✍️ भागीरथी यादव
मदद के बहाने चुराए मोबाइल, आधार की फोटो से रीसेट किया फोन-पे और पेटीएम; नकदी समेत 75 हजार का सामान बरामद
बिलासपुर/चकरभाठा। चकरभाठा क्षेत्र में मोबाइल चोरी कर उसके जरिए यूपीआई से लाखों रुपये निकालने के मामले का पुलिस ने खुलासा किया है। मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। आरोपियों ने कथित तौर पर मदद करने के बहाने प्रार्थी और उसके दोस्त के मोबाइल चोरी किए और बाद में स्क्रीन लॉक खोलकर मोबाइल में मौजूद आधार कार्ड की फोटो का इस्तेमाल करते हुए फोन-पे, पेटीएम समेत अन्य यूपीआई सेवाओं को रीसेट कर दिया। इसके बाद प्रार्थी और उसकी मां के बैंक खातों से करीब 2 लाख 84 हजार रुपये निकाल लिए गए।
पुलिस के अनुसार, घटना 8 सितंबर की रात करीब 11 बजे इंडियन कॉफी हाउस चकरभाठा के पास हुई। तेज बारिश के दौरान प्रार्थी सूरज सतनामी वहां रुका था। इसी दौरान वह अचानक बेहोश होकर गिर गया। होश आने पर उसे सिम्स अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसका दोस्त भी मौजूद नहीं था और मोबाइल भी गायब था। घर लौटने के बाद तबीयत खराब होने के कारण कुछ दिन बाद उसने नया सिम मोबाइल में लगाया, तब यूपीआई ट्रांजेक्शन के संदेशों से खाते से बड़ी रकम निकलने की जानकारी सामने आई।
जांच के दौरान सीसीटीवी फुटेज, गवाहों के बयान और बैंक संबंधी जानकारी के आधार पर पुलिस ने चार संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ की। पुलिस के मुताबिक पूछताछ में आरोपियों ने संगठित तरीके से वारदात करना स्वीकार किया। चोरी के मोबाइल से आधार संबंधी जानकारी हासिल कर यूपीआई सेवाओं को रीसेट करने के बाद रकम अलग-अलग खातों में ट्रांसफर की गई। आरोपियों ने कथित तौर पर रकम का इस्तेमाल ऑनलाइन गेमिंग, खाने-पीने और कार से घूमने में किया।
मामले में विवेक वर्मा (20), करन नायक (18 वर्ष 9 माह), गौरी शंकर साहू उर्फ लालू (18 वर्ष 8 माह) और गगन उर्फ शिबू साहू (25) को गिरफ्तार किया गया है। आरोपियों के कब्जे से चार मोबाइल फोन, एक पावर बैंक, खरीदे गए कपड़े और 15 हजार रुपये नकद, कुल करीब 75 हजार रुपये का मशरूका बरामद किया गया है।
पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ बीएनएस और आईटी एक्ट की संबंधित धाराओं के तहत कार्रवाई करते हुए न्यायालय में पेश किया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया।
