गोंडवाना गणतंत्र पार्टी का जोरदार प्रदर्शन

✍️ भागीरथी यादव

 

PESA कानून, किसानों के अधिकार और वनभूमि मुद्दों को लेकर कलेक्टर कार्यालय के समीप धरना

एमसीबी/मनेन्द्रगढ़।

गोंडवाना गणतंत्र पार्टी (गो.ग.पा.) द्वारा आदिवासी अधिकारों, किसानों की समस्याओं और वनभूमि से जुड़े मुद्दों को लेकर जिला मुख्यालय मनेन्द्रगढ़ में कलेक्टर कार्यालय के समीप विशाल धरना-प्रदर्शन किया गया। प्रदर्शन में बड़ी संख्या में पार्टी पदाधिकारी, कार्यकर्ता और आदिवासी समाज के लोग शामिल हुए।

इससे पूर्व 24 दिसंबर 1996 को पूर्व मध्यप्रदेश (वर्तमान छत्तीसगढ़) के जगदलपुर स्थित बुरुमपाल गांव में तत्कालीन कलेक्टर डॉ. ब्रह्मदेव द्वारा बनाए गए आदिवासियों के अधिकारों को सुरक्षित करने वाले पेसा (PESA) कानून की स्मृति में गोंडवाना संस्कृति मैदान, ग्राम भलोर में गोंडवाना पंचायत सभा का आयोजन किया गया। सभा में वक्ताओं ने पेसा कानून के सभी महत्वपूर्ण प्रावधानों को विस्तार से समझाते हुए बताया कि इसी कानून के कारण आज आदिवासी समाज के लोग पंच, सरपंच, जनपद, जिला सदस्य से लेकर अध्यक्ष पद तक पहुंच सके हैं।

सभा में आदिवासी समाज को अपनी भूमि, जंगल और संसाधनों पर अधिकारों के प्रति जागरूक किया गया तथा कृषि, स्वास्थ्य और शिक्षा जैसे विषयों पर भी ध्यान आकृष्ट कराया गया। कार्यक्रम के उपरांत पार्टी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने पदयात्रा करते हुए कलेक्टर कार्यालय का घेराव किया और शांतिपूर्ण धरना-प्रदर्शन किया।

धरना-प्रदर्शन के दौरान 23 प्रमुख मांगों को लेकर महामहिम राष्ट्रपति एवं महामहिम राज्यपाल के नाम जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा गया। ज्ञापन में प्रमुख रूप से धान खरीदी में किसानों का रकबा शून्य किया जाना, आधे से कम धान खरीदी, किसानों से पल्लेदारी कराना, चिरमिरी–साजा पहाड़ मार्ग में लगातार अनियमितताएं, भूमि अधिग्रहण के बदले मुआवजा न देना, अदाणी कोल कंपनी (परसा केते) परियोजना के तहत खड़गवां ब्लॉक की 16 पंचायतों में वर्षों से बसे गरीब आदिवासी किसानों के मकानों को तोड़कर वृक्षारोपण कराए जाने, वनाधिकार पट्टों में अनियमित वितरण, बैगा जनजाति की भूमि पर अवैध कब्जा और जिला चिकित्सालय में हृदय रोग विशेषज्ञ, आईसीयू, ब्लड बैंक एवं अन्य आवश्यक चिकित्सा सुविधाओं की कमी जैसे मुद्दे शामिल रहे।

प्रदर्शन में राष्ट्रीय महासचिव श्याम सिंह मरकाम, राष्ट्रीय महामंत्री डॉ. एल.एस. उदय, प्रदेश अध्यक्ष संजय कमरों, पूर्व युवा मोर्चा प्रदेश उपाध्यक्ष दीपक मरावी, जिला अध्यक्ष केबल सिंह मरकाम, जिला महासचिव शेख इस्माइल सहित विभिन्न मोर्चों के पदाधिकारी और हजारों कार्यकर्ता मौजूद रहे।

गोंडवाना गणतंत्र पार्टी ने चेतावनी दी कि यदि आदिवासियों और किसानों की समस्याओं का शीघ्र समाधान नहीं किया गया, तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा। शांतिपूर्ण लेकिन दृढ़ प्रदर्शन के माध्यम से पार्टी ने शासन-प्रशासन के समक्ष अपनी मांगों को मजबूती से रखा।

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