
✍️ भागीरथी यादव
मनेन्द्रगढ़ में अटल परिसर लोकार्पण बना विवाद की वजह, उपाध्यक्ष ने CMO पर लगाए गंभीर आरोप
एमसीबी/मनेन्द्रगढ़।
भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेयी के नाम से जुड़े अटल परिसर के वर्चुअल लोकार्पण कार्यक्रम को लेकर मनेन्द्रगढ़ नगर पालिका प्रशासन विवादों में घिर गया है। कार्यक्रम में नगर पालिका उपाध्यक्ष धर्मेन्द्र पटवा की गैरमौजूदगी और अव्यवस्थित आयोजन ने प्रशासनिक कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
उपाध्यक्ष धर्मेन्द्र पटवा ने सीधे तौर पर मुख्य नगरपालिका अधिकारी (CMO) पर मनमानी, लापरवाही और पारदर्शिता के अभाव के आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि अटल जी जैसे युगद्रष्टा नेता के नाम पर आयोजित कार्यक्रम में जिस गरिमा, गंभीरता और समन्वय की अपेक्षा थी, वह पूरी तरह नदारद रही।
पटवा का आरोप है कि लोकार्पण कार्यक्रम का न तो समुचित प्रचार-प्रसार किया गया और न ही नगर के निर्वाचित जनप्रतिनिधियों, पार्षदों, पत्रकारों और आम नागरिकों को समय रहते सूचना दी गई। यहां तक कि वर्चुअल कार्यक्रम से जुड़ने के लिए आवश्यक लिंक अथवा कोड भी कई जनप्रतिनिधियों और गणमान्य नागरिकों को उपलब्ध नहीं कराए गए, जिससे वे चाहकर भी कार्यक्रम में शामिल नहीं हो सके।
उन्होंने इसे प्रशासनिक लापरवाही करार देते हुए कहा कि इस अव्यवस्था से न केवल जनप्रतिनिधियों का अपमान हुआ है, बल्कि अटल बिहारी वाजपेयी जैसे महान व्यक्तित्व के नाम से जुड़े आयोजन की गरिमा को भी ठेस पहुंची है।
उपाध्यक्ष ने स्पष्ट किया कि अटल परिसर का लोकार्पण कोई सामान्य औपचारिकता नहीं था, बल्कि यह नगरवासियों की भावनाओं से जुड़ा एक ऐतिहासिक अवसर था। ऐसे महत्वपूर्ण आयोजनों में सभी जनप्रतिनिधियों और नागरिकों की सहभागिता सुनिश्चित करना प्रशासन की जिम्मेदारी थी, लेकिन समन्वयहीन कार्यप्रणाली के कारण यह अवसर विवाद में तब्दील हो गया।
धर्मेन्द्र पटवा ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग करते हुए कहा कि भविष्य में इस तरह के महत्वपूर्ण आयोजनों में सभी जनप्रतिनिधियों को विश्वास में लेकर पारदर्शी और समावेशी व्यवस्था अपनाई जानी चाहिए, ताकि ऐसी चूक दोबारा न हो।
समाचार लिखे जाने तक इस पूरे मामले पर मुख्य नगरपालिका अधिकारी की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। अब देखना यह होगा कि प्रशासन इन आरोपों पर क्या रुख अपनाता है और भविष्य में ऐसी प्रशासनिक चूकों से बचने के लिए क्या ठोस कदम उठाए जाते हैं।






