कोनी पुलिस की ‘जन चौपाल’ से शिकायतों का त्वरित निराकरण; ग्रामीणों को साइबर अपराध और नशे के प्रति किया जागरूक

✍️ भागीरथी यादव

 

 

बिलासपुर। जिले में पुलिसिंग को आम जनता के करीब लाने और अपराधों पर अंकुश लगाने के लिए थाना कोनी द्वारा एक सराहनीय पहल की गई है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री रजनेश सिंह के निर्देशानुसार, कोनी पुलिस ने क्षेत्र के विभिन्न ग्रामों में ‘चलित थाना जन चौपाल’ लगाकर ग्रामीणों की समस्याओं का मौके पर ही निपटारा किया।

इन गांवों में पहुंची पुलिस की चौपाल

नगर पुलिस अधीक्षक (कोतवाली) श्री गगन कुमार (IPS) और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री पंकज कुमार पटेल के मार्गदर्शन में थाना कोनी की टीम ने रविवार, 22 फरवरी को निम्नलिखित ग्रामों का दौरा किया:

रमतला

निरतू

घुटकु

सेमरताल

मौके पर हुआ शिकायतों का फैसला

जन चौपाल के दौरान पुलिस ने न केवल ग्रामीणों की बातें सुनीं, बल्कि शिकायतों पर तत्काल वैधानिक कार्यवाही भी की:

प्रतिबंधात्मक कार्यवाही: 03 शिकायतों में कड़ी चेतावनी देते हुए प्रतिबंधात्मक कार्रवाई की गई।

धारा 170 BNSS: एक मामले में धारा 170 BNSS के तहत कार्यवाही सुनिश्चित की गई।

विवादों का निपटारा: जमीन से जुड़े मामलों में ग्रामीणों को उचित कानूनी सलाह देते हुए न्यायालय की शरण लेने का मार्गदर्शन दिया गया।

‘चेतना अभियान’ से बढ़ी जागरूकता

बीट सिस्टम को प्रभावी बनाते हुए बीट प्रभारियों ने चेतना अभियान के तहत ग्रामीणों को वर्तमान समय के बढ़ते खतरों के प्रति सचेत किया। इसमें मुख्य रूप से:

साइबर फ्रॉड: ऑनलाइन ठगी से बचने के तरीके बताए गए।

यातायात नियम: सड़क सुरक्षा और हेलमेट की अनिवार्यता पर जोर दिया गया।

नशा मुक्ति: नशे के दुष्प्रभावों की जानकारी देकर युवाओं को इससे दूर रहने की समझाइश दी गई।

ग्रामीणों ने की पहल की सराहना

पुलिस की इस ‘विजिबल पुलिसिंग’ और सामुदायिक तालमेल की ग्रामीणों ने जमकर प्रशंसा की। ग्राम प्रमुखों का कहना है कि गांव में ही पुलिस के पहुँचने से वे बिना किसी डर के अपनी बात रख पा रहे हैं, जिससे आपसी समन्वय और सुरक्षा की भावना बढ़ी है।