
✍️ भागीरथी यादव
नवा रायपुर।
थाना मंदिर हसौद क्षेत्र अंतर्गत सेक्टर-16 स्थित 4 मंजिला ईडब्ल्यूएस भवन से गिरकर हुई विदेशी छात्र की मौत के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए तीन विदेशी छात्रों को गिरफ्तार किया है। जांच में सामने आया है कि विवाद और पीछा किए जाने के डर से मृतक ने छत से छलांग लगाई थी।
मृतक की पहचान निजी यूनिवर्सिटी में अध्ययनरत दक्षिण सूडान निवासी सैमपुर जुदे के रूप में हुई है। यह घटना 22 दिसंबर 2025 की शाम की बताई जा रही है।
पुलिस के अनुसार, सैमपुर जुदे शाम करीब 7:10 बजे अपने एक मित्र के साथ सेक्टर-16 स्थित ईडब्ल्यूएस भवन के पास खड़ा था। इसी दौरान उसी यूनिवर्सिटी में पढ़ने वाले तीन अन्य विदेशी छात्र—नोउई कुर माजाक, सबरी पालीनो उर्फ टोनी और मोहम्मद खलफल्ला ओमर हसन—वहां पहुंचे और मृतक पर अपने एक साथी की महिला मित्र से बदसलूकी करने का आरोप लगाते हुए विवाद शुरू कर दिया।
विवाद ने जल्द ही उग्र रूप ले लिया। आरोप है कि तीनों छात्रों ने सैमपुर जुदे के साथ मारपीट करने का प्रयास किया, जिससे वह घबरा गया। जान बचाने के लिए वह अपने किराए के मकान की सीढ़ियों से होते हुए छत की ओर भागा, लेकिन आरोपी उसका पीछा करते हुए छत तक पहुंच गए।
भय और दबाव की स्थिति में आकर सैमपुर जुदे ने छत से नीचे छलांग लगा दी। नीचे कंक्रीट सड़क पर गिरने से उसके सिर, मुंह और दाहिने हाथ में गंभीर चोटें आईं। साथी छात्र उसे तत्काल अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
घटना के बाद मंदिर हसौद पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू की। सीसीटीवी फुटेज, प्रत्यक्षदर्शियों के बयान और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने तीनों आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछताछ की। पूछताछ में आरोपियों ने घटना में अपनी भूमिका स्वीकार कर ली।
पुलिस ने तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 105 एवं 3(5) के तहत गैर-इरादतन हत्या का मामला दर्ज किया है। तीनों आरोपी अफ्रीकी देश दक्षिण सूडान के निवासी हैं।
फिलहाल पुलिस मामले की विस्तृत जांच कर रही है। वहीं, इस घटना के बाद निजी यूनिवर्सिटी और नवा रायपुर क्षेत्र में सनसनी फैल गई है। विश्वविद्यालय प्रशासन की भूमिका, छात्रों के बीच विवाद की पृष्ठभूमि और कैंपस सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी सवाल उठने लगे हैं।






