थैले में रेस्क्यु कर के रखा और लोगों को बताया गया कि यह Indian Rock Python (अजगर) हैं जो की जहरीला नहीं होता पर अपने शिकार को कुंडली मार कर दम घोट कर मार सकता हैं इसलिए इनको पकड़ने या छेड़खानी करने की कोशिश न करें तब जाकर सभी ने राहत भरी सांस लिया साथ ही लोगों ने जितेंद्र सारथी का धन्यवाद् ज्ञापित किया फिर अजगर को सुरक्षित जंगल में छोड़ दिया गया। कोरबा में मूसलधार बारिश का कहर: दिपका-कुचेना-ईमलीछापर मार्ग बहा, आवागमन ठप जितेंद्र सारथी ने आम जनता से अपील किया हैं कि ऐसे परस्थिति होने पर ही रेस्क्यु टीम को सूचना दे जिसमें सर्प दंश होने का खतरा ज्यादा हो या फिर किसी व्यक्ति के द्वारा सांप को नुकसान पहुंचाने की संभावना हो साथ ही अगर कोई सांप को मारता हु दिखे तो हमें सूचना दे और बाड़ी, खेत, झाड़ी और नाली में हो तो बिल्कुल भी न डरे वो स्वयं ही अपने रास्ते चले जाएंगे।

    अन्य खबरे

    स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट शासकीय अंग्रेजी माध्यम विद्यालय कोरबी में सरस्वती पूजन हर्षोल्लास से संपन्न

    स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट शासकीय अंग्रेजी माध्यम विद्यालय कोरबी में सरस्वती पूजन हर्षोल्लास से संपन्न

    उदंती–सीतानदी टाइगर रिजर्व में बड़ी कार्रवाई, अवैध शिकार करते 3 आरोपी गिरफ्तार, भेजे गए जेल

    उदंती–सीतानदी टाइगर रिजर्व में बड़ी कार्रवाई, अवैध शिकार करते 3 आरोपी गिरफ्तार, भेजे गए जेल

    धान खरीदी महापर्व में भ्रष्टाचार पर कड़ा प्रहार, बालोद में दो अधिकारी निलंबित देखे आदेश

    धान खरीदी महापर्व में भ्रष्टाचार पर कड़ा प्रहार, बालोद में दो अधिकारी निलंबित देखे आदेश

    छत्तीसगढ़ वाणिज्यिक कर विभाग में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल, कई जिलों में कर्मचारियों के तबादले

    छत्तीसगढ़ वाणिज्यिक कर विभाग में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल, कई जिलों में कर्मचारियों के तबादले

    खड़गवां पुलिस की अनूठी पहल, गांव-गांव पहुंचा सड़क सुरक्षा का संदेश

    खड़गवां पुलिस की अनूठी पहल, गांव-गांव पहुंचा सड़क सुरक्षा का संदेश

    चट्टानपारा बुलडोजर कार्रवाई के खिलाफ सड़कों पर उतरे पीड़ित

    चट्टानपारा बुलडोजर कार्रवाई के खिलाफ सड़कों पर उतरे पीड़ित