छत्तीसगढ़: वाणिज्यिक कर विभाग में बड़ा फेरबदल, 9 अधिकारियों के तबादले; देखें पूरी सूची
रायपुर। छत्तीसगढ़ शासन के वाणिज्यिक कर विभाग ने प्रशासनिक कसावट लाने के उद्देश्य से अधिकारियों की नवीन पदस्थापना सूची जारी की है। इस फेरबदल में संयुक्त आयुक्त से लेकर राज्य कर निरीक्षक स्तर के 9 अधिकारियों को नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं। शासन द्वारा जारी आदेश के अनुसार, जगदलपुर, बिलासपुर और रायपुर जैसे महत्वपूर्ण संभागों के अधिकारियों के कार्यक्षेत्र में बदलाव किया गया है। प्रमुख स्थानांतरण और नई नियुक्तियां विभागीय आदेश के तहत निम्नलिखित अधिकारियों का तबादला किया गया है: अधिकारी का नाम वर्तमान पद / स्थान नवीन पदस्थापना (कहाँ भेजे गए) अजय देवांगन (संयुक्त आयुक्त) संयुक्त आयुक्त, जगदलपुर संभाग मुख्यालय, नवा रायपुर सुमित कुमार महोबिया (उपायुक्त) बीआईयू, बिलासपुर संयुक्त आयुक्त कार्यालय, अंबिकापुर शारदा मिश्रा (सहायक आयुक्त) सचिव, वाणिज्य कर अधिकरण, नवा रायपुर कोरिया वृत्त, मनेन्द्रगढ़ आनंद कुमार डोंगरे (सहायक आयुक्त) रायपुर वृत्त-8 कोरिया वृत्त, मनेन्द्रगढ़ सुरेंद्र कुमार पटल (सहायक आयुक्त) कोरिया वृत्त, मनेन्द्रगढ़ बेमेतरा वृत्त चित्ररेखा भूआर्य (राज्य कर अधिकारी) रायपुर वृत्त-11 दुर्ग वृत्त-03 अंशु शुक्ला (राज्य कर अधिकारी) बिलासपुर वृत्त-3 संयुक्त आयुक्त कार्यालय, अंबिकापुर सुनीता सोनी (राज्य कर अधिकारी) भाटापारा वृत्त रायपुर वृत्त-2 आशीष कुमार साहू (निरीक्षक) बीआईयू, दुर्ग संभाग प्रशासनिक दृष्टि से महत्वपूर्ण बदलाव इस सूची में अजय देवांगन को जगदलपुर से हटाकर मुख्यालय नवा रायपुर में महत्वपूर्ण जिम्मेदारी दी गई है। वहीं, सरगुजा संभाग और कोरिया वृत्त (मनेन्द्रगढ़) में भी नए अधिकारियों की तैनाती की गई है ताकि कर संग्रहण और विभागीय कार्यों में तेजी लाई जा सके। यह आदेश तत्काल प्रभाव से लागू कर दिया गया है और सभी संबंधित अधिकारियों को जल्द से जल्द अपने नए पदभार ग्रहण करने के निर्देश दिए गए हैं।
जामुल पुलिस ने किया अंतरराज्यीय साइबर गिरोह का भंडाफोड़; 4 आरोपी गिरफ्तार
✍️ भागीरथी यादव दुर्ग। छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले के जामुल थाना क्षेत्र में पुलिस ने साइबर अपराध के एक बड़े नेटवर्क को ध्वस्त किया है। पुलिस ने ‘म्यूल खातों’ (Mule Accounts) के जरिए अवैध लेनदेन करने वाले एक अंतरराज्यीय गिरोह के चार सदस्यों को गिरफ्तार किया है। यह गिरोह देश के विभिन्न राज्यों में सक्रिय साइबर ठगों को बैंकिंग सुविधाएं मुहैया कराता था। मुखबिर की सूचना पर घेराबंदी 19 फरवरी को जामुल पुलिस को सूचना मिली थी कि कुरूद स्थित सीसीएम मेडिकल कॉलेज रोड के पास कुछ संदिग्ध युवक दूसरों के बैंक खातों का उपयोग कर बड़े पैमाने पर संदिग्ध लेनदेन कर रहे हैं। पुलिस टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए गुप्ता पीजी मकान के पास घेराबंदी की और चार आरोपियों को हिरासत में लिया। बरामदगी और तकनीकी साक्ष्य आरोपियों की तलाशी लेने पर उनके पास से भारी मात्रा में बैंकिंग और इलेक्ट्रॉनिक उपकरण बरामद हुए हैं: बैंक दस्तावेज: 13 बैंक पासबुक, 7 चेकबुक और 18 एटीएम कार्ड। इलेक्ट्रॉनिक उपकरण: 4 मोबाइल फोन और 12 सिम कार्ड। नकद: 5,700 रुपये नगद। म्यूल अकाउंट के जरिए फैला था जाल शुरुआती जांच में पता चला है कि यह गिरोह कमीशन के लालच में आम लोगों के बैंक खाते (म्यूल अकाउंट) तैयार करता था। इन खातों का उपयोग साइबर ठगी की रकम को खपाने के लिए किया जाता था। समन्वय पोर्टल पर जब जब्त खातों की जांच की गई, तो पता चला कि इनके जरिए केरल, कर्नाटक, बिहार और गुजरात में पहले ही साइबर धोखाधड़ी की शिकायतें दर्ज हो चुकी हैं। गिरफ्तार आरोपियों का विवरण पुलिस ने निम्नलिखित आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है: मोहम्मद अब्दुला राईन उर्फ अमन (24): निवासी छावनी, भिलाई। हिंमाशू पटेल (31): निवासी सेक्टर-01, भिलाई। पुट्टा राकेश बाबू (27): निवासी वेस्ट गोदावरी, आंध्र प्रदेश। शुभम स्वाई (20): निवासी सुंदरगढ़, ओड़िशा। कानूनी कार्रवाई आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 318(4), 317(2), और 3(5) के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस अब इस गिरोह के मुख्य सरगनाओं और अन्य राज्यों से जुड़े संपर्कों की तलाश कर रही है। सावधानी नोट: म्यूल अकाउंट वे खाते होते हैं जिन्हें ठगी की रकम ट्रांसफर करने के लिए किराए पर लिया जाता है। लालच में आकर अपना खाता किसी को उपयोग के लिए न दें, वरना आप भी कानूनी मुश्किल में फंस सकते हैं।
भक्ति की बहेगी गंगा: पोड़ी खुर्द (टुरीपारा) में 22 फरवरी से श्री शिवपुराण कथा का भव्य आयोजन
कोरबी-चोटिया | सुशील जायसवाल कोरबा जिले के पोड़ी उपरोड़ा ब्लॉक अंतर्गत ग्राम पंचायत पोड़ी खुर्द (टुरीपारा) में आध्यात्म और श्रद्धा का अनूठा संगम देखने को मिलेगा। समस्त ग्रामवासियों और आयोजक समिति के तत्वावधान में यहाँ आठ दिवसीय भव्य श्री शिवपुराण कथा एवं बगलामुखी हवन का आयोजन किया जा रहा है। 22 फरवरी से होगा शुभारंभ भक्तिमय ‘कथा सरोवर प्रसंग’ का मंगल शुभारंभ 22 फरवरी 2026, दिन रविवार से होने जा रहा है। यह आध्यात्मिक आयोजन 1 मार्च 2026 तक चलेगा। समापन के दिन सहस्रधारा, विशेष हवन और विशाल भंडारे (प्रसाद वितरण) के साथ कार्यक्रम की पूर्णाहुति होगी। विद्वान कथावाचक बिखेरेंगे संगीत की महिमा इस पावन अवसर पर सुप्रसिद्ध कथावाचक पंडित श्याम दुबे के मुखारविंद से श्रद्धालु शिवपुराण की अमृतवाणी का रसपान करेंगे। कथा को संगीत की मधुर धुनों के साथ प्रस्तुत किया जाएगा, जो श्रोताओं को शिव भक्ति के सागर में सराबोर कर देगा। आयोजन में यजमानों का विशेष योगदान कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए क्षेत्र के श्रद्धालु बढ़-चढ़कर हिस्सा ले रहे हैं। इस धार्मिक अनुष्ठान के मुख्य यजमानों में: श्री राम सजीवन एवं सिलोचनी साहू श्री लोकनाथ एवं लक्ष्मी श्रीवास श्री लय कुमार एवं तारा देवी जायसवाल श्री राजेश एवं ऊषा खैरवार श्री विनोद एवं पूर्णिमा जायसवाल श्री सुख साय एवं मंगली बाई श्रीमती कलावती, परिकुंवर, सुकवरिया, सुखराज बाई, इंद्र कुंवर सहित अन्य यजमानों का सराहनीय योगदान और सक्रिय सहभागिता बनी हुई है। श्रद्धालुओं को आमंत्रण आयोजक समिति और समस्त ग्रामवासियों ने क्षेत्र के सभी धर्मप्रेमी बंधुओं से अपील की है कि वे अधिक से अधिक संख्या में पधारकर श्री शिवपुराण कथा का श्रवण करें और महादेव का आशीर्वाद प्राप्त कर पुण्य के भागी बनें।
हाथी प्रभावित क्षेत्रों में धान उठाव न होने से बढ़ा खतरा: खुले आसमान के नीचे पड़े लाखों क्विंटल धान पर हाथियों की नजर
कोरबा/पोड़ी उपरोड़ा | सुशील जायसवाल कोरबा जिले के धान उपार्जन केंद्रों में खरीदी प्रक्रिया समाप्त हुए 19 दिन बीत चुके हैं, लेकिन धान का उठाव न होने से अब संकट गहराने लगा है। विशेष रूप से पोड़ी उपरोड़ा और कटघोरा विकासखंड के हाथी प्रभावित क्षेत्रों में स्थिति भयावह है। खुले आसमान और खेतों में रखा लाखों क्विंटल धान हाथियों के दल को रिहायशी इलाकों की ओर खींच रहा है, जिससे जन-धन की हानि का खतरा बढ़ गया है। आंकड़ों की स्थिति: 11 लाख क्विंटल धान अब भी केंद्रों में जिले में इस वर्ष कुल 27.47 लाख क्विंटल धान की खरीदी की गई है। चौंकाने वाली बात यह है कि इसमें से लगभग 11 लाख क्विंटल धान अभी भी केंद्रों में ही डंप है। सबसे अधिक चिंता उन 11 संवेदनशील केंद्रों की है जो सीधे तौर पर ‘एलीफेंट कॉरिडोर’ (हाथी प्रभावित क्षेत्र) में आते हैं। यहाँ करीब 2 लाख क्विंटल धान रखा है, जिसकी महक हाथियों को आकर्षित कर रही है। हाथियों का तांडव और प्रभारियों में खौफ पसान, जटगा, कोरबी, मोरगा और लेमरू जैसे क्षेत्रों में हाथियों का दल लगातार विचरण कर रहा है। हाल ही में जटगा परिक्षेत्र के धोबीबारी में हाथियों ने 10 मकानों को ध्वस्त कर दिया और मवेशियों को नुकसान पहुँचाया है। अब फड़ प्रभारियों को डर है कि धान की महक हाथियों को सीधे उपार्जन केंद्रों तक ले आएगी। कलेक्टर के निर्देशों की अनदेखी? कलेक्टर कुणाल दुदावत ने पहले ही निर्देश दिए थे कि हाथी प्रभावित क्षेत्रों से धान उठाव को प्राथमिकता दी जाए। इसके बावजूद मिलर्स की सुस्ती बरकरार है। मिलर्स केवल डिलीवरी ऑर्डर (DO) कटवा रहे हैं, लेकिन परिवहन की गति अत्यंत धीमी है। फड़ प्रभारियों पर दोहरी मार वर्तमान स्थिति में कर्मचारी और प्रभारी दोतरफा संकट झेल रहे हैं: जान का जोखिम: हाथियों के डर के बीच रात भर जागकर धान की रखवाली करना। आर्थिक जिम्मेदारी: यदि धूप के कारण धान सूखता है (वजन में कमी) या हाथी उसे नुकसान पहुँचाते हैं, तो नियमतः इसकी रिकवरी नोडल अधिकारी और प्रभारी से की जाती है। प्रशासनिक रुख प्राधिकारी शशिकांत द्विवेदी ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए विपणन अधिकारी को सख्त निर्देश दिए हैं कि 28 फरवरी तक हर हाल में संवेदनशील केंद्रों से धान का उठाव पूर्ण कर लिया जाए। चेतावनी: यदि समय रहते धान का परिवहन नहीं किया गया, तो हाथियों का दल बड़ी जन-धन की हानि कर सकता है, जिसकी पूरी जिम्मेदारी संबंधित विभाग और लापरवाह मिलर्स की होगी।
कमला नेहरू महाविद्यालय कोरबा में इलेक्टोरल लिटरेसी क्लब पर संगोष्ठी, युवाओं ने लिया शत-प्रतिशत मतदान का संकल्प
कोरबा। लोकतांत्रिक मूल्यों को सशक्त करने और युवाओं को मतदान प्रक्रिया से जोड़ने की दिशा में गुरुवार, 19 फरवरी 2026 को कमला नेहरू महाविद्यालय कोरबा में ‘इलेक्टोरल लिटरेसी क्लब’ (ईएलसी) पर आधारित एक प्रभावशाली संगोष्ठी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम सहायक जिला स्वीप नोडल अधिकारी सतीश प्रकाश सिंह की उपस्थिति में सम्पन्न हुआ। संगोष्ठी का उद्देश्य जिले के युवाओं को निर्वाचन प्रक्रिया के प्रति जागरूक करना तथा उन्हें जिम्मेदार मतदाता के रूप में तैयार करना था। इस अवसर पर महाविद्यालय में औपचारिक रूप से ईएलसी क्लब का गठन भी किया गया, जिससे परिसर में चुनावी साक्षरता गतिविधियों को निरंतर बढ़ावा दिया जा सके। अपने संबोधन में सहायक जिला स्वीप नोडल अधिकारी सतीश प्रकाश सिंह ने ‘इलेक्टोरल लिटरेसी क्लब’ और एस.आई.आर. की भूमिका स्पष्ट करते हुए बताया कि 18 वर्ष की आयु पूर्ण करने वाला प्रत्येक युवा अपने मतदान केंद्र में नाम पंजीकृत कर लोकतंत्र की मजबूती में सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करे। उन्होंने कहा कि जागरूक और जिम्मेदार युवा ही लोकतांत्रिक व्यवस्था की वास्तविक शक्ति हैं। महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. प्रशांत बोपापुरकर ने छात्र-छात्राओं को संबोधित करते हुए लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा और सुदृढ़ीकरण में युवाओं की भूमिका को निर्णायक बताया तथा उन्हें सक्रिय सहभागिता के लिए प्रेरित किया। कार्यक्रम का संचालन जिला संगठक एनएसएस वाय.के. तिवारी ने किया। संगोष्ठी में सहायक प्राध्यापक गोविन्द माधव तिवारी (कार्यक्रम अधिकारी एनएसएस), प्रीति महंत (महाविद्यालय स्वीप प्रभारी), ए.के. सोनी, वेदव्रत उपाध्याय, विशुभा सिंह, विकास पाण्डेय सहित स्वीप कैम्पस एम्बेसडर छात्र देवांश तिवारी एवं मुस्कान राजपूत तथा बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे। कार्यक्रम के अंत में सभी उपस्थितों ने शपथ लेकर शत-प्रतिशत मतदान एवं मतदाता पंजीकरण के प्रति जागरूकता फैलाने का संकल्प लिया। संगोष्ठी ने युवाओं में लोकतांत्रिक चेतना को नई ऊर्जा प्रदान की।
पेट्रोल पंप को फूंकने की कोशिश, सिगरेट के चक्कर में युवक ने लगा दी आग; आरोपी इमरान गिरफ्तार देखें वीडियो
रायपुर (छत्तीसगढ़): राजधानी रायपुर के बिरगांव इलाके में उस वक्त अफरा-तफरी मच गई, जब एक सिरफिरे युवक ने पेट्रोल पंप पर लाइटर जलाकर भीषण आग लगा दी। यह पूरी घटना सीसीटीवी (CCTV) में कैद हो गई है, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी इमरान कुरैशी और उसके साथी को गिरफ्तार कर लिया है। क्या है पूरा मामला? मिली जानकारी के अनुसार, बिरगांव स्थित एक पेट्रोल पंप पर दो युवक बाइक में पेट्रोल भरवाने पहुंचे थे। बाइक की पिछली सीट पर बैठा युवक नीचे उतरा और बेखौफ होकर सिगरेट जलाने लगा। जब उसके साथी ने उसे पंप पर आग के खतरे को लेकर टोका, तो आरोपी ने संभलने के बजाय तैश में आकर लाइटर से सीधे पेट्रोल नोजल के पास आग लगा दी। आग लगते ही पेट्रोल डाल रहे कर्मचारी ने घबराकर नोजल को झटके से नीचे गिराया, जिससे आग की लपटें और फैल गईं। इस दौरान आग लगाने वाला बदमाश खुद भी लपटों की चपेट में आते-आते बचा और मौके से भाग निकला। बड़ी अनहोनी टली: पंप कर्मियों की सूझबूझ और फुर्ती की वजह से एक बड़ा हादसा टल गया। कर्मचारियों ने तुरंत अग्निशामक यंत्रों (Fire Extinguishers) का उपयोग कर आग पर काबू पाया, वरना एक बड़ा विस्फोट हो सकता था। पुलिस की कार्रवाई घटना को अंजाम देने के बाद दोनों आरोपी फरार हो गए थे, लेकिन सीसीटीवी फुटेज के आधार पर पुलिस ने उनकी घेराबंदी शुरू की। मुख्य आरोपी: इमरान कुरैशी। स्थिति: दोनों आरोपी पुलिस की गिरफ्त में हैं। धाराएं: पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर आगे की वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी है। रायपुर पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि पेट्रोल पंप जैसे संवेदनशील स्थानों पर ज्वलनशील पदार्थों का उपयोग न करें, यह न केवल कानूनी अपराध है बल्कि जान-माल के लिए बेहद खतरनाक है।
लैलूंगा: दोस्ती के बहाने बुलाकर दो नाबालिग सहेलियों से अनाचार, पुलिस ने ‘राहुल’ और उसके साथी को दबोचा
रायगढ़/जशपुर: सोशल मीडिया और मोबाइल के जरिए दोस्ती कर नाबालिगों को हवस का शिकार बनाने का एक शर्मनाक मामला लैलूंगा थाना क्षेत्र से सामने आया है। पुलिस ने इस मामले में मुख्य आरोपी और उसके सहयोगी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। आरोपियों ने न केवल शादी का झांसा देकर नाबालिग को बुलाया, बल्कि उसकी सहेली के साथ भी जंगल में ले जाकर दुष्कर्म किया। पुलिस के अनुसार, जशपुर जिले की एक 17 वर्षीय किशोरी का संपर्क दिसंबर 2025 में ओमप्रकाश उर्फ राहुल पैंकरा से हुआ था। राहुल ने खुद को प्रेम जाल में फंसाकर पीड़िता को शादी का सपना दिखाया। 14 फरवरी को जब उसने मिलने के लिए बुलाया, तो पीड़िता अपनी 16 वर्षीय सहेली को लेकर लैलूंगा पहुँची। आरोपी ओमप्रकाश अपने दोस्त जयकिशन धोबा के साथ मोटरसाइकिल (CG 13 MU 3456) लेकर लैलूंगा के अटल चौक पहुँचा। वहां से दोनों लड़कियों को बहला-फुसलाकर ग्राम सोनाजोरी के पास स्थित सुनसान जंगल में ले जाया गया। मुख्य कृत्य: जंगल के अंधेरे में मुख्य आरोपी ओमप्रकाश ने अपनी कथित प्रेमिका और फिर उसकी सहेली के साथ जबरदस्ती अनाचार किया। धमकी: विरोध करने पर आरोपियों ने लड़कियों को मारपीट की धमकी दी और किसी को न बताने का दबाव बनाया। पीड़िताओं की हिम्मत और शिकायत के बाद लैलूंगा पुलिस ने तत्काल एक्शन लिया। पुलिस ने मामले में दो अलग-अलग FIR दर्ज की हैं: अपराध क्रमांक 50/2026: धारा 70 (BNS) एवं 4, 6 पाक्सो एक्ट। अपराध क्रमांक 51/2026: धारा 70 (BNS) एवं 4, 6 पाक्सो एक्ट। गिरफ्तार आरोपियों की प्रोफाइल: मुख्य आरोपी: ओमप्रकाश उर्फ राहुल पैंकरा (22 वर्ष), निवासी ग्राम किलकिला। सहयोगी: जयकिशन धोबा (20 वर्ष), निवासी ग्राम टुरटुरा। पुलिस ने आरोपियों के पास से घटना में इस्तेमाल की गई बाइक जब्त कर ली है। पूछताछ में मुख्य आरोपी ने अपना जुर्म कबूल कर लिया है।
रायगढ़ में युवक को पेट्रोल डालकर जिंदा जलाया, इलाज के दौरान मौत
रायगढ़। जिले के खरसिया थाना क्षेत्र में दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है। रास्ता रोककर दो युवकों ने एक व्यक्ति पर हमला किया और पेट्रोल डालकर उसे आग के हवाले कर दिया। गंभीर रूप से झुलसे युवक की मेडिकल कॉलेज अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई। पुलिस ने एक संदेही को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। मृतक की पहचान चपले निवासी शिव प्रसाद पटेल के रूप में हुई है। उनके मामा शत्रुघ्न पटेल के अनुसार, शिव प्रसाद 16 फरवरी को बैंक संबंधी काम से मौहापाली गए थे। रात करीब 10:30 बजे वे मौहापाली से अपने गांव चपले लौट रहे थे। इसी दौरान भांठापारा बस्ती के पास दो लोगों ने उनका रास्ता रोका। आरोप है कि हमलावरों ने पहले धारदार हथियार से हमला किया और फिर उन पर पेट्रोल छिड़ककर आग लगा दी। इस हमले में शिव प्रसाद लगभग 60 प्रतिशत तक झुलस गए। घटना की जानकारी परिजन को अगले दिन सुबह मिली। उन्हें पहले खरसिया अस्पताल ले जाया गया, जहां से हालत गंभीर होने पर रायगढ़ जिला अस्पताल रेफर किया गया। उपचार के दौरान बुधवार शाम करीब 6 बजे उनकी मृत्यु हो गई। सीसीटीवी फुटेज में दो युवकों को शिव प्रसाद को रोकते हुए देखा गया है। परिजनों ने गांव के ही निलेश डंजारे और गंगाराम उर्फ कृष्णा पर शक जताया है। पुलिस ने निलेश डंजारे को हिरासत में ले लिया है, जबकि दूसरे आरोपी की तलाश जारी है। परिजनों का आरोप है कि दोनों संदिग्ध आपराधिक प्रवृत्ति के हैं और देर रात राहगीरों के साथ मारपीट व लूटपाट की घटनाओं में शामिल रहे हैं। आशंका जताई जा रही है कि लूट के इरादे से ही इस जघन्य वारदात को अंजाम दिया गया। पुलिस मामले की जांच में जुटी है और फरार आरोपी की तलाश के लिए टीमों को रवाना किया गया है।
बिलासपुर में 3.5 करोड़ की लूट का खुलासा, यूपी से चार आरोपी हिरासत में
बिलासपुर के राजकिशोर नगर स्थित सराफा कारोबारी संतोष तिवारी से 17 फरवरी की रात हुई करीब 3.50 करोड़ रुपये की सनसनीखेज लूट मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। उत्तर प्रदेश के मिर्जापुर जिले के अहरौरा थाना क्षेत्र से चार संदिग्ध आरोपियों को हिरासत में लिया गया है। पुलिस टीम उन्हें बिलासपुर ला रही है। घटना उस समय हुई जब वसंत विहार चौक स्थित महालक्ष्मी ज्वेलरी के संचालक संतोष तिवारी दुकान बंद कर घर लौट रहे थे। बीएसएनएल ऑफिस गली के पास एक कार ने उनकी गाड़ी को टक्कर मारी। जैसे ही वे बाहर निकले, हथियारबंद बदमाशों ने हमला कर करीब साढ़े तीन करोड़ रुपये के आभूषण, नकदी और उनकी कार लूट ली। जांच में सामने आया है कि आरोपियों ने छह महीने तक किराये के मकान में रहकर रेकी की थी। मोबाइल लोकेशन और तकनीकी साक्ष्यों की मदद से पुलिस ने उन्हें ट्रैक किया। उत्तर प्रदेश एटीएस के सहयोग से गिरफ्तारी संभव हो सकी। गंभीर रूप से घायल संतोष तिवारी का इलाज जारी है। उनके सिर पर गहरे घाव आए हैं और करीब 50 टांके लगे हैं। पुलिस आरोपियों से पूछताछ के बाद पूरे घटनाक्रम का आधिकारिक खुलासा करेगी।
केंद्रीय जेल बिलासपुर में सनसनी: कैदी ने हंसिया से गला रेतकर आत्महत्या की कोशिश
✍️ भागीरथी यादव बिलासपुर। केंद्रीय जेल बिलासपुर में मंगलवार सुबह उस वक्त हड़कंप मच गया, जब किचन में काम कर रहे एक सजायाफ्ता कैदी ने सब्जी काटने के हंसिया से अपना गला रेतकर आत्महत्या का प्रयास कर लिया। गंभीर रूप से घायल कैदी को तत्काल उपचार के लिए छत्तीसगढ़ आयुर्विज्ञान संस्थान (सिम्स) बिलासपुर में भर्ती कराया गया है, जहां उसका इलाज जारी है। हत्या के मामले में काट रहा है आजीवन कारावास जानकारी के अनुसार, पेंड्रा निवासी विकास कश्यप हत्या के मामले में पिछले दो वर्षों से जेल में बंद है। वर्ष 2024 में उसे अपनी दादी की हत्या के प्रकरण में आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई थी। फिलहाल उससे जेल के किचन में भोजन बनाने का कार्य लिया जा रहा था। सुबह किचन में उठाया खौफनाक कदम मंगलवार सुबह लगभग 7 बजे विकास अपने बैरक से निकलकर किचन पहुंचा। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, काम के दौरान उसने अचानक सब्जी काटने वाले हंसिया से अपना गला रेत लिया। पास में मौजूद अन्य कैदियों ने उसे खून से लथपथ हालत में तड़पते देखा और तत्काल जेल प्रशासन को सूचना दी। सूचना मिलते ही जेल अधीक्षक, जेलर सहित अन्य अधिकारी मौके पर पहुंचे। गंभीर स्थिति को देखते हुए जेल एंबुलेंस से उसे तुरंत सिम्स भेजा गया। मानसिक स्थिति पर उठे सवाल सूत्रों के मुताबिक, कैदी की मानसिक स्थिति पिछले कुछ समय से ठीक नहीं बताई जा रही थी और उसका उपचार भी चल रहा था। हालांकि, गला रेतने के कारण वह फिलहाल बातचीत करने की स्थिति में नहीं है, जिससे आत्महत्या के प्रयास के पीछे की वास्तविक वजह स्पष्ट नहीं हो पाई है। जांच के बाद खुलेगा राज जेल प्रशासन ने पूरे घटनाक्रम की आंतरिक जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि कैदी के होश में आने और बयान दर्ज होने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि उसने यह कदम किन परिस्थितियों में उठाया। घटना ने जेल सुरक्षा और कैदियों की मानसिक स्वास्थ्य निगरानी व्यवस्था पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं।
















