अलविदा तीजन बाई… आपकी आवाज़ में सदियों तक गूंजता रहेगा महाभारत

✍️ भागीरथी यादव

 

मौन हो गई पंडवानी की अमर आवाज़, छत्तीसगढ़ ने खो दिया अपना अनमोल रत्न — नहीं रहीं पद्म विभूषण तीजन बाई

 

 

छत्तीसगढ़ की लोक संस्कृति को विश्व पटल पर पहचान दिलाने वाली सुप्रसिद्ध पंडवानी गायिका और पद्म विभूषण से सम्मानित तीजन बाई का आज तड़के रायपुर एम्स में निधन हो गया। उनके निधन से पूरे प्रदेश ही नहीं, देशभर के कला और सांस्कृतिक जगत में शोक की लहर दौड़ गई है।

संघर्षों से भरे जीवन को अपनी अद्भुत प्रतिभा और अटूट संकल्प से इतिहास में बदलने वाली तीजन बाई ने पंडवानी को गांव की चौपाल से अंतरराष्ट्रीय मंच तक पहुंचाया। उनकी दमदार आवाज़ और जीवंत प्रस्तुति हमेशा लोककला प्रेमियों के दिलों में गूंजती रहेगी।

उनका अंतिम संस्कार उनके पैतृक गांव गनियारी में पूरे रीति-रिवाज के साथ किया जाएगा। तीजन बाई का जाना छत्तीसगढ़ की संस्कृति के लिए ऐसी अपूरणीय क्षति है, जिसकी भरपाई संभव नहीं।