✍️ भागीरथी यादव
बिलासपुर/बेलगहना (कोटा), 10 जुलाई। बिलासपुर जिले के ग्राम कसईबहरा में आयोजित छठी कार्यक्रम के दौरान हुए विवाद ने खूनी रूप ले लिया। शराब पीकर कार्यक्रम में पहुंचे युवक के साथ कथित रूप से लात-घूंसों और मुक्कों से बेरहमी से मारपीट की गई तथा उसे सीसी रोड पर घसीटते हुए घर के पास छोड़ दिया गया। गंभीर अंदरूनी चोटों के कारण उसकी मौत हो गई। मामले में बेलगहना पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है।
पुलिस के अनुसार, 7 जुलाई की शाम ग्राम कसईबहरा निवासी अमर सिंह पेन्द्रो पड़ोसी के घर आयोजित छठी कार्यक्रम में शामिल होने गया था। इसी दौरान रोहित पोर्ते, दीपक पोर्ते और प्रदीप वाकरे ने उसे शराब पीकर माहौल खराब करने का आरोप लगाते हुए पहले कार्यक्रम स्थल पर जमकर मारपीट की। विरोध करने पर भी आरोपी नहीं रुके।
आरोप है कि देर रात तीनों आरोपियों ने अमर सिंह को कार्यक्रम स्थल से करीब 60–65 मीटर तक सीसी रोड पर घसीटते हुए उसके घर के पास छोड़ दिया। मारपीट से उसके कुल्हे, पैर और कमर में गंभीर चोटें आईं। घर पहुंचकर उसने पत्नी और बच्चों को पूरी घटना बताई, जिसके बाद वह सो गया। रात में भोजन के लिए जगाने पर उसने कोई प्रतिक्रिया नहीं दी और उसकी मौत हो चुकी थी।
घटना की सूचना मिलते ही बेलगहना चौकी पुलिस, एफएसएल टीम और वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में जांच शुरू की गई। विवेचना के दौरान आरोपियों से पूछताछ और साक्ष्यों के आधार पर रोहित पोर्ते (30), दीपक पोर्ते (23) और प्रदीप वाकरे (21), सभी निवासी ग्राम कसईबहरा को गिरफ्तार किया गया।
पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 103(1) एवं 3(5) के तहत मामला दर्ज कर उन्हें न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया है। मामले की विवेचना जारी है।
