✍️ भागीरथी यादव
रात के अंधेरे में 3 किलोमीटर पैदल चले जवान, 200 मीटर गहरे बाढ़ के पानी को तैरकर पार किया; बच्चों और बुजुर्गों समेत सभी को सकुशल बाहर निकाला
धमतरी। महानदी में आई बाढ़ के बीच लोमस ऋषि आश्रम एवं गौशाला में फंसे 9 लोगों को धमतरी पुलिस ने जान जोखिम में डालकर सुरक्षित बाहर निकाल लिया। पुलिस अधीक्षक भावना पांडेय के निर्देशन तथा एएसपी एवं एसडीओपी कुरूद के मार्गदर्शन में करेलीबड़ी चौकी पुलिस ने यह साहसिक रेस्क्यू अभियान चलाया। बचाए गए लोगों में तीन मासूम बच्चे, महिलाएं, बुजुर्ग साधु और एक मानसिक रूप से विक्षिप्त व्यक्ति शामिल थे।

पुलिस के अनुसार 25 सितंबर की रात करीब 10 बजे नवागांव के ग्रामीणों ने सूचना दी कि कुलेश्वर महादेव मंदिर के पास स्थित लोमस ऋषि आश्रम एवं गौशाला बाढ़ के पानी से घिर गया है और वहां कई लोग फंसे हुए हैं। सूचना मिलते ही चौकी प्रभारी सउनि. राधेश्याम बंजारे पुलिस बल के साथ तत्काल रवाना हुए।

मगरलोड-राजिम मुख्य मार्ग से आश्रम तक पहुंचने वाला रास्ता बाढ़ के पानी में पूरी तरह डूब चुका था। इसके बावजूद पुलिस टीम ने हार नहीं मानी। जवानों ने नदी किनारे करीब 3 किलोमीटर का कच्चा रास्ता पैदल तय किया। इसके बाद चौकी प्रभारी राधेश्याम बंजारे, आरक्षक अनिल कुमार साहू और स्थानीय ग्रामीण नंदेश ध्रुव ने करीब 200 मीटर गहरे बाढ़ के पानी को तैरकर पार किया। टीम ने दो बार पानी में आवागमन कर आश्रम में फंसे लोगों तक पहुंच बनाई।
लगातार बढ़ते जलस्तर और घने अंधेरे के बीच पुलिस जवानों ने बेहद सावधानी से रेस्क्यू अभियान चलाया। करीब तीन घंटे की मशक्कत के बाद रात लगभग 1 बजे तक सभी 9 लोगों को सुरक्षित बाहर निकालकर सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया गया।
रेस्क्यू किए गए लोगों में दुर्गेशचंद्र प्रधान, उनकी पत्नी पूनम प्रधान और उनके तीन बच्चे उपासना, अघनी एवं अंश प्रधान, नेहरू राम साहू, 81 वर्षीय साधु धारानंद महात्मा, 77 वर्षीय फकलूरम महानंद तथा करीब 55 वर्षीय मानसिक रूप से विक्षिप्त व्यक्ति शामिल हैं।
इस अभियान में चौकी प्रभारी सउनि. राधेश्याम बंजारे, प्रआर. लोकेश नेताम, प्रआर. हरिश सोरी, आरक्षक अनिल कुमार साहू, विश्वजीत वर्मा, यशवंत लहरी सहित ग्रामीण नंदेश साहू और सरपंच पति अवधराम साहू की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
पुलिस जवानों और ग्रामीणों के साहस, समन्वय और तत्परता से बाढ़ में फंसे सभी लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला जा सका। स्थानीय ग्रामीणों ने धमतरी पुलिस की इस मानवीय पहल और साहसिक कार्रवाई की सराहना करते हुए पुलिस टीम के प्रति आभार जताया।
