
✍️ भागीरथी यादव
रायपुर। बहुचर्चित शराब घोटाले के मुख्य आरोपी कारोबारी अनवर ढेबर को मिली पैरोल अवधि में सात दिन का विस्तार दिया गया है। पहले उन्हें चार दिन की पैरोल मंजूर हुई थी, जिसकी अवधि पूरी होने के बाद उन्होंने छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट में विस्तार के लिए अर्जी लगाई थी। अदालत ने उनकी मां की गंभीर तबीयत को आधार मानते हुए राहत अवधि बढ़ाने का आदेश दिया।
मंगलवार देर रात अनवर ढेबर पुलिस सुरक्षा के बीच रायपुर स्थित अपने निवास पहुंचे। उनके घर के बाहर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं और हर आने-जाने वाले व्यक्ति का विवरण रजिस्टर में दर्ज किया जा रहा है। अदालत ने यह भी स्पष्ट किया है कि यह राहत सिर्फ मानवीय आधार पर दी गई है और अवधि समाप्त होते ही उन्हें फिर से जेल लौटना होगा।
ईओडब्ल्यू-एसीबी की जांच में खुलासा हुआ है कि 60 लाख से अधिक पेटियों की अवैध बिक्री के जरिए लगभग 3200 करोड़ रुपये का शराब घोटाला हुआ है। पहले यह राशि 2161 करोड़ आंकी गई थी, लेकिन अब इसका आकार बढ़कर 3200 करोड़ रुपये से अधिक बताया जा रहा है।
इस मामले में पूर्व आबकारी मंत्री कवासी लखमा, पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के पुत्र चैतन्य बघेल, सेवानिवृत्त आईएएस अनिल टूटेजा और अनवर ढेबर सहित कुल 15 आरोपी रायपुर सेंट्रल जेल में बंद हैं। अब तक 70 लोगों को आरोपित बनाया जा चुका है, जिनमें आठ डिस्टिलरी संचालक भी शामिल हैं। शेष संदिग्धों की भूमिका की जांच अभी जारी है।






