कोरबा में जनता यूनियन की प्रांतीय बैठक सम्पन्न, कर्मचारी हित में कई अहम प्रस्ताव पारित

✍️ भागीरथी यादव

 

 

नियमितीकरण, OPS लागू करने सहित कई मुद्दों पर सहमति; मांगें पूरी न होने पर आंदोलन की चेतावन

 

कोरबा। छत्तीसगढ़ राज्य विद्युत कर्मचारी जनता यूनियन की प्रांतीय कार्यकारिणी की महत्वपूर्ण बैठक 18 अप्रैल को दर्री (कोरबा) स्थित यूनियन कार्यालय में सम्पन्न हुई। बैठक में प्रदेशभर से आए पदाधिकारियों एवं सदस्यों की व्यापक भागीदारी रही।

कार्यक्रम के मुख्य अतिथि पूर्व प्रांताध्यक्ष सी.के. खांडे रहे। अध्यक्षता प्रांताध्यक्ष अनिल द्विवेदी ने की, जबकि प्रांतीय महासचिव अजय बाबर विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। मंच पर एस.ए. सईद, प्रदीप पाठक, डी.एस. दीक्षित एवं यू.एस. वर्मा सहित अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे।

बैठक का शुभारंभ ध्वजारोहण एवं दीप प्रज्वलन के साथ हुआ। इस अवसर पर 1987 के सारणी (बैतूल) आंदोलन में शहीद स्व. कश्मीरा सिंह को श्रद्धांजलि दी गई। साथ ही वेदांता पावर प्लांट शक्ति दुर्घटना में दिवंगत श्रमिकों की स्मृति में दो मिनट का मौन रखा गया। इसके बाद करीब 80 पदाधिकारियों को पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई गई।

बैठक में कर्मचारी हित से जुड़े कई अहम प्रस्ताव पारित किए गए। इनमें संविदा कर्मचारियों का नियमितीकरण, ठेकाप्रथा समाप्त करना, पुरानी पेंशन योजना (OPS) लागू करना, 3 प्रतिशत तकनीकी भत्ता, शीघ्र पदोन्नति, नियमित भर्ती, वेतन विसंगतियों का निराकरण और निजीकरण का विरोध प्रमुख रहे।

मुख्य अतिथि सी.के. खांडे ने प्रबंधन के रवैये को कर्मचारी विरोधी बताते हुए सुधार की आवश्यकता पर जोर दिया। महासचिव अजय बाबर ने कहा कि संगठन जल्द ही प्रबंधन से चर्चा कर समस्याओं का समाधान चाहता है। वहीं प्रांताध्यक्ष अनिल द्विवेदी ने स्पष्ट चेतावनी दी कि मांगें पूरी नहीं होने पर गेट मीटिंग, घेराव और आंदोलन किया जाएगा।

बैठक में अनेक पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने अपने विचार रखते हुए संगठन को मजबूत बनाने और कर्मचारियों के अधिकारों की लड़ाई को तेज करने का संकल्प लिया।

कार्यक्रम के सफल आयोजन में कोरबा सर्किल और विभिन्न शाखाओं के पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं का विशेष योगदान रहा। अंत में यूनियन ने स्पष्ट किया कि कर्मचारियों के अधिकारों की रक्षा के लिए संगठन पूरी मजबूती के साथ संघर्ष जारी रखेगा।