
कोरबा। सुप्रसिद्ध कथावाचक पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री के दिव्य दरबार में आस्था का जनसैलाब उमड़ पड़ा। हनुमत कथा के चौथे दिन करीब 2 लाख से अधिक श्रद्धालुओं की उपस्थिति ने आयोजन को विशाल धार्मिक महासंगम का रूप दे दिया। दूर-दराज से पहुंचे श्रद्धालुओं ने कथा स्थल पर पहुंचकर पूजा-अर्चना की और दिव्य दरबार में अपनी अर्जी लगाई।
दिव्य दरबार के दौरान बड़ी संख्या में लोगों ने अपनी समस्याएं पर्चा लिखकर प्रस्तुत कीं, जिनका समाधान पंडित शास्त्री द्वारा बताया गया। विशेष रूप से भूत-प्रेत बाधा से पीड़ित लोगों के लिए अलग से उपचार किया गया, जिसे देखने के लिए भी बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे।
इस दौरान एक गरीब बुजुर्ग की आर्थिक स्थिति को देखते हुए यजमानों और जनप्रतिनिधियों ने मदद का हाथ बढ़ाया, जिससे आयोजन स्थल पर मानवता की मिसाल भी देखने को मिली।
कार्यक्रम में 583 लोगों की घर वापसी कराई गई, वहीं एक मुस्लिम परिवार द्वारा सनातन धर्म अपनाने की बात भी सामने आई। इस मौके पर पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने धर्मांतरण कराने वालों को सख्त चेतावनी देते हुए कहा कि “जब तक जिएंगे, हिंदुओं को न कटने देंगे, न बटने देंगे और न मिटने देंगे।”
हनुमत कथा का यह आयोजन लगातार श्रद्धा, विश्वास और धार्मिक उत्साह के साथ आगे बढ़ रहा है, जिसमें हर दिन हजारों की संख्या में श्रद्धालु शामिल हो रहे हैं।
