
✍️ भागीरथी यादव
बिहार में नई सरकार बनने के बाद अपराधियों पर शिकंजा कसना तेज हो गया है। इसी सख्ती का असर छपरा के मांझी इलाके में देखने को मिला, जहां देर रात पुलिस और शराब माफियाओं के बीच जोरदार मुठभेड़ हुई। जवाबी कार्रवाई में कुख्यात तस्कर अजय राय को पैर में गोली लगने से घायल अवस्था में गिरफ्तार कर लिया गया, जबकि उसका साथी सुकेश कुमार मौके पर ही सरेंडर कर गया।

सूत्रों के मुताबिक, अजय राय भारी मात्रा में अवैध शराब की खेप लेकर नदी मार्ग से दुर्गा घाट पर पहुंचा था। गुप्त सूचना पर मांझी थाना पुलिस पहले से ही घेराबंदी कर चुकी थी। जैसे ही तस्करों ने पुलिस को देखा, उन्होंने अचानक अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी। पुलिस ने भी तत्काल जवाबी कार्रवाई की और कुछ ही मिनटों में हालात काबू में कर लिए।

घायल तस्कर अजय राय को छपरा सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उसका उपचार जारी है। मौके से पुलिस ने दो देसी कट्टा, चार जिंदा कारतूस और दो खोखे बरामद किए हैं।
बताया जा रहा है कि तस्कर नाव से यूपी-बिहार सीमा के बीच सक्रिय बड़े गिरोहों के लिए शराब की सप्लाई कर रहे थे।
नगर में चर्चा है कि गृह मंत्री सम्राट चौधरी के कार्यभार संभालने के बाद 12 दिनों में यह तीसरा बड़ा एनकाउंटर है। लगातार हो रही कार्रवाई से शराब माफियाओं में हड़कंप मचा है।
पुलिस अब गिरफ्तार तस्करों से पूछताछ कर पूरे नेटवर्क और सप्लाई चेन की कड़ियों को खंगाल रही है। मांझी क्षेत्र में बीते कुछ महीनों से शराब तस्करी तेजी से बढ़ रही थी, लेकिन नई सरकार के बाद शुरू हुए अभियान से ऐसे नेटवर्क पर कड़ा प्रहार किया जा रहा है।
इस ताजा मुठभेड़ ने एक बार फिर साफ कर दिया है कि बिहार पुलिस अब शराब माफियाओं को किसी कीमत पर बख्शने के मूड में नहीं है।








