✍️ भागीरथी यादव
“एक पेड़ मां के नाम” अभियान के तहत पौधरोपण, विद्यार्थियों को साइबर अपराधों से बचाव और डिजिटल सुरक्षा की दी गई जानकारी
कोरबा। स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट हिन्दी माध्यम शासकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय, पोड़ी बहार में गुरुवार को “साइबर सुरक्षा एवं छात्र कानून जागरूकता कार्यक्रम” का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को साइबर अपराधों से बचाव, डिजिटल सुरक्षा, ऑनलाइन ठगी से सावधानी तथा कानून के प्रति जागरूक करना था। कार्यक्रम की थीम “सुरक्षित डिजिटल भारत–जागरूक छात्र, सुरक्षित भविष्य” रही।
कार्यक्रम की मुख्य अतिथि नगर पालिक निगम कोरबा की महापौर श्रीमती संजू देवी राजपूत रहीं, जबकि प्रशिक्षु उप पुलिस अधीक्षक एवं थाना प्रभारी सिविल लाइन रामपुर सुश्री आस्था शर्मा ने मुख्य वक्ता के रूप में विद्यार्थियों को साइबर सुरक्षा और कानून संबंधी महत्वपूर्ण जानकारी दी। उन्होंने फर्जी कॉल, ओटीपी साझा करने के खतरे, संदिग्ध लिंक, सोशल मीडिया अकाउंट की सुरक्षा, डिजिटल लेन-देन में सावधानी तथा साइबर अपराध की शिकायत दर्ज कराने की प्रक्रिया की विस्तार से जानकारी दी।
कार्यक्रम में भाजपा जिला कोरबा की उपाध्यक्ष श्रीमती मंजू सिंह एवं भाजपा कोसाबाड़ी मंडल अध्यक्ष डॉ. राजेश राठौर विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता विद्यालय के प्राचार्य गजेन्द्र कुमार साहू ने की।
इस अवसर पर “एक पेड़ मां के नाम” अभियान के तहत अतिथियों, शिक्षकों एवं विद्यार्थियों ने पौधरोपण कर पर्यावरण संरक्षण और मातृ सम्मान का संदेश दिया तथा अधिक से अधिक पौधे लगाने का संकल्प लिया।
कार्यक्रम के दौरान विद्यालय के प्रतिभावान छात्र-छात्राओं को उनकी शैक्षणिक एवं अन्य उपलब्धियों के लिए सम्मानित किया गया। सम्मानित विद्यार्थियों में पूनम केवट, मानसी पटेल, दाऊद रजक, जानवी साहू, सपना, प्रवीण चौहान, पलक यादव, सिमरन महंत, आकांक्षा महंत, भूमिका साहू, दिव्या, राधिका, जानवी श्रीवास एवं सूर्य सहित अन्य छात्र-छात्राएं शामिल रहे। अतिथियों ने विद्यार्थियों का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि प्रतिभा का सम्मान युवाओं में आत्मविश्वास बढ़ाता है और उन्हें समाज व राष्ट्र निर्माण में बेहतर योगदान देने के लिए प्रेरित करता है।
कार्यक्रम को सफल बनाने में विद्यालय के शिक्षक नरेंद्र कुमार चौधरी, श्रीमती गीता वैष्णव, श्रीमती कुसुम, मोनिका जैन, निधि राठौर, आकांक्षा अग्रवाल एवं राम जनक सहित समस्त स्टाफ का महत्वपूर्ण योगदान रहा।

कार्यक्रम के संयोजक बृदीनाथ वस्त्रकार एवं सह-संयोजक विवेक राजवाड़े ने कहा कि वर्तमान डिजिटल युग में विद्यार्थियों के लिए तकनीकी शिक्षा के साथ साइबर सुरक्षा एवं कानूनी जागरूकता भी अत्यंत आवश्यक है। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को स्वयं सुरक्षित रहने के साथ-साथ अपने परिवार और समाज को भी साइबर अपराधों के प्रति जागरूक करने के लिए प्रेरित करना है।
कार्यक्रम के अंत में सभी अतिथियों, शिक्षकगण, विद्यार्थियों एवं सहयोगियों के प्रति आभार व्यक्त किया गया। वक्ताओं ने कहा कि “जागरूक विद्यार्थी ही सुरक्षित डिजिटल भारत की मजबूत नींव हैं।”
