
अतुल श्रीवास्तव
मुंगेली, 29 सितंबर।
मुंगेली पुलिस अधीक्षक भोजराम पटेल के मार्गदर्शन में जिले में संचालित ‘पहल’ अभियान ने महिला सुरक्षा को लेकर समाज में एक सशक्त संदेश दिया है। इस अभियान के तहत यह स्पष्ट किया गया है कि अकेले घर लौटने वाली हर युवती की सुरक्षा केवल उसकी जिम्मेदारी नहीं, बल्कि पूरे समाज और प्रशासन की सामूहिक जिम्मेदारी है।

पुलिस अधीक्षक ने कहा कि ‘कन्या भोज’ का वास्तविक महत्व तभी पूरा होता है जब हर कन्या सुरक्षित, सम्मानजनक और भयमुक्त माहौल में अपने घर पहुंच सके।

इस पहल के अंतर्गत—
युवतियों की सुरक्षा एवं आत्मसम्मान को सर्वोपरि रखा गया है।
पुलिस द्वारा सुरक्षा जागरूकता अभियान, आत्मरक्षा के उपायों की जानकारी, तथा सार्वजनिक स्थानों पर सुरक्षा बढ़ाने के प्रयास किए जा रहे हैं।
समाज में महिलाओं के प्रति संवेदनशीलता बढ़ाने और सुरक्षा के प्रति जागरूकता लाने पर विशेष बल दिया जा रहा है।

यह पहल केवल तात्कालिक प्रयास नहीं, बल्कि सामाजिक विश्वास और सुरक्षा को मजबूत करने की एक लंबी यात्रा का प्रारंभ है। इसका उद्देश्य युवतियों के आत्मविश्वास को बढ़ाना और उन्हें स्वतंत्र एवं सुरक्षित जीवन जीने के अधिकार को सुनिश्चित करना है।
👉 पुलिस ने अपील की है कि हर नागरिक ‘अकेली लड़की मौका नहीं’ की सोच को अपनाए और कन्याओं के सुरक्षित आवागमन की जिम्मेदारी स्वयं ले। यही सच्चे अर्थों में ‘कन्या भोज’ का मूल सार है।






