
✍️ भागीरथी यादव
केंद्रीय बैंक आरबीआई द्वारा जारी ताज़ा आंकड़ों के अनुसार 14 नवंबर को समाप्त सप्ताह में भारत का विदेशी मुद्रा भंडार 5.54 अरब डॉलर बढ़कर 692.58 अरब डॉलर के सर्वकालिक स्तर पर पहुंच गया। यह बढ़ोतरी मुख्यतः गोल्ड रिजर्व की वैल्यू में आए भारी उछाल के कारण दर्ज की गई, जो एक सप्ताह में 5.34 अरब डॉलर बढ़कर 106.86 अरब डॉलर तक पहुंच गई है।
ग्लोबल मार्केट में सोने की कीमतों में उछाल ने इस वृद्धि को समर्थन दिया है। इसके साथ ही, फॉरेन करेंसी एसेट्स 152 मिलियन डॉलर बढ़कर 562.29 अरब डॉलर, एसडीआर 18.65 अरब डॉलर और आईएमएफ के पास भारत का रिजर्व 4.78 अरब डॉलर तक पहुंच गया है।
आरबीआई गवर्नर संजय मल्होत्रा ने कहा कि देश का फॉरेक्स रिजर्व “11 महीने के आयात और 96% बाहरी ऋण को कवर करने के लिए पर्याप्त है,” जो भारत की मजबूत आर्थिक स्थिति का संकेत है।
विशेषज्ञ बताते हैं कि पिछले दशक में भारत के फॉरेक्स रिजर्व में सोने की हिस्सेदारी लगभग दोगुनी होकर 15% तक पहुंच चुकी है। 2025 में सोने की कीमतों में 65% तक की तेज़ बढ़ोतरी ने भी इस ट्रेंड को मजबूती दी है।








