रक्षाबंधन पर परीक्षा न हो, बजरंग दल ने सौंपा पत्र

✍️ भागीरथी यादव

 

बजरंग  दल ने जिला शिक्षा अधिकारी को सौंपा पत्र

 

कोरबा। रक्षाबंधन जैसे प्रमुख हिंदू पर्व के एक दिन पूर्व और एक दिन बाद विद्यालयों में परीक्षा आयोजित नहीं कराने की मांग को लेकर विश्व हिंदू परिषद बजरंग दल, कोरबा ने जिला शिक्षा अधिकारी को पत्र सौंपा है। संगठन ने विद्यार्थियों एवं उनके परिवारों की धार्मिक और पारिवारिक भावनाओं को ध्यान में रखते हुए जिले के सभी शासकीय एवं अशासकीय विद्यालयों के लिए आवश्यक निर्देश जारी करने की मांग की है।

 

बजरंग दल ने पत्र में कहा है कि रक्षाबंधन सनातन हिंदू समाज का महत्वपूर्ण एवं पारंपरिक पर्व है। इस अवसर पर बहनें भाइयों की कलाई पर रक्षासूत्र बांधती हैं और परिवार के सदस्य एक साथ समय बिताते हैं। बड़ी संख्या में विद्यार्थी एवं उनके परिजन पर्व के लिए अपने मूल निवास या अन्य स्थानों की यात्रा भी करते हैं।

 

संगठन के अनुसार, रक्षाबंधन के आसपास परीक्षा होने से विद्यार्थियों को एक ओर परीक्षा की तैयारी एवं उपस्थिति की चिंता रहती है, वहीं दूसरी ओर उन्हें पारिवारिक एवं धार्मिक दायित्वों का निर्वहन भी करना पड़ता है। इससे विद्यार्थियों पर अनावश्यक मानसिक दबाव उत्पन्न हो सकता है।

 

बजरंग दल ने जिला शिक्षा अधिकारी से मांग की है कि रक्षाबंधन के एक दिन पूर्व एवं एक दिन बाद किसी भी प्रकार की परीक्षा आयोजित नहीं करने के निर्देश जारी किए जाएं। यदि इस अवधि में पहले से परीक्षा निर्धारित है तो विद्यार्थियों के हित में उसकी तिथि को उपयुक्त रूप से आगे या पीछे करने के लिए संबंधित विद्यालयों को निर्देशित किया जाए।

 

इसके अलावा संगठन ने भविष्य में प्रमुख हिंदू एवं भारतीय सांस्कृतिक पर्वों को ध्यान में रखते हुए परीक्षा कार्यक्रम तैयार करने के लिए भी आवश्यक दिशा-निर्देश जारी करने की मांग की है।

 

बजरंग दल ने स्पष्ट किया कि उसका उद्देश्य विद्यालयों की शैक्षणिक व्यवस्था में हस्तक्षेप करना नहीं, बल्कि विद्यार्थियों के हित, पारिवारिक भावनाओं, भारतीय संस्कृति एवं धार्मिक परंपराओं का सम्मान करते हुए बेहतर व्यवस्था सुनिश्चित कराना है। संगठन ने शिक्षा विभाग से इस मांग पर सकारात्मक एवं शीघ्र कार्रवाई की अपेक्षा जताई है।