
✍️ भागीरथी यादव
कोरबा (छत्तीसगढ़)।
समाज सुधार, किसान कल्याण और मानव सेवा के क्षेत्र में ऐतिहासिक योगदान देने वाले जगत गुरु तत्वदर्शी संत रामपाल महाराज जी को हरियाणा के हिसार में 100 गांवों के किसानों एवं किसान ट्रेड यूनियन द्वारा “किसान रत्न” सम्मान से सम्मानित किया गया। यह सम्मान किसानों के अधिकारों, जागरूकता, सामाजिक एकता और नैतिक मूल्यों के संरक्षण हेतु किए गए उनके अतुलनीय प्रयासों का प्रतीक है।

इस गौरवपूर्ण सम्मान समारोह का सीधा लाइव प्रसारण छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले के जमनीपाली स्थित अग्रसेन भवन, साडा कॉलोनी में किया गया, जहाँ बड़ी संख्या में श्रद्धालु संगत, किसान भाई-बहन एवं क्षेत्रवासी उपस्थित रहे। सभी ने भावविभोर होकर सत्संग एवं सम्मान समारोह का सजीव प्रसारण देखा और संत रामपाल जी महाराज जी के विचारों से प्रेरणा प्राप्त की।

संत रामपाल जी महाराज जी के पावन मार्गदर्शन में मुनिंदर धर्मार्थ ट्रस्ट, कुरुक्षेत्र (हरियाणा) द्वारा दहेज-मुक्त विवाह, नशा-मुक्त समाज निर्माण, जाति-भेद उन्मूलन, स्त्री-पुरुष समानता, नैतिक शिक्षा, पर्यावरण संरक्षण तथा सत्य भक्ति के प्रचार के साथ-साथ किसान, मजदूर और गरीब वर्ग के कल्याण के लिए निरंतर कार्य किए जा रहे हैं। इन्हीं जनकल्याणकारी कार्यों के कारण संस्था एवं संत रामपाल जी महाराज जी को देश-विदेश में अनेक सामाजिक और मानवीय सम्मानों से नवाजा गया है।
मानव सेवा की प्रेरक मिसाल बनी “अन्नपूर्णा मुहिम” के तहत ट्रस्ट द्वारा गरीब, असहाय, वृद्ध एवं जरूरतमंद लोगों को नियमित रूप से निःशुल्क भोजन उपलब्ध कराया जा रहा है, ताकि कोई भी व्यक्ति भूखा न रहे। साथ ही बाढ़ जैसी प्राकृतिक आपदाओं के समय खाद्यान्न, वस्त्र एवं आवश्यक राहत सामग्री वितरित कर हजारों पीड़ित परिवारों को संबल प्रदान किया गया है।
इस कार्यक्रम में संस्था के प्रमुख जिला संयोजक अजय कुर्रे, सुमिरन कँवर, बाबू दास मानिकपुरी, धर्मदास महंत, हर्बंस गबेल, गोपाल केवट, होरीलाल श्रीवास, गया दास महंत, चेतन दास सहित बड़ी संख्या में क्षेत्र के गणमान्य नागरिक एवं श्रद्धालु उपस्थित रहे।
यह आयोजन मानवता, सेवा, समानता और सामाजिक न्याय के मूल्यों को जन-जन तक पहुँचाने की दिशा में एक सशक्त और प्रेरणादायक पहल साबित हुआ।






