
✍️ भागीरथी यादव
नई दिल्ली। नए महीने की शुरुआत के साथ ही भारतीय नागरिकों की पहचान से जुड़े अहम दस्तावेज आधार कार्ड को लेकर नियमों में बड़े बदलाव किए गए हैं। अब आधार कार्ड में किसी भी तरह का बदलाव कराने के लिए आधार केंद्र जाने की जरूरत नहीं होगी।
भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (UIDAI) ने प्रक्रिया को और आसान बनाते हुए कहा है कि अब कार्डधारक अपनी डेमोग्राफिक जानकारी — जैसे नाम, पता, जन्म तिथि और मोबाइल नंबर — को ऑनलाइन ही अपडेट कर सकेंगे।
यूआईडीएआई के मुताबिक, फिंगरप्रिंट और फोटो जैसे बायोमैट्रिक अपडेट के लिए 125 रुपये फीस देनी होगी। हालांकि, 5 से 7 वर्ष के बच्चों के लिए पहली बार यह प्रक्रिया मुफ्त रहेगी, जबकि 15 से 17 वर्ष के कार्डधारकों को दो बार तक निशुल्क अपडेट की सुविधा दी जाएगी।
यदि कार्डधारक एनरोलमेंट नंबर, जेंडर, जन्म तिथि, पता, मोबाइल या ईमेल एड्रेस जैसी जानकारी में बदलाव करना चाहता है, तो बायोमैट्रिक अपडेट के साथ यह मुफ्त होगा। अलग से करवाने पर 75 रुपये शुल्क देना होगा।
यूआईडीएआई ने बताया कि पहचान और पते से जुड़े डॉक्यूमेंट ऑनलाइन 14 जून 2026 तक बिना शुल्क के सबमिट किए जा सकेंगे। इसके बाद इस सेवा पर शुल्क लागू हो जाएगा।
आधार रिप्रिंट कराने के लिए अब 40 रुपये का भुगतान करना होगा। वहीं, होम एनरोलमेंट सर्विस के तहत घर पर जाकर आधार बनवाने की सुविधा के लिए पहले व्यक्ति से 700 रुपये, जबकि उसी पते पर अन्य व्यक्तियों से 350 रुपये प्रति व्यक्ति शुल्क लिया जाएगा।
इसके साथ ही यूआईडीएआई ने दोहराया है कि 31 दिसंबर 2025 से पहले पैन कार्ड को आधार से लिंक कराना अनिवार्य है, अन्यथा पैन निष्क्रिय माना जाएगा।








