कोरबी में 28 जुलाई का प्रस्तावित चक्काजाम फिलहाल स्थगित

एसडीएम कार्यालय में हुई अहम बैठक, बिजली विभाग ने 10 प्रमुख मांगों पर चरणबद्ध कार्रवाई का दिया भरोसा

 

70 से100 गांवों की विद्युत व्यवस्था सुधारने के लिए समयबद्ध कार्ययोजना तैयार, ग्रामीणों ने प्रशासन के आश्वासन पर आंदोलन टाला

 

सुशील जायसवाल

कोरबी-चोटिया (कोरबा), 27 जुलाई।

 

विकासखंड पोड़ी-उपरोड़ा अंतर्गत ग्राम कोरबी पाली दुल्लापुर, तनेरा सेनहा, सहित चोटिया परला, आमाटिकरा, एवं आसापास के लगभग 70 से 100गांवों में लंबे समय से जारी बिजली संकट को लेकर प्रस्तावित 28 जुलाई 2026 का चक्काजाम फिलहाल स्थगित कर दिया गया है। ग्रामीणों ने प्रशासन एवं बिजली विभाग द्वारा समस्याओं के समाधान के लिए ठोस आश्वासन मिलने के बाद आंदोलन को टालने का निर्णय लिया है।

क्षेत्र में लगातार विद्युत आपूर्ति बाधित रहने, बार-बार बिजली गुल होने, लो-वोल्टेज, ट्रिपिंग तथा खराब रखरखाव से परेशान ग्रामीणों ने पहले कोरबी बस स्टैंड में चक्काजाम करने की घोषणा की थी। इस संबंध में ग्रामीणों ने जिला कलेक्टर, पुलिस अधीक्षक, अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) पोड़ी-उपरोड़ा तथा बिजली विभाग के अधिकारियों को ज्ञापन सौंपकर अपनी समस्याओं से अवगत कराया था।

 

ग्रामीणों की शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) मनोज कुमार बंजारे, की अध्यक्षता में एसडीएम कार्यालय में विशेष बैठक आयोजित की गई। बैठक में बिजली विभाग की ओर से ई. शेखर सोनी, एई दिनेश पालके, जेई अंजू, एवं जेई पसान सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे। इसके अलावा क्षेत्र के जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में ग्रामीण भी बैठक में शामिल हुए।

 

बैठक में ग्रामीणों ने बिजली व्यवस्था की बदहाल स्थिति, खराब लाइनों, ट्रांसफार्मरों पर बढ़ते लोड, लाइनमैन की कमी तथा बार-बार होने वाली विद्युत कटौती का मुद्दा प्रमुखता से उठाया। करीब दो घंटे तक चली विस्तृत चर्चा के बाद बिजली विभाग ने अधिकांश मांगों को उचित बताते हुए चरणबद्ध तरीके से समय सीमा के भीतर कार्य पूरा करने का भरोसा दिया।

 

बैठक में लिए गए 10 महत्वपूर्ण निर्णय

 

बैठक के दौरान बिजली विभाग एवं प्रशासन द्वारा निम्नलिखित प्रमुख निर्णय लिए गए—

 

1. कोरबी क्षेत्र के लगभग 100 गांवों में प्रत्येक दो गांवों के बीच 24 घंटे के भीतर एबी स्विच लगाए जाएंगे, जिससे फॉल्ट होने पर पूरे क्षेत्र की बिजली बंद नहीं होगी।

 

2. कोरबी क्षेत्र में स्थानीय स्तर पर 15 दिनों के भीतर नए लाइनमैन की नियुक्ति अथवा स्थानांतरण किया जाएगा, ताकि शिकायतों का त्वरित समाधान हो सके।

 

3. पोड़ी खुर्द-कोरबी सब स्टेशन में स्थायी जूनियर इंजीनियर (JE) की पदस्थापना के लिए शासन स्तर पर प्रस्ताव भेजा गया है।

 

4. कोरबी से चोटिया के बीच नई 11 केवी विद्युत लाइन बिछाने का कार्य किया जाएगा, जिससे विद्युत आपूर्ति अधिक सुचारु होगी।

 

5. पोड़ी खुर्द कोरबी सब स्टेशन पर बढ़े हुए लोड को कम करने के लिए मोरगा सब स्टेशन से आधे गांवों को बिजली आपूर्ति देने की व्यवस्था की जाएगी।

 

6. सिरमिना से कोरबी- पोड़ी खुर्द 33 केवी लाइन में आ रही तकनीकी समस्याओं का शीघ्र निराकरण कटघोरा संभाग द्वारा कराया जाएगा।

 

7. चोटिया से बनिया परला तक 11 केवी लाइन के बीच पेड़ों एवं बांस की कटाई के लिए सर्वे कराया जाएगा, जिससे लाइन में बार-बार आने वाली बाधाएं दूर की जा सकें।

 

8. कोरबी टाउन के लिए पोड़ी खुर्द सब स्टेशन से अलग विद्युत सप्लाई अगले 30 दिनों के भीतर प्रारंभ करने का लक्ष्य रखा गया है।

 

9. वीजा डांड -सेंनहा क्षेत्र को पसान सब स्टेशन से जोड़ने का शेष कार्य चार माह के भीतर पूरा करने की योजना बनाई गई है।

 

10. चोटिया- पोड़ी खुर्द के बीच 132 केवी विद्युत लाइन स्थापित करने का प्रयास किया जा रहा है, जिससे पूरे कोरबी क्षेत्र को भविष्य में 33 केवी की बेहतर एवं स्थायी विद्युत आपूर्ति उपलब्ध हो सके।

 

ग्रामीणों ने कहा— अब समय पर कार्य होना जरूरी

 

बैठक में उपस्थित ग्रामीणों ने स्पष्ट कहा कि वर्षों से बिजली की समस्या के कारण लोगों को भारी परेशानी उठानी पड़ रही है। बार-बार बिजली गुल होने से विद्यार्थियों की पढ़ाई, किसानों की सिंचाई, छोटे व्यवसायों तथा आम जनजीवन पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है। बरसात के मौसम में स्थिति और अधिक गंभीर हो जाती है।

 

ग्रामीणों ने यह भी कहा कि यदि विभाग तय समय सीमा के भीतर कार्य पूरा करता है तो क्षेत्र की बड़ी आबादी को राहत मिलेगी, लेकिन यदि आश्वासन केवल कागजों तक सीमित रहा तो भविष्य में फिर से व्यापक जनआंदोलन किया जाएगा।

 

बिजली विभाग ने दिया भरोसा

 

बैठक के अंत में बिजली विभाग के अधिकारियों ने ग्रामीणों की अधिकांश मांगों को न्यायसंगत बताते हुए कहा कि जिन कार्यों को स्थानीय स्तर पर पूरा किया जा सकता है, उन्हें प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र कराया जाएगा। वहीं बड़े कार्यों के लिए शासन स्तर पर आवश्यक प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।

 

अधिकारियों के आश्वासन और प्रशासन के हस्तक्षेप के बाद ग्रामीणों ने 28 जुलाई को प्रस्तावित चक्काजाम फिलहाल स्थगित करने का निर्णय लिया, साथ ही कहा कि विभाग द्वारा किए गए वादों के क्रियान्वयन पर लगातार नजर रखी जाएगी।