दुर्ग का दोगुना हत्याकांड सुलझा: 18 महीने बाद पुलिस ने खोला सनसनीखेज राज
✍️ भागीरथी यादव छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में 18 महीने से रहस्य बना दादी–पोती का दोहरा हत्याकांड आखिरकार पुलिस ने सुलझा लिया है। पुलगांव थाना क्षेत्र के गनियारी गांव में 6 मार्च 2024 की रात हुई इस वारदात में 62 वर्षीय रजवती बाई साहू और उनकी 17 वर्षीय पोती सविता साहू की गला रेतकर हत्या कर दी गई थी। लंबे समय तक कोई ठोस सुराग न मिलने के बाद यह मामला पुलिस के लिए चुनौती बन गया था, लेकिन तकनीकी जांच और धैर्यपूर्ण कार्रवाई ने आखिरकार पूरे षड्यंत्र से पर्दा उठा दिया। — प्रेम-प्रसंग बना खून की वजह जांच में पता चला कि सविता का गांव के युवक चुमेन्द्र से प्रेम संबंध था। इसी दौरान चुमेन्द्र की सगाई दूसरी लड़की से हो गई। जब यह बात सविता तक पहुंची तो उसने अपनी सहेलियों से कहा कि वह आरोपी और उसके परिवार को बर्बाद कर देगी। यही आशंका आरोपी के मन में घर कर गई। अफेयर उजागर होने के डर और प्रतिष्ठा खोने की भय से चुमेन्द्र ने अपनी गर्लफ्रेंड और उसकी दादी को रास्ते से हटाने की साजिश रच डाली। — योजना बनाकर दोस्तों संग पहुंचा हत्या करने पुलिस के अनुसार घटना वाली रात चुमेन्द्र पहले अपने दोस्तों के साथ घुघसीडीह गया, ताकि किसी को उसके इरादों पर शक न हो। देर रात करीब 1 बजे वह गांव लौटा और भाई को फोन कर दरवाज़ा खुलवाया। भाई के सो जाने के बाद उसने अपने साथी पंकज निषाद और एक अन्य फरार आरोपी को व्हाट्सऐप कॉल कर बुलाया। तीनों स्कॉर्पियो में सवार होकर सविता के घर पहुंचे और अंदर घुसकर वारदात को अंजाम दिया। पीड़िता को आरोपी ने पहले शादी का झांसा दिया, लेकिन सगाई की बात सुनकर लड़की के इनकार से वह बौखला उठा। गुस्से में उसने घर में रखी टंगिया से सविता पर हमला कर दिया। शोर मचाने पर उसके मुंह में कपड़ा ठूंस दिया। इतने में दादी रजवती बाई जाग गईं, तो आरोपी ने चाकू से वार कर उनकी भी हत्या कर दी। — सबूत मिटाने की कोशिश दोनों की हत्या के बाद तीनों आरोपी तालाब पहुंचे और अपने कपड़े व हथियार वहीं धोकर वापस घर लौट गए। पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर चाकू, मोबाइल फोन और स्कॉर्पियो जब्त कर लिए हैं। गिरफ्तार दोनों आरोपी पूर्व में भी आबकारी और मारपीट के मामलों में जेल जा चुके हैं। — 62 संदिग्धों से पूछताछ—तकनीक ने खोला जाल जांच के दौरान पुलिस ने एफएसएल, फिंगरप्रिंट, डॉग स्क्वॉड की मदद ली तथा अहमदाबाद और रायपुर में कई संदिग्धों के ब्रेन मैपिंग और नार्को टेस्ट भी कराए। आखिरकार घटनास्थल से मिले तकनीकी साक्ष्यों और मोबाइल लोकेशन के आधार पर पुलिस सच्चाई तक पहुंच सकी। — एक आरोपी फरार आईजी रामगोपाल गर्ग ने बताया कि यह मामला पुलिस के धैर्य, वैज्ञानिक जांच और लगातार प्रयास का परिणाम है। पुलिस अब भी फरार तीसरे आरोपी की तलाश कर रही है।
कस्टडी में मौत: छठवें दिन भी नहीं हुआ अंतिम संस्कार, दोबारा पोस्टमॉर्टम व 1 करोड़ मुआवजे की मांग पर अड़े परिजन
✍️ भागीरथी यादव बलरामपुर/सीतापुर। चोरी के आरोप में पुलिस हिरासत में हुई युवक की मौत का विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है। घटना के छठवें दिन भी परिजन अंतिम संस्कार के लिए तैयार नहीं हुए। मृतक उमेश सिंह के परिवार ने दोबारा पोस्टमॉर्टम और 1 करोड़ रुपये मुआवजे की मांग को लेकर सीतापुर में धरना शुरू कर दिया है। पोस्टमॉर्टम दोबारा कराने की मांग पर सहमति नहीं शुक्रवार को परिजनों ने एसडीएम सीतापुर से मुलाकात कर मौत की पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट मंगाए जाने और दोबारा मेडिकल जांच की अनुमति का आग्रह किया। अधिकारियों ने परिजनों को बताया कि— पोस्टमॉर्टम न्यायिक मजिस्ट्रेट की मौजूदगी में मेडिकल टीम द्वारा कराया गया था, इसलिए कोर्ट से दोबारा पोस्टमॉर्टम की अनुमति नहीं मिल सकी है। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट अब तक परिजनों को उपलब्ध नहीं हो सकी है। प्रशासन का कहना है कि रिपोर्ट के लिए बलरामपुर पुलिस से संपर्क किया गया है। परिजन बोले— मांगें पूरी होने तक अंतिम संस्कार नहीं परिजनों ने साफ कहा है कि जब तक: 1️⃣ पोस्टमॉर्टम दोबारा नहीं कराया जाता, 2️⃣ और 1 करोड़ रुपये का मुआवजा नहीं दिया जाता, वे शव का अंतिम संस्कार नहीं करेंगे। पुलिस का दावा— युवक पहले से बीमार और आदतन अपराधी बलरामपुर पुलिस ने मृतक उमेश सिंह को आदतन बदमाश बताया है। पुलिस के अनुसार— वह कुख्यात नट गिरोह का सदस्य था, सिकल सेल से पीड़ित था, बीमारी के कारण वह 34 बार अस्पताल में भर्ती हो चुका था। पुलिस का दावा है कि सिकल सेल बीमारी बढ़ने के कारण उसकी हालत बिगड़ने से मौत हुई है। परिजनों का आरोप— पुलिस कस्टडी में पिटाई से हुई मौत उमेश सिंह को 6 नवंबर को 50 लाख रुपये की चोरी के आरोप में पकड़ा गया था। 9 नवंबर को उसकी हिरासत में मौत हो गई। परिजनों का आरोप है कि युवक को पीट-पीटकर मार डाला गया। सोमवार को परिजन बलरामपुर थाना घेरने पहुंचे थे, जिसे पुलिस ने खदेड़ दिया था। शव को फ्रीजर में सुरक्षित रखा गया शव को राजपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र की मॉर्च्युरी में रखा गया है। फ्रीजर मंगवाया गया है, सुरक्षा के लिए सीएएफ जवान तैनात किए गए हैं। स्थिति अब भी तनावपूर्ण सरगुजा आईजी से चर्चा के बाद भी कोई समाधान नहीं निकल सका है। परिजनों का धरना जारी है और प्रशासन समाधान निकालने की कोशिश में जुटा है।
एशियाई तीरंदाजी चैंपियनशिप 2025: भारतीय पुरुष रिकर्व टीम ने 17 साल बाद रचा इतिहास, कोरिया को हराकर जीता स्वर्ण
✍️ भागीरथी यादव एशियाई तीरंदाजी चैंपियनशिप में भारत ने शानदार प्रदर्शन करते हुए पुरुष रिकर्व टीम स्पर्धा में स्वर्ण पदक जीत लिया। यशदीप संजय भोगे, अतनु दास और राहुल की तिकड़ी ने फाइनल में एशियाई दिग्गज कोरिया को रोमांचक मुकाबले में 5-4 से मात दी। यह 2007 के बाद पुरुष रिकर्व टीम का पहला गोल्ड मेडल है। फाइनल में दोनों टीमों के बीच कड़ी टक्कर देखने को मिली और स्कोर बराबरी पर रहने के बाद मैच शूट-ऑफ तक पहुंच गया। शूट-ऑफ में भारत और कोरिया ने 29-29 अंक बनाए, लेकिन राहुल के तीर का बुल्स आई के सबसे करीब लगना भारत की ऐतिहासिक जीत का आधार बना। कोरिया इस स्पर्धा में 2013 से अजेय था। — मिश्रित रिकर्व टीम से निराशा भारत की रिकर्व मिश्रित टीम को ब्रॉन्ज मेडल मुकाबले में हार का सामना करना पड़ा। अंशिका कुमारी और यशदीप की जोड़ी को कोरिया की जंग मिन्ही और सियो मिंगी की जोड़ी ने पराजित कर पदक से दूर कर दिया। व्यक्तिगत स्पर्धाओं में भारतीय तीरंदाजों का प्रदर्शन भी महत्वपूर्ण रहेगा। धीरज बोम्मादेवरा कोरिया के जंग का सामना करेंगे जबकि राहुल दूसरे कोरियाई खिलाड़ी सियो मिंगी से भिड़ेंगे। — महिला रिकर्व में ऑल-इंडिया सेमीफाइनल मुकाबला दिन के अंत में भारत की दिग्गज तीरंदाज दीपिका कुमारी और अंकिता भकत रिकर्व महिला व्यक्तिगत सेमीफाइनल में एक-दूसरे के आमने-सामने होंगी। वहीं, भारत की संगीता को पेरिस ओलंपिक की सिल्वर मेडलिस्ट सुह्योन की चुनौती का सामना करना होगा। — कंपाउंड वर्ग में भारत का दमदार प्रदर्शन, ज्योति सुरेखा वेन्नम का तीसरा गोल्ड कंपाउंड तीरंदाजी में भी भारत का दबदबा देखने को मिला। गुरुवार को भारतीय कंपाउंड तीरंदाजों ने कुल 5 पदक अपने नाम किए। कंपाउंड महिला वर्ग में एशियन गेम्स चैंपियन ज्योति सुरेखा वेन्नम ने अपना तीसरा व्यक्तिगत एशियाई चैंपियनशिप गोल्ड जीता। इससे पहले उन्होंने 2015 और 2021 में भी स्वर्ण पदक जीते थे। वेन्नम, पृथिका और दीपशिखा की टीम ने कंपाउंड महिला टीम इवेंट में कोरिया को हराकर एक और गोल्ड अपने नाम किया। पुरुष कंपाउंड मिश्रित टीम फाइनल में अभिषेक वर्मा की अगुवाई वाली भारतीय टीम एक अंक से कजाकिस्तान से पिछड़कर ब्रॉन्ज तक सीमित रही। वहीं, वर्मा और युवा दीपशिखा की मिश्रित टीम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए गोल्ड मेडल पर कब्जा जमाया।
बिहार विधानसभा चुनाव 2025: एनडीए की ऐतिहासिक जीत, मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने जनता को किया नमन
✍️ भागीरथी यादव बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के नतीजों में राष्ट्रीय लोकतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) को प्रचंड बहुमत मिला है। इस ऐतिहासिक जीत के बाद मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने राज्य की सम्मानित जनता के प्रति हृदय से आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि बिहार की जनता ने उन पर जो विश्वास जताया है, वह उनके लिए अत्यंत प्रेरणादायक है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने अपने आधिकारिक ‘एक्स’ अकाउंट पर लिखा: “बिहार विधानसभा चुनाव 2025 में राज्यवासियों ने हमें भारी बहुमत देकर हमारी सरकार के प्रति अपना विश्वास जताया है। इसके लिए सभी सम्मानित मतदाताओं को मेरा नमन, हृदय से आभार एवं धन्यवाद। प्रधानमंत्री मोदी जी को उनके सहयोग के लिए कृतज्ञता प्रकट करता हूं।” उन्होंने आगे एनडीए के सहयोगी दलों—चिराग पासवान, जीतन राम मांझी और उपेंद्र कुशवाहा—को भी धन्यवाद दिया और कहा कि गठबंधन की एकजुटता ही इतनी बड़ी जीत का कारण बनी। “आप सभी के सहयोग से बिहार और आगे बढ़ेगा तथा देश के सबसे विकसित राज्यों की श्रेणी में शामिल होने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ेगा।” — एनडीए की जीत पर चिराग पासवान का बयान केंद्रीय मंत्री और लोजपा (रामविलास) के राष्ट्रीय अध्यक्ष चिराग पासवान ने कहा कि बिहार की जनता ने विकास के लिए एनडीए पर भरोसा जताया है। “बिहार की जनता द्वारा दिए गए प्रचंड जनादेश के लिए मैं हृदय से धन्यवाद और बधाई देता हूं। अगले पांच साल में प्रधानमंत्री मोदी और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार बिहार को नई विकास गति देंगे।” उन्होंने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि यह जनादेश उन सभी सवालों का जवाब है, जो एनडीए की कार्यकुशलता, मुख्यमंत्री के नेतृत्व और बिहार की प्राथमिकता को लेकर उठाए जाते थे। — विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने विजय पर दी शुभकामनाएं विदेश मंत्री डॉ. सुब्रह्मण्यम जयशंकर ने भी एनडीए की जीत को ऐतिहासिक बताया। उन्होंने लिखा: “बिहार की जनता का एनडीए को मिला ऐतिहासिक जनादेश हर्ष का विषय है। मुझे विश्वास है कि डबल इंजन सरकार के नेतृत्व में बिहार का सुशासन और विकास नई गति से आगे बढ़ेगा।”
बालगीख़ार रोड की जर्जर हालत पर फूटा आक्रोश — युवा कांग्रेस का जोरदार प्रदर्शन, नगर निगम और भाजपा सरकार पर लापरवाही के गंभीर आरोप
✍️ भागीरथी यादव नगर निगम क्षेत्र के बालगीख़ार मुख्य मार्ग की खस्ताहाल स्थिति को लेकर आज युवा कांग्रेस ने जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। सड़क पर जगह-जगह बने गड्ढों, भारी जलभराव और लगातार होती दुर्घटनाओं से नाराज स्थानीय लोगों ने युवा कांग्रेस के साथ मिलकर सरकार और नगर निगम की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े किए। कार्यक्रम का नेतृत्व कर रहे पीसीसी सचिव विकास सिंह ने कहा कि कांग्रेस कमेटी के निर्देशानुसार प्रदेशभर में सड़क सुधार आंदोलन जारी है। उन्होंने भाजपा पर तीखा हमला बोलते हुए कहा— “सरकार अमेरिका जैसी सड़क होने का दावा करती है, जबकि जमीनी हकीकत इसके बिल्कुल उलट है। बालगीख़ार रोड की बदहाली प्रशासन की नाकामी का आईना है। बिना सड़क विकास की कल्पना भी संभव नहीं, और इसी लड़ाई को हम निरंतर जारी रखेंगे।” वार्ड पार्षद अयोध्या मस्तूल कंवर ने आम जनता की समस्याओं को मुखरता से सामने रखा। उन्होंने कहा कि खराब सड़कों के कारण स्कूली बच्चों, मजदूरों और मरीजों को रोजाना जाम और दुःखद परिस्थितियों से गुजरना पड़ता है। “मैंने कई बार जिला प्रशासन को शिकायत की, लेकिन हर बार झूठा आश्वासन देकर गुमराह किया गया। मजबूरन आज हमें धरना देना पड़ रहा है।” — उन्होंने कहा। वहीं नेता प्रतिपक्ष कृपा राम साहू ने नगर निगम और सरकार को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा— “पूरा नगर निगम क्षेत्र गड्ढों में तब्दील हो चुका है। आए दिन दुर्घटनाएं हो रही हैं—कहीं किसी का चिराग़ बुझ रहा है, कहीं किसी का सुहाग उजड़ रहा है। भाजपा की ट्रिपल इंजन सरकार के दो साल पूरे हो गए, फिर भी विकास सिर्फ कागजों में है।” प्रदर्शन में बड़ी संख्या में कांग्रेस पदाधिकारी, युवा कार्यकर्ता और स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे। प्रमुख रूप से दर्री कांग्रेस अध्यक्ष राजेंद्र तिवारी, युवा कांग्रेस जिला अध्यक्ष राकेश पंकज, महासचिव विवेक श्रीवास, कमलेश गर्ग, उपाध्यक्ष सुनील निर्मलकर, दर्री अध्यक्ष विकास यादव, हरीश भारती, मिंकेतन गभेल, विनोद अग्रवाल, सरफुद्दीन आलम, नारायण यादव, अमित सिंह, किताब सिंह, अभिषेक यादव, संदीप शर्मा, विक्की यादव सहित वार्डवासी बड़ी संख्या में मौजूद रहे। युवा कांग्रेस ने जल्द सड़क मरम्मत नहीं होने पर आंदोलन को और उग्र करने की चेतावनी दी है।
NH-130B चौड़ीकरण परियोजना: गैर-प्रभावित जमीनों पर खरीद–बिक्री की रोक समाप्त
✍️ भागीरथी यादव राष्ट्रीय राजमार्ग क्रमांक 130 बी के भैसा से ग्राम कुम्हारी तक 4-लेन चौड़ीकरण कार्य के लिए लगाए गए भूमि क्रय-विक्रय प्रतिबंध में बड़ा बदलाव किया गया है। भू-अर्जन अधिकारी ने आदेश जारी कर बताया कि अब केवल परियोजना से प्रत्यक्ष रूप से प्रभावित खसरा नंबर तथा उनकी 100 मीटर परिधि में आने वाली भूमि पर ही रोक प्रभावी रहेगी। इसके अलावा सभी खसरों पर लगाई गई रोक हटा दी गई है। पलारी तहसील में राहत खरतोरा, संडी, कोदवा, गोडा, गिर्रा, कुसमी, घोटिया, कुकदा, पहन्दा, पलारी, रसौटा, बिनौरी, अमेरा और मुडपार गांवों में केवल प्रभावित खसरों व उनके आसपास के क्षेत्र को छोड़कर बाकी जमीन पर अब लेन-देन की अनुमति मिल गई है। बलौदाबाजार तहसील में भी हटाया गया प्रतिबंध सकरी, लिमाही और मगरचबा गांवों में गैर-प्रभावित खसरा नंबरों से रोक पूरी तरह समाप्त कर दी गई है। लवन तहसील के कई गांव मुक्त पनगांव, बिटकुली, लवनबंद, डोटोपार, लाहोद, गिंदोला, खम्हारडीह, मुण्डा, चिरपोटा, कोवि लवन, कोरदा, डोंगरा, परसपाली और डोंगरीडीह में अधिकांश भूमि पर रोक हटने से भूमिधारकों को बड़ी राहत मिली है। कसडोल तहसील में भी निर्णय लागू चांटीपाली, दर्रा, कसडोल, छरछेद, छांछी, पिसीद, चंडीदीह, सेल और कटगी गांवों में प्रभावित क्षेत्र को छोड़कर बाकी जमीन की खरीद-बिक्री अब सामान्य रूप से हो सकेगी। इस संशोधन से चौड़ीकरण परियोजना प्रभावित क्षेत्रों के निवासियों को बड़ी सहूलियत मिलते हुए भूमि लेन-देन की प्रक्रिया पुनः सुचारू हो गई है।
तान नदी तट संरक्षण के लिए बड़ी पहल: पोंडी-उपरोड़ा क्षेत्र में 4.23 करोड़ की स्वीकृति
✍️ भागीरथी यादव छत्तीसगढ़ – शासन ने कोरबा जिले के विकासखंड पोंडी-उपरोड़ा में तान नदी के दाईं तट पर होने वाले कटाव को रोकने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। जल संसाधन विभाग द्वारा लेपरा से पोंडी-उपरोड़ा तक बैंक प्रोटेक्शन कार्य के लिए 4 करोड़ 23 लाख 35 हजार रुपये की राशि स्वीकृत की गई है। मुख्य अभियंता को मिली प्रशासकीय स्वीकृति मंत्रालय महानदी भवन से जारी आदेश के अनुसार, योजना के क्रियान्वयन के लिए जल संसाधन विभाग, बिलासपुर के मुख्य अभियंता मिनिमाता (हसदेव) बांगो परियोजना को प्रशासकीय स्वीकृति प्रदान की गई है। कटाव रोकने से ग्रामीणों को मिलेगी बड़ी राहत इस परियोजना के पूर्ण होने पर तान नदी के लगातार कटाव से प्रभावित ग्रामीण क्षेत्रों को बड़ी राहत मिलेगी। बैंक प्रोटेक्शन कार्य से बस्तियों, कृषि भूमि और सड़क मार्गों को सुरक्षित रखने में मदद मिलेगी। यह मंजूरी क्षेत्र के विकास और नदी तट संरक्षण की दिशा में शासन की संवेदनशीलता और प्रतिबद्धता को दर्शाती है।
कोंटा: मरईगुड़ा वन गांव में भीषण आग, प्रशासन की त्वरित कार्रवाई से टली बड़ी दुर्घटना
✍️ भागीरथी यादव कोंटा – विकासखंड के मरईगुड़ा वन गांव में गुरुवार सुबह शॉर्ट सर्किट से लगी भीषण आग ने देखते ही देखते तीन घरों को अपनी चपेट में ले लिया। आग की तेजी और घरों में रखे सिलेंडरों के फटने की आशंका से पूरे गांव में अफरा-तफरी मच गई। हालांकि, जिला प्रशासन की त्वरित कार्रवाई और बेहतर समन्वय के कारण स्थिति जल्द ही काबू में आ गई और एक बड़ी जनहानि टल गई। कलेक्टर के निर्देश पर तुरंत सक्रिय हुआ प्रशासन घटना की सूचना मिलते ही सुकमा कलेक्टर देवेश कुमार ध्रुव ने संबंधित अधिकारियों को मौके पर त्वरित कार्रवाई के आदेश दिए। एसडीएम सुभाष शुक्ला के मार्गदर्शन में आपदा प्रबंधन टीम ने तुरंत तेलंगाना के भद्राचलम से फायर ब्रिगेड की सहायता बुलाने का निर्णय लिया, जो इस घटना में बेहद निर्णायक साबित हुआ। तहसीलदार ने मौके पर संभाला मोर्चा तहसीलदार कोंटा गिरीश निंबालकर स्वयं घटनास्थल पहुंचे और ग्रामीणों के साथ मिलकर राहत व बचाव कार्यों का नेतृत्व किया। फायर ब्रिगेड के समय पर पहुंचने और स्थानीय लोगों की तत्परता से आग पर पूरी तरह काबू पा लिया गया। मानवीयता के साथ शुरू हुआ राहत कार्य गनीमत रही कि इस भीषण आग में कोई जनहानि नहीं हुई। प्रशासन ने तुरंत राहत कार्य शुरू करते हुए प्रभावित तीनों परिवारों को खाद्यान्न और जरूरी सामग्री वितरित की। साथ ही सुरक्षित अस्थायी आवास की व्यवस्था भी कराई गई। तत्काल आर्थिक मदद जिला प्रशासन ने मानवीय आधार पर प्रभावित प्रत्येक परिवार को ₹10,000 की तत्काल सहायता राशि मौके पर ही प्रदान की। आगे की प्रक्रिया शुरू घटना स्थल पर ही पंचनामा तैयार कर लिया गया है, ताकि नियमानुसार सरकारी सहायता जल्द उपलब्ध कराई जा सके। प्रशासन ने भरोसा दिलाया है कि सभी पीड़ित परिवारों को शीघ्र ही स्थायी राहत उपलब्ध कराई जाएगी। मरईगुड़ा में प्रशासन की तत्परता ने एक बड़ी अनहोनी को टालते हुए राहत और भरोसे का संदेश दिया है।
पटना में बड़ा राजनीतिक बवाल: RJD एमएलसी सुनील सिंह के खिलाफ साइबर थाने में FIR, ‘नेपाल जैसा नज़ारा’ बयान पर हंगामा
✍️ भागीरथी यादव पटना, 13 नवंबर 2025 — बिहार विधानसभा चुनाव 2025 की मतगणना से जुड़ा एक बयान अब सियासी और कानूनी विवाद का कारण बन गया है। राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के विधान परिषद सदस्य (एमएलसी) सुनील सिंह के खिलाफ पटना साइबर थाना में भड़काऊ और अपमानजनक बयान देने के आरोप में गंभीर मामला दर्ज किया गया है। यह शिकायत पुलिस अवर निरीक्षक (SI) खुशबू कुमारी द्वारा 13 नवंबर को दर्ज कराई गई। शिकायत के अनुसार, एमएलसी सुनील सिंह ने सोशल मीडिया और इलेक्ट्रॉनिक माध्यमों पर मतगणना प्रक्रिया में गड़बड़ी के आरोप लगाते हुए एक विवादित बयान दिया था, जिसमें उन्होंने कहा कि— > “अगर मतगणना में गड़बड़ी हुई तो बिहार की सड़कों पर नेपाल जैसा नज़ारा दिखेगा।” 🔴 पुलिस का आरोप: “बयान भड़काऊ और विधि-व्यवस्था के लिए खतरा” शिकायतकर्ता के मुताबिक, इस बयान में सामाजिक वैमनस्य, घृणा फैलाने, और लोक शांति भंग करने की क्षमता है। पुलिस का कहना है कि इस तरह की टिप्पणी जनभावनाओं को भड़काने और विभिन्न समुदायों के बीच तनाव पैदा करने वाली है, जिससे राज्य की कानून-व्यवस्था पर गंभीर असर पड़ सकता है। ⚖️ कई गंभीर धाराओं में केस दर्ज पुलिस ने सुनील सिंह के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) और लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम (RPA) की कई धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज की है। इनमें प्रमुख धाराएं हैं: BNS की धारा 174 – लोक सेवक द्वारा विधि का उल्लंघन, धारा 353 – लोक सेवक के कार्य में बाधा डालना, धारा 352 – शांति भंग करने का प्रयास, धारा 123(4) व 125 (RPA) – चुनाव प्रक्रिया को प्रभावित करने और समाज में वैमनस्य फैलाने से संबंधित प्रावधान। 🕵️ जांच की जिम्मेदारी DySP मिथलेश कुमार को इस संवेदनशील मामले की जांच डीएसपी स्तर के अधिकारी मिथलेश कुमार को सौंपी गई है। वे बयान की प्रामाणिकता, वीडियो/पोस्ट के स्रोत, और संभावित आपराधिक इरादे की दिशा में जांच कर रहे हैं। 📱 सोशल मीडिया पर बयान की तलाश पुलिस टीम फिलहाल एमएलसी सुनील सिंह के सोशल मीडिया अकाउंट्स और वायरल वीडियो की जांच में जुटी है। यह भी पता लगाया जा रहा है कि क्या बयान किसी सार्वजनिक सभा या डिजिटल मंच पर दिया गया था। 🗣️ राजनीतिक हलकों में हलचल राजद खेमे ने इस कार्रवाई को राजनीतिक प्रतिशोध बताया है, जबकि विपक्षी दलों ने इसे “लोकतंत्र के खिलाफ भड़काऊ राजनीति” का उदाहरण कहा है। चुनावी मौसम में यह मामला अब बिहार की राजनीति में नया तूल पकड़ चुका है।
कोरबा में सड़क बदहाली पर युवा कांग्रेस का हल्ला बोल — रविशंकर प्रसाद नगर से दादर मार्ग की मरम्मत की मांग को लेकर एकदिवसीय धरना
✍️ भागीरथी यादव कोरबा। ✍️ शहर की जर्जर सड़कों और नगर निगम की लापरवाही को लेकर आज जिला युवा कांग्रेस (शहर) ने पीसीसी सचिव विकास सिंह के मार्गदर्शन में रविशंकर प्रसाद नगर से दादर जाने वाली सड़क की दुर्दशा के विरोध में जोरदार धरना प्रदर्शन किया। धरना स्थल पर मौजूद पीसीसी सचिव विकास सिंह ने कहा कि — > “नगर निगम कोरबा में भ्रष्टाचार और कमीशनखोरी चरम पर है। जनता के टैक्स के पैसे का दुरुपयोग कर झूठे प्रचार-प्रसार में लगाया जा रहा है। शहर की वास्तविक समस्याओं — खासकर सड़कों की दुर्दशा — पर निगम और भाजपा सरकार पूरी तरह मौन है।” डीसीसी अध्यक्ष नाथूलाल यादव ने कहा कि शासन-प्रशासन झूठे आंकड़े और उपलब्धियों का हवाला देकर जनता को गुमराह कर रहा है। “शहर की सड़कों का हाल बेहाल है, लेकिन जिम्मेदार अधिकारी और जनप्रतिनिधि मूकदर्शक बने हुए हैं।” नगर निगम में नेता प्रतिपक्ष कृपाराम साहू ने भाजपा सरकार पर तीखा प्रहार करते हुए कहा — > “कांग्रेस सरकार के समय में पूर्व राजस्व मंत्री जी द्वारा कोरबा के लिए 64 करोड़ (गौ माता चौक से होटल रिलेक्स इन तक) और 83 करोड़ (सर्वमंगला मंदिर से दर्री मार्ग तक) की स्वीकृति दी गई थी, लेकिन आज तक उसका टेंडर तक जारी नहीं हुआ। दो वर्ष बीत गए, पर विकास के नाम पर केवल वादे और विज्ञापन हैं।” जिला युवा कांग्रेस अध्यक्ष राकेश पंकज ने स्पष्ट कहा कि — > “कोरबा विधानसभा की सड़कों की हालत बदतर है। दो वर्षों से भाजपा सरकार कोई ठोस कदम नहीं उठा पाई। जब तक टूटी सड़कों की मरम्मत नहीं होती, तब तक युवा कांग्रेस की लड़ाई सड़क से सदन तक जारी रहेगी।” धरना स्थल पर बड़ी संख्या में पार्षद, कांग्रेस, युवा कांग्रेस, महिला कांग्रेस और NSUI के कार्यकर्ता शामिल हुए। प्रमुख रूप से नारायण कुर्रे, बृजभूषण प्रसाद, पवन विश्वकर्मा, हरि पटेल, दाऊ लाल पटेल, अरुण यादव, रूपेश चंद्रा, पंचराम आदित्य, विजय आनंद, विजय आदिले, साहिल कुरैशी, पिंटू जांगड़े, मनोज चौहान, अरविंद सिंह, शशिराज, सुनील निर्मलकर, अमित सिंह, नारायण यादव, राजेश यादव, अभिषेक ठाकुर, विवेक श्रीवास, कमलेश गर्ग, बाबिल मिरी, नितेश यादव, शशि अग्रवाल, राजमती यादव, सरोज यादव सहित बड़ी संख्या में वार्डवासी मौजूद रहे। युवा कांग्रेस ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द सड़क मरम्मत कार्य शुरू नहीं किया गया, तो नगर निगम मुख्यालय का घेराव कर उग्र आंदोलन किया जाएगा।
















