✍️ भागीरथी यादव
डोंगरगढ़। राजनांदगांव जिले के डोंगरगढ़ थाना क्षेत्र के ग्राम चौथना में मां-बेटे की हत्या और बेटी पर जानलेवा हमले के मामले में पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, पारिवारिक विवाद और बीमारी को लेकर जादू-टोना किए जाने के संदेह ने इस वारदात को जन्म दिया। आरोपियों ने घटना के बाद सबूत नष्ट करने का भी प्रयास किया।
मामले का खुलासा 9 अक्टूबर को हुआ, जब सुखी सोनकर घर पहुंचा। वहां उसकी पत्नी कमला सोनकर और बेटा खुमेन्द्र सोनकर मृत मिले, जबकि बेटी ममता गंभीर रूप से घायल थी। सूचना मिलते ही पुलिस ने जांच शुरू की और डोंगरगढ़ पुलिस व साइबर सेल की संयुक्त टीम ने संदिग्धों की तलाश तेज कर दी।
जांच के दौरान हेमंत कुमार सोनकर की भूमिका सामने आई। पूछताछ और साक्ष्यों के आधार पर सोनू सोनकर तथा केशर सोनकर की संलिप्तता भी उजागर हुई। पुलिस के मुताबिक, हेमंत ने धारदार हथियार से अपनी चाची कमला और चचेरे भाई खुमेन्द्र पर हमला किया था। हमले में ममता भी गंभीर रूप से घायल हुई।
कपड़े और हथियार जलाने की कोशिश
पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर वारदात में इस्तेमाल लोहे की टंगिया और मोटरसाइकिल बरामद की है। घटना के समय पहने गए कपड़े और टंगिया का लकड़ी का बेंट जलाकर साक्ष्य मिटाने की कोशिश के अवशेष भी मिले हैं। मामले में साक्ष्य नष्ट करने और आपराधिक योजना से संबंधित धाराएं भी जोड़ी गई हैं।
पुलिस ने 12 अक्टूबर को हेमंत कुमार सोनकर (36), सोनू सोनकर (34) और केशर सोनकर (55), तीनों निवासी ग्राम चौथना, को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया। मामले में आगे की जांच जारी है।
