दिल्ली ब्लास्ट केस में बड़ा एक्शन: एनएमसी ने तीन डॉक्टरों का लाइसेंस तत्काल रद्द किया

✍️ भागीरथी यादव

 

जांच में गंभीर संलिप्तता उजागर, मेडिकल काउंसिल ने नाम रजिस्टर से हटाए

नई दिल्ली, 15 नवंबर 2025।

दिल्ली में 10 नवंबर को लाल किला मेट्रो स्टेशन के पास हुए भीषण धमाके में नई कड़ियां जुड़ते हुए बड़ा कदम उठाया गया है। राष्ट्रीय चिकित्सा आयोग (एनएमसी) ने इस मामले में संलिप्त पाए गए जम्मू-कश्मीर के तीन डॉक्टरों—डॉ. मुजफ्फर अहमद, डॉ. अदील अहमद राठर और डॉ. मुजमिल शकील—का चिकित्सा लाइसेंस तुरंत प्रभाव से रद्द कर दिया है।

जम्मू-कश्मीर मेडिकल काउंसिल की सिफारिश और जांच एजेंसियों द्वारा जुटाए गए ठोस साक्ष्यों के आधार पर लिया गया यह निर्णय देश की चिकित्सा प्रणाली में नैतिकता और भरोसे को सुरक्षित रखने की दिशा में एक सख्त कदम माना जा रहा है।

जांच में खुलासा: नौगाम थाने में दर्ज एफआईआर से उजागर हुई संलिप्तता

नौगाम, श्रीनगर पुलिस स्टेशन में दर्ज एफआईआर संख्या 162/2025 की जांच के दौरान कई संदिग्धों की भूमिका सामने आई। इसी सिलसिले में तीनों डॉक्टरों की गतिविधियों और संपर्कों की जांच की गई, जिसमें उनकी सीधी संलिप्तता के प्रमाण एजेंसियों के हाथ लगे।

 

एनएमसी के आदेश में तीनों डॉक्टरों के पंजीकरण क्रमांक भी स्पष्ट रूप से उल्लेखित हैं—

 

डॉ. मुजफ्फर अहमद – 14680/2017

डॉ. अदील अहमद राठर – 15892/2019

डॉ. मुजमिल शकील – 15130/2018

एनएमसी ने स्पष्ट कहा कि इनका आचरण चिकित्सा पेशे की नैतिकता, ईमानदारी और जनता के भरोसे के विपरीत है, जो भारतीय चिकित्सा परिषद विनियम 2002 के अध्याय 1 के क्लॉज 1.1.1 एवं 1.1.2 का गंभीर उल्लंघन है।

जम्मू-कश्मीर मेडिकल काउंसिल की कार्रवाई: रजिस्टर से हटाए गए नाम

जम्मू-कश्मीर मेडिकल काउंसिल ने भी तुरंत प्रभाव से तीनों डॉक्टरों के नाम मेडिकल प्रैक्टिशनर रजिस्टर से हटाने का आदेश जारी कर दिया है।

आदेश के मुताबिक—

 

अब वे किसी भी चिकित्सा संस्थान में कार्य, नियुक्ति या मेंडिकल प्रोफेशन से जुड़ा कोई भी दायित्व

नहीं निभा सकेंगे, जब तक आगे कोई नया निर्देश न आए।

लाल किला मेट्रो ब्लास्ट: 10 मौतें, एनआईए की विशेष टीम जांच में जुटी

10 नवंबर को लाल किला मेट्रो स्टेशन के गेट नंबर-1 के पास खड़ी कार में हुए धमाके ने राजधानी को हिला दिया था।

 

10 लोगों की मौत,

दर्जनों घायल,

शहर में सुरक्षा एजेंसियों की हलचल तेज हो गई।

राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने मामले की गंभीरता को देखते हुए 10 सदस्यीय विशेष जांच टीम गठित की है, जिसमें

 

1 आईजी

2 डीआईजी

3 एसपी

और डीएसपी स्तर के अधिकारी शामिल हैं।

दिल्ली में सुरक्षा कड़ी, कई राज्यों में हाई अलर्ट

जांच एजेंसियां अब सोशल मीडिया गतिविधियों की प्रोफाइलिंग, फोन डंप डेटा की स्कैनिंग और संदिग्ध लोकेशनों पर निगरानी बढ़ा रही हैं।

इसी के साथ—

दिल्ली,उत्तर प्रदेश,बिहार,मुंबई

में हाई अलर्ट जारी कर दिया गया है। भीड़भाड़ वाले इलाकों, बाजारों और धार्मिक स्थलों पर सुरक्षा बढ़ा दी गई है।